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हाईस्कूल-इंटरमीडिएट सुधार परीक्षा 2026 का परिणाम जारी, हाईस्कूल में 83.13% और इंटर में 73.35% परीक्षार्थी सफल

उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा बोर्ड ने हाईस्कूल-इंटरमीडिएट इम्प्रूवमेंट परीक्षा 2026 का रिजल्ट जारी किया.

Uttarakhand Board School Education
हाईस्कूल-इंटरमीडिएट सुधार परीक्षा 2026 का परिणाम जारी (PHOTO- ETV Bharat)
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By ETV Bharat Uttarakhand Team

Published : August 19, 2026 at 5:33 PM IST

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रामनगर: उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद रामनगर की ओर से हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा परिणाम सुधार परीक्षा वर्ष 2026 प्रथम और वर्ष 2025 तृतीय के परिणाम घोषित कर दिए गए हैं. परिषद की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक, हाईस्कूल सुधार परीक्षा में 83.13 प्रतिशत और इंटरमीडिएट सुधार परीक्षा में 73.35 प्रतिशत परीक्षार्थी सफल हुए हैं. वहीं वर्ष 2025 की तृतीय सुधार परीक्षा में हाईस्कूल का परिणाम 66.67 प्रतिशत और इंटरमीडिएट का परिणाम 58.70 प्रतिशत रहा.

उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद रामनगर ने हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा परिणाम सुधार परीक्षा 2026 प्रथम और 2025 तृतीय के परिणाम जारी कर दिए हैं. परिषद की ओर से जारी विस्तृत आंकड़ों में प्रदेशभर के परीक्षार्थियों के पंजीकरण, परीक्षा में शामिल होने और उत्तीर्ण होने की स्थिति सामने आई है. सबसे पहले बात करते हैं हाईस्कूल परीक्षा परिणाम सुधार परीक्षा वर्ष 2026 प्रथम की.

परिषद के आंकड़ों के अनुसार, इस परीक्षा के लिए कुल 8 हजार 421 परीक्षार्थी पंजीकृत थे. इनमें 7 हजार 939 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए, जबकि 7 हजार परीक्षार्थी सफल घोषित किए गए. इस तरह हाईस्कूल सुधार परीक्षा का कुल उत्तीर्ण प्रतिशत 83.13 प्रतिशत रहा. छात्राओं का प्रदर्शन छात्रों की तुलना में बेहतर रहा. कुल 2 हजार 371 छात्राओं ने परीक्षा दी, जिनमें 2 हजार 132 सफल हुईं और उनका उत्तीर्ण प्रतिशत 84.34 प्रतिशत रहा. वहीं 5 हजार 568 छात्रों में से 4 हजार 868 छात्र सफल हुए.

अब बात इंटरमीडिएट सुधार परीक्षा 2026 प्रथम की करें तो कुल 11 हजार 32 परीक्षार्थी पंजीकृत थे. इनमें 10 हजार 518 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए और 8 हजार 92 परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए. इंटरमीडिएट का कुल उत्तीर्ण प्रतिशत 73.35 प्रतिशत रहा. छात्राओं का परिणाम यहां भी छात्रों से बेहतर रहा. 4 हजार 673 छात्राओं में से 3 हजार 709 सफल हुईं, जबकि 5 हजार 845 छात्रों में से 4 हजार 383 परीक्षार्थी सफल रहे.

परिषद की रिपोर्ट में उन परीक्षार्थियों का आंकड़ा भी जारी किया गया है, जिनका मुख्य परीक्षा में परिणाम अनुत्तीर्ण रहा था और उन्होंने सुधार परीक्षा दी. हाईस्कूल में ऐसे कुल 5 हजार 747 परीक्षार्थी पंजीकृत हुए, जिनमें 5 हजार 469 परीक्षा में शामिल हुए और 4 हजार 326 सफल हुए, इनका उत्तीर्ण प्रतिशत 75.27 प्रतिशत रहा. इंटरमीडिएट में ऐसे 9 हजार 653 परीक्षार्थी पंजीकृत थे. 9 हजार 343 परीक्षा में शामिल हुए और 6 हजार 713 परीक्षार्थी सफल हुए. यहां उत्तीर्ण प्रतिशत 69.54 प्रतिशत रहा.

इसके अलावा परीक्षार्थियों को अपने प्राप्तांकों में सुधार का अवसर भी दिया गया था. हाईस्कूल में 2 हजार 674 परीक्षार्थियों ने अंक सुधार के लिए आवेदन किया. इनमें 410 परीक्षार्थियों के अंकों में सुधार हुआ, जबकि 969 परीक्षार्थियों के अंक यथावत रहे,अंक सुधार का प्रतिशत 37.25 प्रतिशत दर्ज किया गया. इंटरमीडिएट में 1 हजार 379 परीक्षार्थियों ने आवेदन किया, जिनमें 410 के अंकों में सुधार हुआ और 969 के अंक यथावत रहे.

वहीं वर्ष 2025 तृतीय सुधार परीक्षा के आंकड़ों पर नजर डालें तो हाईस्कूल में कुल 51 परीक्षार्थी पंजीकृत हुए, 44 परीक्षा में शामिल हुए और 34 सफल हुए. उत्तीर्ण प्रतिशत 66.67 प्रतिशत रहा. इंटरमीडिएट में 46 पंजीकृत परीक्षार्थियों में से 43 परीक्षा में शामिल हुए और 27 सफल हुए. इसका उत्तीर्ण प्रतिशत 58.70 प्रतिशत रहा.

परिषद ने बताया कि, परीक्षा प्रक्रिया के बाद उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन और परिणाम निर्माण की कार्रवाई पूरी कर परिणाम घोषित किया गया है. इस परिणाम से उन विद्यार्थियों को आगे की पढ़ाई और शैक्षणिक भविष्य के लिए महत्वपूर्ण राहत मिलेगी, जिन्होंने सुधार परीक्षा के माध्यम से अपने परिणाम को बेहतर करने का प्रयास किया था.

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