IIT कानपुर अत्याधुनिक तकनीकों में ऑनलाइन कोर्स शुरू करेगा, किया करार - iit kanpur online courses
IIT Kanpur द्वारा स्थापित IFACET ने उभरती अत्याधुनिक प्रौद्योगिकियों में ऑनलाइन सर्टिफिकेशन कोर्स शुरू करने के लिए स्काई स्किल अकादमी के साथ करार किया है.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : April 10, 2024 at 6:40 PM IST
कानपुर: उभरती अत्याधुनिक प्रौद्योगिकियों में ऑनलाइन सर्टिफिकेशन कोर्स शुरू करने के लिए आईआईटी कानपुर (IIT Kanpur) द्वारा स्थापित आईआईटी कानपुर फाउंडेशन फॉर एडवांस्ड कंसल्टिंग एजुकेशन एंड ट्रेनिंग (IFACET) ने स्काई स्किल अकादमी के साथ करार किया है. इस एमओयू के द्वारा इलेक्ट्रिक वाहन प्रौद्योगिकी और पावरट्रेन, ऑटोनॉमस वेहीकल और एडीएएस (ADAS), एम्बेडेड सिस्टम, वीइकल डिजाइन और विश्लेषण, एएनएसवाईएस, सॉलिडवर्क्स और अन्य उभरते प्रौद्योगिकी क्षेत्रों में उपलब्ध पाठ्यक्रम छात्र-छात्राओं को उद्योग-प्रासंगिक ज्ञान संग सशक्त बनाएंगे.
इसको लेकर आईआईटी के प्रो. फनी ने कहा कि उभरते उद्योगों में सीएडी और विश्लेषण (CAD and analysis), इंटरनेट आफ थिंग्स, मशीन लर्निंग, एआई और एंबेडेड सिस्टम जैसे तकनीकी कौशल में प्रशिक्षित पेशेवरों की मांग लगातार बढ़ी है. ऐसे में यह साझेदारी पारंपरिक पाठ्यक्रम और उद्योग केंद्रित व्यावहारिक शिक्षाशास्त्र के साथ उभरते क्षेत्रों की प्रशिक्षित पेशेवरों की कमी को पूरा करने में मदद करेगी.
IIT विशेषज्ञों संग हाथ मिलाकर हम रोमांचित
वहीं, इस करार पर स्काई स्किल एकेडमी के सीईओ हिमांशु शेखर पांडा ने कहा है कि हम आईएफएसीईटी (IFACET), आईआईटी कानपुर के साथ हाथ मिलाकर रोमांचित हैं. यह एक ऐसा अग्रणी संस्थान है, जिसे अपनी अकादमिक उत्कृष्टता और अनुसंधान कौशल के लिए जाना जाता है. यह सहयोग अत्याधुनिक प्रौद्योगिकियों में सुलभ और किफायती शिक्षा प्रदान करने के हमारे दृष्टिकोण से पूरी तरह मेल खाता है.
जल्द शुरू होंगे पाठ्यक्रम
आईआईटी कानपुर के वरिष्ठ प्रोफेसर फनी ने कहा इस सहयोग के माध्यम से पेश किए जाने वाले ऑनलाइन पाठ्यक्रम आने वाले महीनों में शुरू होंगे. पंजीकरण विवरण और पाठ्यक्रम की जानकारी जल्द ही स्काई स्किल अकादमी और आईएफएसीईटी (IFACET) वेबसाइट पर उपलब्ध कराई जाएगी. जैसे-जैसे दुनिया डिजिटल परिवर्तन को अपना रही है, इस तरह की पहल शिक्षा तक सभी की पहुंच को लोकतांत्रिक बनाने और वैश्विक कार्यबल में नवाचार को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है.

