नप गए "साहब" के "हुकुमचंद" : विवेक बंजल के 'शाही दौरे' में कार्रवाई,दो अफ़सर पर गिरी गाज
बीएसएनएल डायरेक्टर विवेक बंजल के प्रयागराज के 'शाही दौरे' को लेकर जीएम बृजेंद्र कुमार सिंह और डीजीएम जागेश्वर वर्मा का ट्रांसफर कर दिया गया.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : February 26, 2026 at 4:30 PM IST
|Updated : February 26, 2026 at 7:18 PM IST
प्रयागराज: प्रयागराज बीएसएनएल प्रकरण में बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रयागराज के जीएम बृजेंद्र कुमार सिंह और डीजीएम जागेश्वर वर्मा का ट्रांसफर कर दिया गया है.
वीआईपी प्रोटोकॉल विवाद और कर्मचारियों की ड्यूटी को लेकर उठे सवालों के बीच हुए इन तबादलों ने प्रशासनिक हलकों में हलचल बढ़ा दी है.




प्रयागराज बीएसएनएल प्रकरण में बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रयागराज के जीएम बृजेंद्र कुमार सिंह और डीजीएम जागेश्वर वर्मा का ट्रांसफर कर दिया गया है.
वीआईपी प्रोटोकॉल विवाद और कर्मचारियों की ड्यूटी को लेकर उठे सवालों के बीच हुए इन तबादलों ने प्रशासनिक हलकों में हलचल बढ़ा दी है.



अब देखना होगा कि विभागीय स्तर पर आगे और क्या कदम उठाए जाते हैं और क्या इस पूरे मामले में जवाबदेही तय की जाती है. फिलहाल इस पूरे मामले में विभागीय स्तर पर कोई बोलने को तैयार नहीं है.

आपको बता दें कि पूरा मामला जब प्रकाश में आया, जब डायरेक्टर विवेक बंजल का दौर पूरे प्रोटोकॉल जारी होने पर पूरा प्रोटोकॉल सोशल मीडिया पर वायरल हो गया.
इसमें उन बड़े अधिकारियों को सूची में नाम रखा गया और बकायदे नाम के आगे उन्हें क्या करना है वह भी शामिल किया गया.
इसके बाद डायरेक्टर विवेक बंजल का दौरा निरस्त हो गया. बंजल को 25 फरवरी को प्रयागराज आना था. इसके चलते डीजीएम द्वारा 19 फरवरी को प्रोटोकॉल जारी किया गया था. इसको लेकर 50 से अधिक अधिकारियों की तैनाती की गई थी, ताकि उनको कोई असुविधा न हो.

इतना ही नहीं एक-एक व्यक्ति को, उनको क्या संभालना है. इसकी जानकारी दी गई थी यहां तक की अंडर गारमेंट तक की जानकारी प्रोटोकॉल में दी गई थी.
इनके दिनचर्या का सारा सामान स्नान से लेकर दोपहर के भोज तक का व्यवस्थित कर लिया गया था. इतना ही नहीं एक टॉवल भी मिस ना हो, इसका भी विशेष ध्यान रखना को कहा गया था.

यही प्रोटोकॉल इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हो गया. इसके एक दिन बाद अचानक डायरेक्टर का दौरा निरस्त हो गया. आपको बता दें कि बीएसएनएल के डायरेक्टर विवेक बंजल का 25 फरवरी को प्रयागराज का दौरा था.
प्रोटोकॉल में बाकायदा हर मिनट की जानकारी दी गई थी कि किस समय वह कहां जाएंगे और उनके साथ कौन अधिकारी लगा रहेगा.
इसकी जानकारी दी गई थी कि सबसे पहले संगम स्नान में, जो उनकी दिनचर्या की चीज होती हैं वह भी एक विशेष अधिकारी को सौपी गई थी, ताकि स्नान के बाद उपयोग होने वाली कोई भी चीज छूट न जाए. यह प्रोटोकॉल इंटरनेट पर प्रसारित हो गया और यूजर्स तरह-तरह के कमेंट करने लगे.
सूत्रों की मानें, तो जब अधिकारियों के संज्ञान में या मामला पहुंचा, तो अचानक यह दौरान निरस्त कर दिया गया. बीएसएनएल के जनसंपर्क अधिकारी आशीष गुप्ता डायरेक्टर का दौरा निरस्त होने की जानकारी दी थी.
उसमें साफ लिखा गया था कि जो भी प्रोटोकॉल है. वह वैसे भी निरस्त समझा जाए, बाकी चीजों पर वह बोलने से बचते रहे.
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