शरद पवार की NCP का कांग्रेस में होगा विलय? - WILL NCP MERGE WITH THE CONGRESS
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Published : June 12, 2026 at 10:59 PM IST
कुछ दिन पहले, सांसद सुप्रिया सुले ने NCP के दोनों गुटों के विलय को लेकर चल रही अटकलों पर विराम लगा दिया था. लेकिन, अब एनसीपी (शरदचंद्र पवार) पार्टी को कांग्रेस में विलय करने के प्रस्ताव को लेकर चर्चा शुरू हो गई है. कांग्रेस नेता नाना पटोले ने शुक्रवार को दावा किया, "शरद पवार ने एनसीपी (शरदचंद्र पवार) पार्टी के विलय का प्रस्ताव पहले ही दिया था. लेकिन, कुछ वजहों से फैसले में देरी हुई." हाल ही में INDIA ब्लॉक की एक बैठक हुई. इसमें कांग्रेस और उससे अलग हुई क्षेत्रीय पार्टियों के भविष्य के राजनीतिक रुख पर चर्चा हुई. पश्चिम बंगाल में, ममता बनर्जी की लीडरशिप वाली तृणमूल कांग्रेस लगातार तीन कार्यकाल तक सत्ता में रही थी. लेकिन, 2026 के बंगाल विधानसभा चुनाव में BJP की जीत के बाद, राज्य में कई सांसदों और विधायकों के पार्टी छोड़ने की बात चल रही हैं. इसके बाद, ममता बनर्जी कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी से मिलीं, जबकि अभिषेक बनर्जी राहुल गांधी से मिले. चर्चा है कि इन बैठकों में तृणमूल कांग्रेस के संभावित विलय पर भी चर्चा हुई. इन घटनाक्रमों से सबक लेते हुए, अब यह अंदाजा लगाया जा रहा है कि एनसीपी (शरदचंद्र पवार) भविष्य की राजनीतिक अनिश्चितता से बचने के लिए कांग्रेस के साथ करीबी रिश्ते बनाने की कोशिश कर रही है.
कुछ दिन पहले, सांसद सुप्रिया सुले ने NCP के दोनों गुटों के विलय को लेकर चल रही अटकलों पर विराम लगा दिया था. लेकिन, अब एनसीपी (शरदचंद्र पवार) पार्टी को कांग्रेस में विलय करने के प्रस्ताव को लेकर चर्चा शुरू हो गई है. कांग्रेस नेता नाना पटोले ने शुक्रवार को दावा किया, "शरद पवार ने एनसीपी (शरदचंद्र पवार) पार्टी के विलय का प्रस्ताव पहले ही दिया था. लेकिन, कुछ वजहों से फैसले में देरी हुई." हाल ही में INDIA ब्लॉक की एक बैठक हुई. इसमें कांग्रेस और उससे अलग हुई क्षेत्रीय पार्टियों के भविष्य के राजनीतिक रुख पर चर्चा हुई. पश्चिम बंगाल में, ममता बनर्जी की लीडरशिप वाली तृणमूल कांग्रेस लगातार तीन कार्यकाल तक सत्ता में रही थी. लेकिन, 2026 के बंगाल विधानसभा चुनाव में BJP की जीत के बाद, राज्य में कई सांसदों और विधायकों के पार्टी छोड़ने की बात चल रही हैं. इसके बाद, ममता बनर्जी कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी से मिलीं, जबकि अभिषेक बनर्जी राहुल गांधी से मिले. चर्चा है कि इन बैठकों में तृणमूल कांग्रेस के संभावित विलय पर भी चर्चा हुई. इन घटनाक्रमों से सबक लेते हुए, अब यह अंदाजा लगाया जा रहा है कि एनसीपी (शरदचंद्र पवार) भविष्य की राजनीतिक अनिश्चितता से बचने के लिए कांग्रेस के साथ करीबी रिश्ते बनाने की कोशिश कर रही है.

