ETV Bharat / state

प्रदेश में सर्दी ने तोड़े सारे रिकॉर्ड, माउंट आबू में पारा माइनस में पहुंचा, 23 जिलों में IMD का अलर्ट

राजस्थान इस समय कड़ाके की सर्दी और शीतलहर की चपेट में है.

ठंड की चपेट में राजस्थान
ठंड की चपेट में राजस्थान (फोटो ईटीवी भारत)
author img

By ETV Bharat Rajasthan Team

Published : January 8, 2026 at 10:48 AM IST

|

Updated : January 8, 2026 at 11:30 AM IST

9 Min Read
Choose ETV Bharat

जयपुर: राजस्थान में कड़ाके की ठंड ने इस सीजन में अब तक के सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं. प्रदेश के एकमात्र हिल स्टेशन माउंट आबू में बुधवार को न्यूनतम तापमान माइनस 1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सर्दी का अब तक का सबसे कम तापमान है. बीते पांच दिनों से माउंट आबू में न्यूनतम तापमान शून्य डिग्री के आसपास बना हुआ था, लेकिन बुधवार को पारा एक डिग्री और गिरकर माइनस में पहुंच गया. तापमान के माइनस में जाते ही गलन भरी सर्दी का असर तेज हो गया और खुले मैदानों, बाग-बगीचों में खिले फूलों, पेड़-पौधों की पत्तियों, घास, सोलर प्लेटों और रातभर खुले में खड़े वाहनों की छतों पर बर्फ की परत जम गई.

राजधानी जयपुर में भी गुरुवार की सुबह हल्के से घना कोहरा दर्ज किया गया. एक बार फिर सुबह 9 बजे तक सूरज के दीदार नहीं हुए. जबकि हवा में ठंडक के कारण लोगों की दिनचर्या पर भी असर नजर आया. फिलहाल राजधानी के आसपास की ग्रामीण इलाकों में घना कोहरा बना हुआ है और इसका असर रेल और सड़क यातायात पर भी बना हुआ है.

इसे भी पढ़ें: जयपुर समेत कई जिलों में कोहरे का पहरा, मौसम विभाग का अलर्ट... जानिए आगे क्या रहेगा हाल

23 जिलों में शीतलहर का अलर्ट : प्रदेशभर में शीतलहर का व्यापक असर देखने को मिल रहा है. राजस्थान के 41 में से 39 जिलों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया है. राजधानी जयपुर में दिन का तापमान गिरकर 4.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे शहर शेखावाटी अंचल से भी अधिक ठंडा दर्ज किया गया. डूंगरपुर में रात का तापमान 7 डिग्री, सीकर में 4.5 डिग्री, सिरोही में 4.7 डिग्री और लूणकरणसर में 4.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया.

मौसम विभाग के अनुसार अगले दो से तीन दिनों तक प्रदेश के कई इलाकों में घना कोहरा और उत्तरी राजस्थान में शीतलहर की स्थिति बने रहने की संभावना है. विभाग ने 10 जिलों में ऑरेंज अलर्ट और 13 जिलों में येलो अलर्ट जारी किया है. शेखावाटी, बीकानेर, जयपुर, अजमेर, कोटा, भरतपुर और उदयपुर संभाग के कई हिस्सों में घना कोहरा छाया रहा, जिससे दृश्यता काफी कम हो गई. जोधपुर संभाग में फलोदी और जैसलमेर जिलों में भी घना कोहरा देखने को मिला.

घने कोहरे और शीतलहर के चलते प्रदेश के 26 जिलों में स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया है या फिर कक्षाओं के समय में बदलाव किया गया है. शेखावाटी क्षेत्र में कक्षा 1 से 8 तक के स्कूलों में 10 जनवरी तक अवकाश घोषित किया गया है. मौसम विभाग ने शेखावाटी में 10 जनवरी तक कोल्ड वेव का अलर्ट जारी किया है. ठंड के कारण जनजीवन प्रभावित हो रहा है. लोग आवश्यक कार्यों के लिए ही घरों से बाहर निकल रहे हैं और जगह-जगह अलाव जलाकर सर्दी से बचाव कर रहे हैं.

घने कोहरे से राजस्थान ठिठुरा
घने कोहरे से राजस्थान ठिठुरा (फोटो ईटीवी भारत)

इसे भी पढ़ें: पश्चिमी विक्षोभ का असर: राजस्थान के कई जिलों में मावठ, मौसम विभाग ने जारी किया येलो अलर्ट

अस्पतालों में बढ़ा ओपीडी का आंकड़ा : कड़ाके की ठंड का असर स्वास्थ्य सेवाओं पर भी साफ नजर आ रहा है. जयपुर के एसएमएस अस्पताल में वायरल, सर्दी-जुकाम, खांसी और बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी है. अस्पताल की ओपीडी में मरीजों की संख्या 10 हजार के पार पहुंच गई है, जबकि दिसंबर तक यह आंकड़ा करीब 5 हजार था. चिकित्सकों के अनुसार ठंड के कारण न्यूरो और हार्ट से जुड़े मरीजों की संख्या में भी इजाफा हुआ है. कई मरीजों को सप्ताह भर से लेकर पंद्रह दिन तक खांसी की समस्या बनी हुई है. डॉक्टरों ने लोगों से अपील की है कि हल्के लक्षण दिखने पर भी तुरंत चिकित्सकीय सलाह लें.

कोहरे से जनजीवन प्रभावित
कोहरे से जनजीवन प्रभावित (फोटो ईटीवी भारत)

हवाई यातायात पर भी असर : मौसम की मार हवाई यातायात पर भी पड़ी है. जयपुर एयरपोर्ट पर फ्लाइट संचालन का शेड्यूल बिगड़ गया है. खराब मौसम और परिचालन कारणों के चलते इंडिगो की जयपुर से चंडीगढ़ जाने वाली फ्लाइट 6E-7742 और जयपुर से उदयपुर जाने वाली फ्लाइट 6E-7465 रद्द कर दी गईं. वहीं जयपुर से कोलकाता जाने वाली इंडिगो फ्लाइट 6E-207 निर्धारित समय से देरी से रवाना हुई. इसके अलावा स्पाइसजेट की जयपुर से मुंबई जाने वाली फ्लाइट SG-251 भी देर रात तक लेट रही, जिससे यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा.

इसे भी पढ़ें: शीतलहर और सर्दी : अब प्राइमरी से आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों का रहेगा 8 से 10 जनवरी तक अवकाश

कड़ाके की सर्दी : बुधवार को श्रीगंगानगर सीजन का सबसे ठंडा जिला रिकॉर्ड किया गया, जहां दिन का अधिकतम तापमान गिरकर 10.4 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया. घने कोहरे और धूप के अभाव के चलते श्रीगंगानगर का तापमान शिमला और माउंट आबू जैसे पहाड़ी इलाकों से भी नीचे दर्ज हुआ, जिससे पूरे दिन कोल्ड-डे की स्थिति बनी रही और जनजीवन पर ठंड का गहरा असर देखने को मिला. श्रीगंगानगर सीजन का सबसे अधिक सर्द जिला दर्ज किया गया. दिन के तापमान में आई तेज गिरावट ने ठंड का असर और बढ़ा दिया. अधिकतम तापमान 5.7 डिग्री सेल्सियस गिरकर 10.4 डिग्री सेल्सियस रह गया, जबकि रात का न्यूनतम तापमान 6.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया.

मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि हिमालयी क्षेत्र में हो रही लगातार बर्फबारी के कारण उत्तरी हवाएं चल रही हैं, जो सीधे श्रीगंगानगर क्षेत्र में पहुंच रही हैं. सिंचित क्षेत्र होने के कारण यहां वातावरण में नमी अधिक रहती है, जिससे कोहरे का प्रभाव बढ़ जाता है. इसी वजह से क्षेत्र में कोल्ड-डे की स्थिति बनी हुई है.

फसलों पर बर्फ की बूंदे
फसलों पर बर्फ की बूंदे (फोटो ईटीवी बारत श्रीगंगानगर)

बालोतरा में विद्यार्थियों का दो दिन का अवकाश : पश्चिमी राजस्थान में नए साल के बाद से सर्दी का असर तेज हो गया है. जिसके चलते बाड़मेर के बाद अब बालोतरा में भी शीत लहर के चलते कक्षा 8वीं तक के बच्चों की आगामी दो दिनों तक अवकाश घोषित किया है. बालोतरा जिला शिक्षा अधिकारी ने आदेश जारी कर 8वीं तक के स्कूली को इस सर्दी में बड़ी राहत दी है. बालोतरा मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी देवाराम प्रजापत ने आदेश जारी कर बताया कि वर्तमान में जिले में चल रही शीतलहर की स्थिती को देखते हुए जिला कलेक्टर, बालोतरा के निर्देशानुसार विधार्थियों को शीतलहर एवं ठंड के प्रकोप से बचाने एवं उनके स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुये जिले में संचालित 8 वीं तक के समस्त राजकीय एवं निजी विद्यालयों में 8 व 10 जनवरी 2026 तक का अवकाश घोषित किया गया है.

शीतलहर और सर्दी
शीतलहर और सर्दी (फोटो ईटीवी भारत जयपुर)

जैसलमेर में कड़ाके की ठंड : जिले में शीतलहर और घने कोहरे का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है. गुरुवार अल सुबह जिले के अधिकांश इलाकों में घना कोहरा छाया रहा. दृश्यता बेहद कम होने के कारण सड़कों और राष्ट्रीय राजमार्गों पर वाहनों की रफ्तार धीमी पड़ गई. कई स्थानों पर वाहन चालक हेडलाइट जलाकर सावधानीपूर्वक सफर करते नजर आए. लगातार बढ़ रही ठंड और सुबह के समय कोहरे की गंभीर स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन ने एहतियात कदम उठाए हैं. जिला कलेक्टर प्रताप सिंह ने बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए अहम आदेश जारी किए हैं

इसे भी पढ़ें: शीतलहर और घने कोहरे से राजस्थान ठिठुरा, धुंध की आगोश में लिपटी राजधानी, जानें कहां कब तक बंद रहेंगे स्कूल

घने कोहरे के कारण यातायात भी प्रभावित : घने कोहरे के चलते यातायात व्यवस्था भी प्रभावित हुई है. सड़क हादसों की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे अनावश्यक यात्रा से बचें और अत्यंत सावधानी बरतें. वहीं शीतलहर को लेकर स्वास्थ्य विभाग भी अलर्ट मोड पर है. मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेंद्र कुमार पालीवाल ने बताया कि जिले के सभी सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं.

उदयपुर में भी ठिठुरन: झीलों की नगरी उदयपुर भी इन दिनों कड़ाके की ठंड की चपेट में है. उत्तर भारत से आ रही ठंडी और शुष्क हवाओं ने शहर के मौसम को और ठंडा बना दिया है. दिन में जहां सर्द हवाएं शरीर को कंपकंपा रही हैं. वहीं रात होते ही गलन भरी ठंड लोगों को घरों में कैद रहने पर मजबूर कर रही है. हालात ऐसे हैं कि सुबह और शाम खुले स्थानों पर निकलना मुश्किल हो गया है. कोहरे का असर परिवहन व्यवस्था पर भी साफ नजर आया. खजुराहो से उदयपुर आने वाली ट्रेन अपने निर्धारित समय से करीब साढ़े नौ घंटे देरी से पहुंची. मौसम विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले तीन से चार दिनों तक मौसम में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है. ठंडी हवाओं का दौर जारी रहेगा और सुबह के समय हल्का कोहरा छा सकता है. कुछ इलाकों में पाले की आशंका भी जताई गई है हालांकि, मावठ या बारिश के कोई संकेत नहीं हैं.

Last Updated : January 8, 2026 at 11:30 AM IST