चित्तौड़गढ़ में पहली बार हुई राष्ट्रीय अंडर-14 हैंडबॉल प्रतियोगिता, 65 टीमों में होगा मुकाबला
इस प्रतियोगिता में जम्मू-कश्मीर से भी 37 खिलाड़ियों का दल पहुंचा है. जम्मू-कश्मीर की टीम के कोच ने बताया कि खिलाड़ियों का मनोबल ऊंचा है.

Published : January 5, 2026 at 5:42 PM IST
चित्तौड़गढ़: इंदिरा गांधी स्टेडियम में सोमवार को 69वीं अंडर-14 राष्ट्रीय विद्यालयी हैंडबॉल प्रतियोगिता का आगाज हुआ. आजादी के बाद पहली बार यह प्रतियोगिता चित्तौड़गढ़ में हो रही है. इसमें देशभर से बालक वर्ग के 33 राज्यों तथा बालिका वर्ग के 32 राज्यों की टीमें शामिल हैं, जिनमें कुल लगभग 1300 खिलाड़ी व अधिकारी भाग ले रहे हैं.
इस प्रतियोगिता में जिला कलेक्टर आलोक रंजन ने कहा कि यह चित्तौड़गढ़ के लिए एक ऐतिहासिक पल है, क्योंकि आजादी के बाद पहली बार यहां बालक व बालिका दोनों वर्गों की अंडर-14 राष्ट्रीय हैंडबॉल प्रतियोगिता आयोजित हो रही है. कलेक्टर ने बताया कि कड़ाके की सर्दी को देखते हुए खिलाड़ियों के आवास, परिवहन व अन्य सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा गया है, ताकि उन्हें उत्तम खेल माहौल मिल सके. उन्होंने सभी खिलाड़ियों को जीत की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि खेल जीवन का अभिन्न अंग है और इससे अनुशासन, आत्मविश्वास तथा सकारात्मक सोच का विकास होता है.
विधायक चंद्रभान सिंह आक्या ने कहा कि शिक्षा विभाग और जिला प्रशासन ने सभी टीमों को उच्चस्तरीय सुविधाएं दी है. विधायक ने खिलाड़ियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हार-जीत खेल का हिस्सा है, लेकिन खेल भावना के साथ खेलना ही सबसे बड़ी उपलब्धि है. उन्होंने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि वे स्वयं कबड्डी खिलाड़ी रहे हैं और खेलों से जीवन के विभिन्न क्षेत्रों में अवसर मिलते हैं. इस अवसर पर मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी प्रमोद दशोरा, राजेंद्र कुमार शर्मा सहित भाजपा से जुड़े हर्षवर्धन सिंह, रघु शर्मा, ओमप्रकाश शर्मा, हरीश ईनाणी, शैलेंद्र झंवर तथा अनेक जनप्रतिनिधि एवं शिक्षा विभाग के अधिकारी मौजूद रहे.
यह भी पढ़ें: बाड़मेर में को-ऑपरेटिव स्पोर्ट्स महोत्सव का आगाज, 30 टीमों के 350 खिलाड़ी ले रहे भाग
जम्मू-कश्मीर की टीम का उत्साह: प्रतियोगिता में जम्मू-कश्मीर से भी 37 खिलाड़ियों का दल पहुंचा है. इसमें से खिलाड़ी आराध्या ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा, 'यहां आकर अच्छा लगा है. कार्यक्रम बहुत अच्छा हुआ है. हम अपने मैच खेलेंगे और जीतना हमारा लक्ष्य है. हम अच्छा प्रदर्शन करेंगे.' जम्मू-कश्मीर की टीम के कोच ने बताया कि प्रतिकूल परिस्थितियों के बावजूद खिलाड़ियों का मनोबल बहुत ऊंचा है और वे पूरी लगन से प्रतिस्पर्धा में भाग लेंगे.

