Road Damage in Nagaur: लाखों की लागत से बनी सड़क आठ माह में ही टूटी
नागौर के कुचामन सिटी में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (Pradhan Mantri Gram Sadak Yojana) के तहत बनवाई गई सड़क 8 माह भी नहीं टिक सकी. सड़क टूटी होने से लोगों को आवागमन में काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है.
कुचामन सिटी (नागौर). प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (Pradhan Mantri Gram Sadak Yojana) के तहत नागौर जिले के नावा से खाकड़की ग्राम को जोड़ने वाली 12.4 किमी की सड़क को बने करीब 8 माह ही हुए हैं और यह सड़क जगह जगह से टूट कर बिखर गई है. इससे खाकड़की ग्राम और इस मार्ग से गुजरने वाले लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. शिकायत के बाद भी सड़क की मरम्मत नहीं कराई जा रही है.
नावा के पास सांभर झील के दूसरी ओर नागौर जिले का ख़ाकड़की गांव है जहां जाने के लिए एक मात्र रास्ता है जो झील के बीच से होकर गुजरता है. यहां पर सार्वजनिक निर्माण विभाग की ओर से फरवरी 2022 में सड़क निर्माण कराई गई थी. लेकिन घटिया निर्माण होने से यह सड़क मात्र 7-8 माह में ही टूट कर बिखर गई.
पढ़ें. हनुमानगढ़ जंक्शन में घटिया निर्माण के कारण उखड़ने लगी थी सड़कें, अब लिया गया सैंपल
इस बारे में सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिशाषी अभियंता कैलाश चंद गंगल में बताया कि इस सड़क का निर्माण डेढ़ साल पूर्व कराया गया था और उसे ठीक करवा दिया जाएगा जबकि वहां लगे बोर्ड के अनुसार इस सड़क का निर्माण फरवरी 2022 में पूर्ण हुआ है. 130.20 लाख की लागत से बनी इस सड़क के बारे में ख़ाकड़की ग्राम के लोगों ने बताया कि यह सड़क बनने के कुछ दिनों बाद ही टूट गई थी और उसकी शिकायत कई बार की गई है. इसे कई जगह पर मरम्मत तो कराया गया लेकिन काम सही नहीं होने की वजह से आज भी पूरी सड़क टूटी पड़ी है. इससे ग्राम वासियों को आने जाने में काफी परेशानी होती है.


