ग्रीष्मकालीन धान की रोपाई पर रोक से नाराज हुए कांग्रेसी, किया प्रदर्शन
गदरपुर में किसानों और कांग्रेसियों ने धान की ग्रीष्मकालीन रोपाई पर लगी रोक को लेकर नारेबाजी की. प्रदर्शनकारियों ने धान की रोपाई पर लगी रोक हटाने की मांग की.
गदरपुरः धान की ग्रीष्मकालीन रोपाई पर लगी रोक को लेकर किसानों और कांग्रेसियों में रोष है. इसी कड़ी में कांग्रेसी नेता राजेंद्र पाल सिंह के नेतृत्व में किसानों ने तहसील परिसर में प्रदर्शन किया और उप जिलाधिकारी एपी बाजपेई को ज्ञापन सौंपा. प्रदर्शनकारियों ने ज्ञापन के जरिए मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत से धान की ग्रीष्मकालीन रोपाई पर रोक हटाने की मांग की.
कांग्रेस नेता राजेंद्र पाल सिंह ने कहा कि इस साल नवंबर और दिसंबर महीने में हुई अत्यधिक बारिश और ठंड से किसानों की मटर व सरसों की फसल नष्ट हो गई है. साथ ही गेहूं की फसल को भी भारी नुकसान हुआ है. अब किसानों के पास ग्रीष्मकालीन धान की रोपाई का ही सहारा है.
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उन्होंने कहा कि ग्रीष्मकालीन धान की रोपाई पर सरकार रोक लगा देगी तो किसानों को भारी नुकसान होगा. जिसे देखते हुए ग्रीष्मकालीन धान की रोपाई पर लगी रोक को हटा दिया जाए और धान लगाने की परमिशन दी जाए. साथ ही कहा कि गदरपुर तराई क्षेत्र में है. यहां पर जलस्तर की कोई कमी नहीं है.
एंकर - धान की ग्रीष्म कालीन रोपाई पर उत्तराखंड सरकार द्वारा रोक लगाने से गदरपुर के कांग्रेसी नेता के नेतृत्व में किसानों का एक मंत्रिमंडल गदरपुर तहसील में प्रदर्शन करते हुए मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के नाम उप जिलाधिकारी ए पी बाजपाई को ज्ञापन सौंपाBody:धान के ग्रीष्मकालीन रोपाई पर लगाने के विरोध में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राजेंद्र पाल सिंह के नेतृत्व में किसानों का एक मंत्रिमंडल धान के ग्रीष्मकालीन रोपाई पर रोक लगाने के विरोध प्रदर्शन करते गदरपुर तहसील पहुंचकर मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के नाम गदरपुर के उप जिलाधिकारी एपी बाजपाई को ज्ञापन सौंपकर मांग की है कि ग्रीष्मकालीन धान की रोपाई पर रोक को हटाकर ग्रीष्मकालीन धान लगाने की परमिशन दी जाए
इस क्षेत्र में पानी की कोई कमी नहीं है
इस दौरान कांग्रेसी नेता राजेंद्र पाल सिंह ने कहा कि किसानों का इस वर्ष नवम्बर ओर दिसम्बर के महीने में हुई अत्यधिक बारिश और ठंड पड़ने के कारण मटर ओर सरसों की फसल नष्ट हो गयी है और गेहूं की फसल को भी भारी नुकसान हुआ है और किसानों के पास एकमात्र मार्ग है इस बर्बादी से बचने के लिए वह है ग्रीष्म कालीन धान और सरकार अगर इस पर रोक लगा देगी तो किसानों को भारी नुकसान होगा इसलिए हम निवेदन करना चाहते हैं कि
ग्रीष्मकालीन धान की रोपाई पर लगी रोक को हटा दिया जाए और धान लगाने की परमिशन दी जाए
उन्होंने अवगत करवाते हुए कहा गदरपुर क्षेत्र तराई क्षेत्र है यहाँ पर जलस्तर की कोई कमी नही हैConclusion:वाइट राजेंद्र पाल सिंह कांग्रेस नेता


