ETV Bharat / state

छिंदवाड़ा जिले में गहरा सकता है जल संकट, करोड़ों नहीं चुकाए तो बंद होगी पानी की सप्लाई

कई ग्राम पंचायतों के करोड़ों के वॉटर बिल बकाया, पीएचई कार्यपालन यंत्री बोले बिल भुगतना नहीं होने पर रोकी जा सकती है सप्लाई.

CHHINDWARA GRAM PANCHAYAT WATER ISSUE
छिंदवाड़ा जिले में गहरा सकता है जल संकट (Etv Bharat)
author img

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team

Published : January 6, 2026 at 6:57 AM IST

3 Min Read
Choose ETV Bharat

छिन्दवाड़ा : ग्राम पंचायतों में तालाबों से पीने का पानी सप्लाई किया जा रहा है लेकिन अब यहां पानी की बड़ी समस्या हो सकती है. छिंदवाड़ा में पब्लिक हेल्थ इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट ने ग्राम पंचायतों को बिल जमा करने के लिए नोटिस जारी किए हैं नहीं तो पानी की सप्लाई रोक दी जाएगी. ऐसे में अब कई गांव ऐसे हैं जहां पीने का पानी नहीं मिल पाएगा. दरअसल, ग्राम पंचायत ने PHE को करोड़ों रुपए बिल जमा नहीं किया है, जिसके चलते पीएचई को कड़ा फैसला लेना पड़ सकता है.

चरई डैम को नहीं मिला किराया करोड़ों बकाया

पेंचवेली जलसमूह योजना में पानी चरई डैम से पीएचई द्वारा कोयलांचल की छह ग्राम पंचायतों को दिया जाता है. पीएचई ने इन ग्राम पंचायतों को नोटिस जारी कर जलकर राशि 3.65 करोड़ रुपए भुगतान करने को कहा है. नोटिस मिलते ही ग्राम पंचायतों में हड़कंप मच गया है. पीएचई ने 8 रुपए प्रति घनमीटर के रेट पर तीन सालों का जलकर एकमुश्त पंद्रह दिनों में जमा करने को निर्देशित किया है. पत्र के अनुसार इन पंचायतों को माह में औसतन छह बार पानी सप्लाई मिलती है.

CHHINDWARA GRAM PANCHAYAT WATER ISSUE
कई ग्राम पंचायतों के करोड़ों के वॉटर बिल बकाया (Etv Bharat)

इसमें ब्लाक परासिया की पंचायत अंबाड़ा, इकलहरा, भाजीपानी, भमोड़ी और जाटाछापर, ब्लाक जुन्नारदेव की पंचायत पालाचौरई शामिल हैं. इन पंचायतों में गर्मियों में मंधान नदी से डैम के पानी की भी सप्लाई होती है. आगामी समय में जुन्नारदेव ब्लाक की पंचायत नजरपुर, जमकुंडा, दातलावादी, डुंगरिया और पनारा में मंधान नदी डैम का पानी चरई फिल्टर प्लांट से सप्लाई होगा. ऐसे में इन गांवों को पानी की दिक्कत होगी.

Water scarcity chhindwara
पानी की सप्लाई रोके जाने से बिगड़ सकते हैं हालात (Etv Bharat)

जाटाछापर और अंबाड़ा को चुकाने होंगे 1.36 करोड़

जिन छह पंचायतों को पानी के बदले 3 करोड़ 65 लाख रुपए चुकाने के नोटिस जारी हुए हैं, उनमें जाटाछापर को 1.36 करोड़ और अंबाड़ा को 1.36 करोड़ का बिल चुकाना है. इसके अलावा भमोड़ी को 77.76 लाख रुपए, पालाचौरई को 43.20 लाख रुपए, इकलहरा को 25.92 लाख रुपए, और भाजीपानी को 17.28 लाख रुपए भुगतान करने कहा गया है.

Chhindwara jal sankat
चरई डैम को नहीं मिला किराया करोड़ों बकाया (Etv Bharat)

यह भी पढ़ें-

जनपद पंचायत उपाध्यक्ष लगाएंगे उच्चाधिकारियों से गुहार

जनपद पंचायत उपाध्यक्ष और जाटाछापर के निवासी जमील खान ने बताया, '' पंचायतों की राशि भुगतान करने की क्षमता नहीं है. इस मामले में उच्चाधिकारियों से चर्चा कर स्थिति से अवगत कराएंगे और उक्त जलकर भुगतान न करना पड़े, इसकी गुहार लगाएंगे, क्योंकि अगर पानी सप्लाई बंद कर दी गई तो गांवों के हालात खराब हो जाएंगे. ग्राम पंचायतों में इतना पैसा नहीं है कि करोड़ों रुपए जमा किया जा सके. इसके लिए कोई हल निकाला जाएगा.''

पीएचई विभाग परासिया के कार्यपालन यंत्री रवि शंकर वर्मा ने बताया, '' चरई बांध से जिन ग्राम पंचायत को पानी सप्लाई की जाती है उनमें करोड़ों रुपए लेना बाकी है, जिन्हें नोटिस दिया गया है. तय समय सीमा में अगर पैसे जमा नहीं किया गया तो वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशानुसार पानी की सप्लाई भी रोकी जा सकती है.''