पीएम मोदी और राष्ट्रपति ली ने द्विपक्षीय वार्ता की, भारत-कोरिया ने 50 बिलियन डॉलर व्यापार लक्ष्य तय किया - INDIA SOUTH KOREA TRADE TARGET
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Published : April 20, 2026 at 9:28 PM IST
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को नई दिल्ली में दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग का स्वागत किया, जो पहली बार भारत की राजकीय यात्रा पर आए हैं. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू भी दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति के स्वागत समारोह में मौजूद थी, उनके साथ फर्स्ट लेडी किम ही क्यूंग भी थीं. राष्ट्रपति भवन में एक औपचारिक स्वागत समारोह के बाद, दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति राजघाट गए और महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी. बाद में हैदराबाद हाउस में पीएम मोदी और ली के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता हुई, जिसके बाद भारत और दक्षिण कोरिया के बीच कई समझौता ज्ञापनों (MoUs) का आदान-प्रदान हुआ, जिसका उद्देश्य द्विपक्षीय सहयोग को और गहरा करना है. समझौतों के आदान-प्रदान के बाद संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में पीएम मोदी ने कहा, "मुझे राष्ट्रपति ली का उनके पहले भारत दौरे पर स्वागत करते हुए बहुत खुशी हो रही है. राष्ट्रपति ली का जीवन संघर्ष, सेवा और समर्पण की प्रेरणादायक मिसाल है. हर चुनौती ने लोगों की सेवा करने के उनके इरादे को और मजबूत किया है. हालांकि यह उनका भारत का पहला दौरा है, लेकिन भारत के लिए उनका लगाव हमारी पहली मुलाकात से ही साफ दिख रहा है." प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यह दौरा एक अधिक उन्नत द्विपक्षीय समझौते की ओर एक जरूरी कदम है. उन्होंने कहा, "कोरिया के राष्ट्रपति का भारत का यह दौरा बहुत जरूरी है. लोकतांत्रिक मूल्यों, बाजार अर्थव्यवस् और कानून के शासन का सम्मान हमारे दोनों देशों के DNA में है. हिंद-प्रशांत क्षेत्र में भी हमारा दृष्टिकोण एक जैसा है."
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को नई दिल्ली में दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग का स्वागत किया, जो पहली बार भारत की राजकीय यात्रा पर आए हैं. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू भी दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति के स्वागत समारोह में मौजूद थी, उनके साथ फर्स्ट लेडी किम ही क्यूंग भी थीं. राष्ट्रपति भवन में एक औपचारिक स्वागत समारोह के बाद, दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति राजघाट गए और महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी. बाद में हैदराबाद हाउस में पीएम मोदी और ली के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता हुई, जिसके बाद भारत और दक्षिण कोरिया के बीच कई समझौता ज्ञापनों (MoUs) का आदान-प्रदान हुआ, जिसका उद्देश्य द्विपक्षीय सहयोग को और गहरा करना है. समझौतों के आदान-प्रदान के बाद संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में पीएम मोदी ने कहा, "मुझे राष्ट्रपति ली का उनके पहले भारत दौरे पर स्वागत करते हुए बहुत खुशी हो रही है. राष्ट्रपति ली का जीवन संघर्ष, सेवा और समर्पण की प्रेरणादायक मिसाल है. हर चुनौती ने लोगों की सेवा करने के उनके इरादे को और मजबूत किया है. हालांकि यह उनका भारत का पहला दौरा है, लेकिन भारत के लिए उनका लगाव हमारी पहली मुलाकात से ही साफ दिख रहा है." प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यह दौरा एक अधिक उन्नत द्विपक्षीय समझौते की ओर एक जरूरी कदम है. उन्होंने कहा, "कोरिया के राष्ट्रपति का भारत का यह दौरा बहुत जरूरी है. लोकतांत्रिक मूल्यों, बाजार अर्थव्यवस् और कानून के शासन का सम्मान हमारे दोनों देशों के DNA में है. हिंद-प्रशांत क्षेत्र में भी हमारा दृष्टिकोण एक जैसा है."

