कानपुर में महिला की संदिग्ध मौत पर बवाल, हाईवे पर शव रख लगाया जाम, पथराव में दो इंस्पेक्टर और दरोगा घायल
बवाल बढ़ने पर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज किया. पुलिस पथराव करने वाले आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : August 30, 2026 at 7:22 PM IST
|Updated : August 30, 2026 at 9:45 PM IST
कानपुर : महाराजपुर थाना क्षेत्र के लालपुर गांव में शनिवार शाम महिला माला की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत का मामला रविवार को तूल पकड़ गया. पोस्टमॉर्टम के बाद शव घर पहुंचने पर आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने रविवार शाम करीब 5:45 बजे शव को हाईवे पर रखकर जाम लगा दिया और जमकर हंगामा किया.
सूचना पर पहुंची पुलिस ने जाम खुलवाने की कोशिश की तो भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने पथराव कर दिया, जिसमें महाराजपुर और चकेरी थाने के दो इंस्पेक्टर और एक दरोगा घायल हो गए. स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा. एसीपी चकेरी आशुतोष कुमार ने बताया, पथराव करने वाले आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के आधार पर मौत के असली कारणों की जांच जारी है.
रविवार शाम पोस्टमॉर्टम के बाद जब परिजन शव को लेकर जा रहे थे, तभी रास्ते में मायके और ससुराल पक्ष के बीच विवाद हो गया. मायके पक्ष के लोगों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने ससुरालियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है, जिसके चलते उन्होंने कानपुर-प्रयागराज हाईवे पर शव रखकर जाम लगा दिया और प्रदर्शन शुरू कर दिया.
मृतका के चचेरे भाई शनि ने बताया, करीब 8 साल पहले लालूखेड़ा गांव के रहने वाले मुन्ना निषाद से माला की शादी हुई थी. उनके दो बच्चे बेटा रुद्रा और बेटी वैष्णवी हैं. शनिवार दोपहर माला की तबीयत खराब होने पर वह उसे दवा दिलाकर करीब तीन बजे ससुराल छोड़कर आया था. इसके करीब एक घंटे बाद पति मुन्ना ने फोन कर सूचना दी कि माला ने फांसी लगा ली है.
भाई शनि ने आरोप लगाया कि पति मुन्ना शादी के बाद से ही उसकी बहन के साथ आए दिन मारपीट करता था और प्रताड़ित करता था. पति ने मारपीट करने के बाद उसकी बहन की हत्या कर शव फंदे से लटका दिया. मायके पक्ष के अन्य लोगों ने आरोप लगाया कि पति मुन्ना का किसी अन्य युवती से अवैध संबंध था, जिसके चलते वह माला के साथ लगातार मारपीट करता था और उसे जान से मारने की धमकी देता था.
माला की मानसिक हालत ठीक नहीं होने के बावजूद ससुराल पक्ष ने उसका उचित इलाज नहीं कराया और इन्हीं विवादों के कारण उसकी हत्या की गई. वहीं, मृतका के पति मुन्ना ने अपनी सफाई में कहा कि उसकी पत्नी करीब दो साल से मानसिक रूप से बीमार चल रही थी और उसका इलाज कराया जा रहा था. पति का दावा है कि शनिवार को किसी तरह का विवाद नहीं हुआ था. माला ने खुद ही फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली.
चकेरी एसीपी आशुतोष कुमार सिंह ने बताया कि कानून-व्यवस्था बिगाड़ने और पुलिस पर पथराव करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. अधिकारियों के निर्देश पर पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर लाठीचार्ज के जरिए भीड़ को खदेड़ा और हाईवे का जाम खुलवाया, जिसके बाद पुलिस की मौजूदगी में परिजन शव को घर लेकर गए. मामले की जांच की जा रही है और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट तथा तहरीर के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी. आक्रोशित लोगों ने पुलिस पर हमला कर दिया, जिसमें कुछ पुलिस कर्मी घायल हुए हैं. घायलों को उपचार हेतु अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
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