पंचकूला में डकैती मामला: कोर्ट ने तीन दोषियों को 7-7 साल कैद की सजा सुनाई, सबूतों के अभाव में एक बरी
डकैती के मामले में पंचकूला अदालत ने तीन दोषियों को सात-सात वर्ष कैद की सजा सुनाई. कोर्ट ने एक आरोपी को बरी भी किया है.

Published : September 22, 2026 at 7:14 AM IST
पंचकूला: एमडीसी सेक्टर-4 में करीब पांच वर्ष पूर्व दिनदहाड़े डकैती के एक मामले में जिला अदालत ने अपना फैसला सुनाया है. इस फैसले के अनुसार कोर्ट ने मामले के तीन दोषियों को सात-सात वर्ष कैद की सजा सुनाई है, जबकि कोर्ट ने एक आरोपी को बरी भी किया है.
इन तीन दोषियों को सजा: कोर्ट ने मामले में आरोपी गोपाल उर्फ खन्ने, करन बहादुर और आसमान सिंह को दोषी करार देते हुए उन्हें सात-सात साल की सजा सुनाई है. वहीं, टेक बहादुर साकी उर्फ टेका को साक्ष्यों के अभाव में बरी किया गया. सरकारी वकील प्रदीप शर्मा ने बताया कि कोर्ट ने जिस मामले में फैसला सुनाया है, वह 20 नवंबर 2021 का है.
ऐसे की थी वारदात: 20 नवंबर 2021 की दोपहर करीब 3:55 बजे तीन नकाबपोश युवक घर में दाखिल हुए थे. इनमें से एक आरोपी के पास लोहे की रॉड थी, दूसरे ने स्टूल तोड़कर उसे हथियार बनाया, जबकि तीसरे आरोपी के पास चाकू था. आरोपियों ने घर में मौजूद अनु वालिया, उनके पति और करीब एक साल के बच्चे को धमकाते हुए उनसे मारपीट की. इसके बाद आरोपी घर से करीब 5.50 लाख रुपये नकद, सोने के कई सेट, हीरे की अंगूठियां, अन्य ज्वेलरी और डायमंड रिंग लेकर फरार हो गए थे. घटना के बाद घर में काम करने वाला नौकर करन बहादुर भी लापता हो गया था. वहीं, अदालत ने तीन आरोपियों को दोषी मानते हुए उन्हें सजा सुनाई. जबकि टेक बहादुर साकी उर्फ टेका को साक्ष्यों के अभाव में बरी किया गया.
जिला अदालत से फैसले जल्द: गौरतलब है कि जिला अदालत, पंचकूला द्वारा बीते कुछ समय पूर्व एक के बाद एक कई मामलों में फैसले सुनाते हुए आरोपियों को दोषी करार देकर उन्हें सजा सुनाई गई है. इन मामलों में हत्या, दुष्कर्म और अन्य मामले शामिल हैं. कोर्ट के फैसलों पर पंचकूला पुलिस विभाग द्वारा सभी संबंधित मामलों में तथ्यपरक जांच, पैरवी और मजबूत साक्ष्यों के बूते अपराधियों को सलाखों के पीछे पहुंचाकर पीड़ितों को न्याय दिलाए जाने का दावा किया गया है.

