उन्नाव पुलिस ने 77 फ्रिज और 40 एसी लूट के आरोपियों को दबोचा, ऐसे हुआ खुलासा
उन्नाव पुलिस को बड़ी सफलता, पुलिस टीम को मिलेगा एक लाख का पुरस्कार.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : May 31, 2026 at 1:28 PM IST
उन्नाव: जिले की पुलिस को बड़ी सफलता मिली है. पुलिस ने ट्रक चालक को घायल कर 77 फ्रिज और 40 स्प्लिट एसी लूटने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश कर दिया है. इस मामले में पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि लूटा गया अधिकांश सामान भी बरामद कर लिया गया है. घटना के सफल अनावरण पर पुलिस टीम के लिए एक लाख रुपये के पुरस्कार की घोषणा की गई है.
जानकारी के अनुसार, कानपुर निवासी ट्रांसपोर्टर राजेश कुमार गुप्ता की तहरीर पर थाना अजगैन में मुकदमा दर्ज किया गया था. बताया गया था कि 25 मई 2026 की रात ट्रक चालक नीरज कुमार आशाखेड़ा से इलेक्ट्रॉनिक सामान लेकर कानपुर के लिए रवाना हुआ था. कुछ समय बाद जीपीएस ट्रैकिंग में ट्रक का रुख लखनऊ की ओर जाता दिखाई दिया और फिर उसका जीपीएस बंद हो गया. तलाश करने पर चालक नीरज कुमार टोल प्लाजा के पास घायल अवस्था में मिला, जबकि ट्रक और उसमें लदा सामान गायब था.
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक उन्नाव के निर्देशन में एसओजी, सर्विलांस और अजगैन थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने जांच शुरू की. सीसीटीवी फुटेज और टोल प्लाजा के रिकॉर्ड खंगालने पर पता चला कि ट्रक का नंबर बदलकर उसे पूर्वांचल एक्सप्रेसवे से गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे की ओर ले जाया गया था. आरोपियों ने टोल भुगतान भी नकद किया था ताकि उनकी पहचान न हो सके. सर्विलांस टीम ने तकनीकी विश्लेषण के जरिए दो मोबाइल नंबरों को ट्रेस किया, जिनकी लोकेशन ट्रक की गतिविधियों से मेल खा रही थी. जांच के दौरान पुलिस कुशीनगर के कसया स्थित स्वास्तिक ढाबे तक पहुंची और वहां घेराबंदी कर एक संदिग्ध को दबोच लिया. पूछताछ में खुलासा हुआ कि लूटे गए सामान का बड़ा हिस्सा स्थानीय स्तर पर बेचा गया है.
पुलिस ने रोशनी इलेक्ट्रॉनिक्स नामक दुकान से 32 फ्रिज बरामद किए, जबकि अन्य फ्रिजों की भी बरामदगी की गई. कुल मिलाकर पुलिस ने लूटे गए 77 फ्रिजों में से 47 फ्रिज तथा 40 स्प्लिट एसी बरामद कर लिए. बाद में लूटा गया कंटेनर ट्रक भी बिहार के मोतिहारी जिले में स्थित एक पेट्रोल पंप से बरामद कर लिया गया. कार्रवाई के दौरान विकास वाल्मीकि, राजू उर्फ बलिराम सिंह, रोशनी इलेक्ट्रॉनिक्स के मालिक अविनाश सिंह और स्वास्तिक ढाबा संचालक विवेक मिश्रा को गिरफ्तार किया गया. इनके कब्जे से बरामदगी भी की गई. पूछताछ में गिरोह के मुख्य आरोपी छोट्टन चौधरी का नाम सामने आया. पुलिस ने उसकी तलाश शुरू की और चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के सामने गुरुद्वारा रोड पर उसे घेर लिया. पुलिस के अनुसार, छोट्टन ने गिरफ्तारी से बचने के लिए फायरिंग की, जिसके जवाब में कार्रवाई की गई. इससे उसके पैर में गोली लगी और उसे गिरफ्तार कर लिया गया.
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक कंटेनर, 40 स्प्लिट एसी, 47 फ्रिज और एक तमंचा समेत कारतूस बरामद किए हैं.पुलिस अधीक्षक जयप्रकाश सिंह ने बताया कि टीम को एक लाख रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा.

