रिजल्ट सुधारने की कवायद में विद्यार्थियों की पसंद पर पहरा, सरकारी स्कूलों में अंग्रेजी विषय से वंचित करने के आरोप, शिक्षा सचिव को पत्र
छत्तीसगढ़ प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन ने शिक्षा सचिव को पत्र लिखकर कई अहम मांगें की हैं. प्रवीण कुमार सिंह की रिपोर्ट

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : September 21, 2026 at 10:46 PM IST
रायपुर: छत्तीसगढ़ में सरकारी स्कूलों के बोर्ड परीक्षा परिणाम सुधारने के लिए की जा रही कार्रवाई के बीच विद्यार्थियों की पढ़ाई और भविष्य को लेकर सवाल उठने लगे हैं. छत्तीसगढ़ प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन ने स्कूल शिक्षा सचिव को पत्र लिखकर आरोप लगाया है कि कुछ सरकारी स्कूलों में बेहतर रिजल्ट के दबाव में छात्र-छात्राओं को अंग्रेजी विषय लेने से रोका जा रहा है। संघ ने विद्यार्थियों को उनकी रुचि के अनुसार विषय चुनने की स्वतंत्रता सुनिश्चित करने की मांग की है।
बेहतर रिजल्ट के दबाव में विषय चयन पर सवाल
छत्तीसगढ़ बोर्ड की दसवीं और बारहवीं की परीक्षाओं में खराब परिणाम को लेकर सरकारी स्कूलों के प्राचार्यों पर कार्रवाई की जा रही है. इसी बीच निजी स्कूल प्रबंधन संघ ने आरोप लगाया है कि कुछ स्कूलों में बोर्ड परीक्षा के नतीजे बेहतर दिखाने के लिए विद्यार्थियों को अंग्रेजी के बजाय बैंकिंग और फाइनेंस जैसे विषय चुनने के लिए बाध्य किया जा रहा है.

विद्यार्थियों की पसंद पर रोक से पढ़ाई प्रभावित होने का दावा
एसोसिएशन का कहना है कि विषय चयन में इस तरह की कथित मनमानी से छात्र-छात्राओं की रुचि और भविष्य की पढ़ाई प्रभावित हो सकती है. संघ ने सवाल उठाया है कि अच्छे परीक्षा परिणाम के दबाव में विद्यार्थियों को अपनी पसंद का विषय चुनने से रोकना शिक्षा के मूल उद्देश्य के अनुरूप कैसे हो सकता है.
अंग्रेजी विषय नहीं होने से उच्च शिक्षा के अवसरों पर असर
संघ ने अपने पत्र में नर्सिंग और फार्मेसी जैसे व्यावसायिक पाठ्यक्रमों का जिक्र करते हुए कहा है कि कुछ पाठ्यक्रमों में बारहवीं में अंग्रेजी विषय की पात्रता संबंधी शर्तें होती है. ऐसे में अंग्रेजी विषय से वंचित विद्यार्थियों को आगे की पढ़ाई में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है.
छत्तीसगढ़ प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन ने स्कूल शिक्षा सचिव से मांग की है कि सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले प्रत्येक छात्र-छात्रा को उसकी रुचि और भविष्य की योजनाओं के अनुरूप विषय चुनने का अवसर मिले. साथ ही, स्कूलों में विषय चयन को लेकर किसी भी तरह की कथित मनमानी पर रोक लगाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं-राजीव गुप्ता, अध्यक्ष , प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन, छत्तीसगढ़
सरकारी स्कूलों में बेहतर परीक्षा परिणाम के प्रयासों के बीच यह सवाल अहम है कि इन कोशिशों का असर छात्र-छात्राओं की पढ़ाई, विषय चयन और उच्च शिक्षा के अवसरों पर न पड़े. अब देखना होगा कि स्कूल शिक्षा विभाग इस पत्र पर क्या कार्रवाई करता है.

