प्रदूषण को कम करने के लिए नई टेक्नोलॉजी की मशीन हायर करेगी दिल्ली सरकार, अब 12 महीने दिल्ली की सड़कों पर होगी सफाई
दिल्ली में वायु प्रदूषण के स्तर को कम करने के लिए एक सफाई मशीन के ट्रायल को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने देखा.

Published : June 16, 2025 at 5:16 PM IST
नई दिल्ली: दिल्ली में बीते दिनों खराब हुई आबोहवा के चलते लागू ग्रेप स्टेज 1 लागू है. वायु की गुणवत्ता में सुधार होने तक दिल्ली एनसीआर में ग्रेप स्टेज-I की पाबंदियां हटा दी जाएंगी. सोमवार को दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 100 से 200 के बीच दर्ज किया गया, वायु प्रदूषण के स्तर को कम करने के लिए दिल्ली सचिवालय में एक सफाई मशीन के ट्रायल को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने देखा. इस मौके पर दिल्ली सरकार के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा भी मौजूद थे. उनका कहना था कि वायु प्रदूषण कम करने के लिए नियमित निगरानी, वैज्ञानिक योजना और प्रभावी प्रदूषण नियंत्रण उपायों का परिणाम है, जो आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और बेहतर भविष्य का आधार बनेगी.
नई टेक्नोलॉजी मशीन का ट्रायल देखने के बाद मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि, दिल्ली में वायु प्रदूषण एक बहुत बड़ी समस्या है. सड़कों के आसपास वायु प्रदूषण, धूल मिट्टी, गंदगी आम लोगों की सेहत को बिगाड़ रहा है. हमने इस बात का प्रावधान किया था कि हम दिल्ली में सफाई के लिए नई मशीन खरीदेंगे और इसी तरीके से प्रदूषण को काम करने के लिए स्मोक गन भी दिल्ली सरकार हायर करेगी. पूरी दिल्ली में 12 महीने दिल्ली की सड़कों पर सफाई होगी इस दिशा में आज यह डेमोंसट्रेशन मशीनों का लिया है कि हर विधानसभा में कम से कम एक यह मशीन काम करेगी, यह हमारा प्लान है. यह मशीन दिल्ली की सड़कों पर लगातार सफाई करेगी यह मशीन बेहद एडवांस और अपडेटेड है. इसके माध्यम से न सिर्फ धूल मिट्टी बल्कि बड़ा कचरा भी साफ किया जा सकेगा, ऑटोमेटेकली इस मशीन के साथ सफाई होगी इसमें पानी की भी व्यवस्था है, इस मशीन में गार्बेज को डीलोड करने की भी व्यवस्था है, अपडेटेड टेक्नोलॉजी की यह मशीन है, जिससे लगता है कि दिल्ली की सफाई बहुत तेजी से हो पाएगी. डस्ट पॉल्यूशन को कम कर पाएंगे. सरकार शिद्दत के साथ दिल्ली को बेहतर बनाने के लिए काम कर रही है.
सीएम ने कहा कि वह दिल्ली की जनता को विश्वास दिलाती है कि राजधानी में अब यह लेटेस्ट टेक्नोलॉजी की मशीन सड़कों पर उतरेगी, बेहतर स्वच्छता और बेहतर पर्यावरण दिल्ली को मिलेगा , अभी हमें लोग आकर अलग-अलग मशीन को दिखा रहे हैं हम मशीन को खरीदेंगे नहीं, बल्कि हायर करेंगे और प्रति किलोमीटर के हिसाब से उन्हें पेमेंट देंगे, पहले जो मशीन देखी थी यह उससे काफी बेहतर वजन है. यह इलेक्ट्रिक मशीन है. व्हीकल का अपना खुद का प्रदूषण भी नहीं होना चाहिए कि वह कूड़ा तो उठा रहा है लेकिन व्हीकल प्रदूषण भी फैला रहा है तो ऐसे में यह इलेक्ट्रिक मशीन काफी कारगर साबित होगी.
बता दें कि दिल्ली सरकार ने पर्यावरण संरक्षण को और प्रभावी बनाने के लिए 2025-26 के बजट में बड़ा प्रावधान किया है. पर्यावरण एवं वन विभाग को पर्यावरण सरंक्षण के लिए 506 करोड़ दिए गए और 300 करोड़ प्रदूषण नियंत्रण के लिए दिए गए है. इसके अतिरिक्त, दिल्ली में हरित क्षेत्र बढ़ाने और वायु प्रदूषण को कम करने के लिए 70 लाख पेड़ लगाने का लक्ष्य रखा गया है. साथ ही, 6 नए कंटीन्यूअस एम्बिएंट एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग स्टेशन (CAAQM) लगाए जाएंगे, जिससे रियल टाइम पर निगरानी की जा सकेगी और हवा की स्थिति में सुधार हो सकेगी. दिल्ली सरकार ने सभी नागरिकों और हितधारकों से अपील करती है कि वे प्रदूषण नियंत्रण नियमों का पालन करें और स्वच्छ पर्यावरण बनाने में योगदान दें.
यह भी पढ़ें:

