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SMS अस्पताल के डॉक्टर्स का कमाल, 5 घंटे ऑपरेशन कर 10 किलो का ट्यूमर निकालने के बाद अब सामने आई ये बड़ी बात

SMS Hospital of Jaipur, एसएमएस अस्पताल के डॉक्टर्स ने एक बार फिर बड़ा कमाल किया है. 21 वर्षीय मरीज का 5 घंटे ऑपरेशन कर 30 सेमी लंबी और 20 सेमी चौड़ी गांठ को निकालने में सफलता हासिल की है. व्यक्ति पूरी तरह से स्वस्थ्य है, जिसके बाद डॉक्टरों ने इस बात की जानकारी दी है.

SMS अस्पताल
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By ETV Bharat Rajasthan Team

Published : October 28, 2023 at 7:31 AM IST

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जयपुर. राजस्थान के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल सवाई मानसिंह में एक युवक के पेट से जांघ में फैले बड़े ट्यूमर को निकालने का सफल ऑपरेशन किया गया. एसएमएस के डॉक्टर्स ने 21 वर्षीय मरीज का 5 घंटे ऑपरेशन कर 30 सेमी लंबी और 20 सेमी चौड़ी गांठ को निकाला गया, जिसका वजन 10 किलो बताया जा रहा है. इतनी बड़ी गांठ का सफल ऑपरेशन करने के बाद अब इसे गिनिज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में भी दर्ज करवाने के लिए रिजर्व करवाया गया है.

एसएमएस के डॉक्टर्स ने स्वानोमा ट्यूमर का सफल ऑपरेशन किया. इस ऑपरेशन में सीटीवीएस डिपार्टमेंट के स्पेशिलस्ट का भी सहयोग लिया गया. एसएमएस में इस ट्यूमर को निकालने वाले डॉ. सुरेश सिंह ने शुक्रवार को बताया कि झालावाड़ का रहने वाला मरीज आकाश पेट दर्द की तकलीफ से लंबे समय से जूझ रहा था. वो खुद एमबीबीएस का स्टूडेंट है और कजाकिस्तान में पढ़ाई करता है.

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पेट दर्द की परेशानी के कारण आकाश को वापस भारत आना पड़ा. यहां उसने अस्पताल में दिखाया तो जांच करवाने के बाद पेट में बड़ा ट्यूमर सामने आया. जिसके बाद आकाश को सर्जिकल ऑन्कोलॉजी डिपार्टमेंट की यूनिट में भर्ती करवाया. भर्ती करने के बाद मरीज का 6 सितम्बर को ऑपरेशन किया गया और शरीर से गांठ निकाली गई. इस ऑपरेशन में करीब 5 घंटे का समय लगा. 30 सेटीमीटर लम्बी स्वानोमा ट्यूमर का वजन 10 किलो है. इतना बड़ा ट्यूमर होने के बावजूद पेशेंट को महज 4 दिन में डिस्चार्ज कर दिया गया और अब पेशेंट पूरी तरह नॉर्मल है. उन्होंने स्पष्ट किया कि ये नॉन कैंसर ट्यूमर है, लेकिन इसकी अनकंट्रोल्ड ग्रोथ होती है, जिससे व्यक्ति लंबे समय तक परेशान होता है.

डॉक्टर्स ने बताया कि ये केस अपने आप में यूनिक है. पहली बार इतनी बड़ी गांठ निकाली गई है. इसे देखते हुए इस केस को इंटरनेशन जनरल में पब्लिश होने के लिए भेजने का फैसला लिया है. इसके साथ ही गिनिज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में भी दर्ज करवाने के लिए इसे रिजर्व करवाया गया है.