कार में जलकर खाक हुई नकदी का सच आया सामने, होटल व्यवसाई का था पैसा
कार में बड़ी मात्रा में नोटों के जलने के मामले में पुलिस ने एक व्यापारी समेत 3 लोगों को हिरासत में लिया है.

Published : November 10, 2025 at 4:27 PM IST
चित्तौड़गढ़: रिठाला चौराहे पर दो दिन पहले चलती कार में बड़ी मात्रा में नोटों के जलने का सनसनीखेज मामला सामने आया था. शुरुआत में हवाला और दो करोड़ रुपए की तस्करी के कयास लग रहे थे, लेकिन पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि यह राशि अजमेर जिले के एक होटल व्यवसाई की थी, जो गुजरात के भावनगर जनरेटर खरीदने जा रहा था.
सदर थानाधिकारी निरंजन प्रतापसिंह ने बताया कि शनिवार शाम भीलवाड़ा-उदयपुर हाइवे पर रिठाला चौराहे के पास एक कार में अचानक आग लग गई. सूचना मिलते ही दमकल और पुलिस मौके पर पहुंची तो कार का अगला हिस्सा जल चुका था और बोनट से लेकर डैशबोर्ड तक हजारों नोट जल रहे थे. कार सवार कोई नहीं मिला. पुलिस ने मौके से अधजले नोट बरामद किए जिनका वजन 2 किलो से ज्यादा निकला.
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कार मालिक की पहचान: कार के नंबर से पता चला कि गाड़ी अजमेर जिले के गोविंदगढ़ निवासी संजय रावत की है. सदर थाने के ASI जगबीर सिंह ने अजमेर पहुंचकर संजय से पूछताछ की. संजय ने बताया कि वह देवमाली में होटल चलाता है. बिजली कटौती से परेशान होकर 5 लाख रुपए लेकर भावनगर जनरेटर खरीदने जा रहा था. इसमें 2 लाख उसके अपने थे और 3 लाख परिचित से उधार लिए थे. संजय के साथ उसका रिश्तेदार और एक दोस्त भी था. आग लगते ही तीनों डरकर भाग गए और कार लावारिस छोड़ दी. पुलिस ने रिश्तेदार और दोस्त से भी पूछताछ की, दोनों ने यही बयान दिया.
बोनट में क्यों छुपाए थे पैसे?: थानाधिकारी ने बताया कि संजय ने कबूल किया कि पुलिस चेकिंग से बचने के लिए नकदी कार के बोनट में रखी थी. पुलिस को यह बात हजम नहीं हो रही है. पुलिस का मानना है कि जब सारा लेन-देन वैध था तो बोनट में पैसे छुपाने की क्या जरूरत थी? यह जांच का विषय बना हुआ है. पुलिस को संदेह है कि कार में 5 लाख से कहीं ज्यादा नकदी थी, क्योंकि अगर सिर्फ 5 लाख होते तो इतनी भयानक आग में सारे नोट राख हो जाते, लेकिन बरामद अधजले नोटों का वजन 2 किलो से अधिक है. एक अनुमान के मुताबिक 500 के नोटों का 2 किलो वजन करीब 20-25 लाख रुपए के बराबर होता है.
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हवाला की आशंका हुई खारिज: थानाधिकारी का कहना है कि प्रथम दृष्टया मामला वैध लग रहा है. फिर भी बोनट में नकदी छुपाने, कार छोड़कर भागने और जले नोटों के वजन जैसे कई सवाल के जवाब मिलने बाकी हैं. पुलिस CCTV फुटेज खंगाल रही है और संजय के बैंक खातों व उधार देने वाले शख्स की भी पड़ताल की जा रही है. फिलहाल संजय रावत सहित तीनों लोग पुलिस हिरासत में हैं. मामले की गहन जांच जारी है.

