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69 करोड़ के विकास कार्यों का लोकार्पण, मंत्री खर्रा बोले, 'पंचायत चुनाव में सरकार कहीं अड़ंगा नहीं'

भरतपुर के एनसीआर में शामिल होने के सवाल पर झाबर सिंह खर्रा ने कहा कि इससे क्षेत्र के विकास को नई गति मिल सकती है.

Minister Kharra laying foundation stone
शिलान्यास करते मंत्री खर्रा (ETV Bharat Bharatpur)
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By ETV Bharat Rajasthan Team

Published : March 1, 2026 at 7:02 PM IST

3 Min Read
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भरतपुर: शहर में करीब 69 करोड़ रुपए से अधिक लागत के विकास कार्यों के लोकार्पण और शिलान्यास के दौरान स्वायत्त शासन मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने पंचायत चुनावों को लेकर सरकार का रुख भी साफ किया. उन्होंने कहा कि पंचायत चुनावों के लिए राज्य सरकार अपने स्तर पर आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर चुकी है और सरकार की ओर से कहीं भी कोई अड़ंगा नहीं है. अब आगे की कार्रवाई राज्य निर्वाचन आयोग और ओबीसी से जुड़े ट्रिपल टेस्ट की प्रक्रिया पूरी होने के बाद चुनाव कराए जा सकते हैं. मंत्री ने कहा कि सरकार विकास कार्यों के साथ-साथ लोकतांत्रिक प्रक्रिया को भी आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है.

पंचायत चुनाव पर सरकार का रुख स्पष्ट: कार्यक्रम में मंत्री झाबर सिंह ने कहा कि राज्य सरकार शहरों के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की मंशा के अनुरूप प्रदेश में शहरी बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है. भरतपुर में शुरू की गई ये परियोजनाएं आने वाले समय में शहर के स्वरूप को बेहतर बनाएंगी और आमजन को बेहतर नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराएंगी. मंत्री ने कहा कि पंचायत राज चुनावों को लेकर कहा कि पंचायत चुनावों को लेकर राज्य सरकार के स्तर पर जितनी प्रक्रियाएं पूरी की जानी थीं, वे पूरी कर ली गई हैं. अब आगे की कार्रवाई राज्य निर्वाचन आयोग और अन्य पिछड़ा वर्ग आयोग के स्तर पर होनी है.

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उन्होंने कहा कि जब मतदाता सूची तैयार हो जाएगी और ओबीसी का ट्रिपल टेस्ट के आधार पर विधिवत आंकड़े एकत्रित हो जाएंगे, तब चुनाव आयोग अपनी सुविधा के अनुसार 'एक राज्य–एक चुनाव' की अवधारणा के तहत चुनाव कराने का निर्णय ले सकता है. सरकार की ओर से किसी प्रकार की बाधा नहीं है. भरतपुर के राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में शामिल होने के सवाल पर मंत्री ने कहा कि यह भरतपुर के लिए बड़ा अवसर है. इससे क्षेत्र के विकास को नई गति मिल सकती है. उन्होंने कहा कि एनसीआर में शामिल होने से जहां कई विकासात्मक लाभ मिलते हैं, वहीं कुछ प्रशासनिक और व्यवस्थागत चुनौतियां भी सामने आ सकती हैं. ऐसी स्थिति में लोगों को चाहिए कि वे इसके लाभों का अधिकतम उपयोग करें. यदि कोई समस्या सामने आती है तो उसे राज्य सरकार तक पहुंचाएं, ताकि उसे केंद्र सरकार के सामने रखकर समाधान कराया जा सके.

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इन परियोजनों का लोकार्पण-शिलान्यास: नगर निगम द्वारा आयोजित कार्यक्रम में शहर की जनता को कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं की सौगात दी गई. इनमें प्रमुख रूप से:

  • डीसेन्ट्रलाइज सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (अमृत 2.0) – लगभग 40.80 करोड़ रुपए
  • अनाह गेट से गणेश मंदिर तक कनाल निर्माण एवं कुंडा विकास – 1321.47 लाख रुपए
  • आरटीओ मोड़ से हीरादास चौराहा तक ओपन व बॉक्स ड्रेन निर्माण – 811.05 लाख रुपए
  • मॉडर्न कचरा ट्रांसफर स्टेशन – 693.39 लाख रुपए
  • नगर निगम कार्यालय में स्मार्ट सेवा केंद्र 2.0 – 30 लाख रुपए

मंत्री ने कहा कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से शहर की जल निकासी व्यवस्था मजबूत होगी, कचरा प्रबंधन प्रणाली आधुनिक बनेगी और नगर निगम की सेवाएं अधिक पारदर्शी व आसान होंगी. खासतौर पर स्मार्ट सेवा केंद्र 2.0 से आम नागरिकों को नगर निगम से जुड़े कार्यों में तेजी और सुविधा मिलेगी.