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तथागत बुद्ध विहार बनेगा लखनऊ का नया टूरिस्ट हब, बौद्ध पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ रोजगार की गारंटी दे रही योगी सरकार

UP में बौद्ध पर्यटन की नई उड़ान! लखनऊ का तथागत बुद्ध विहार बनेगा प्रमुख केंद्र

UP में बौद्ध पर्यटन की नई उड़ान!
UP में बौद्ध पर्यटन की नई उड़ान! (Photo Credit: ETV Bharat)
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By ETV Bharat Uttar Pradesh Team

Published : July 8, 2026 at 10:08 AM IST

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लखनऊ: बौद्ध पर्यटन में उत्तर प्रदेश लगातार नई ऊंचाइयों को छू रहा है. हर साल उत्तर प्रदेश आने वाले बौद्ध श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ रही है. इसी को देखते हुए योगी सरकार पर्यटन सुविधाओं का तेजी से विस्तार कर रही है. तथागत बुद्ध विहार लखनऊ को सरकार प्रमुख केंद्र बनाने की दिशा में काम कर रही है.

तथागत बुद्ध विहार की बदल रही सूरत: तथागत बुद्ध विहार लखनऊ के प्रमुख बौद्ध पर्यटन स्थलों में शामिल होगा. इसके लिए आधुनिक भवन, सभा हॉल, डॉर्मिटरी (विश्राम गृह), शौचालय, अप्रोच रोड और भव्य प्रवेश द्वार बनाए जा रहे हैं. पूरे परिसर को इस तरह विकसित किया जा रहा है कि, यहां आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को साफ-सुथरा, सुरक्षित और बेहतर माहौल मिल सके.

पर्यटन सुविधाओं का तेजी से विस्तार
पर्यटन सुविधाओं का तेजी से विस्तार (Photo Credit: ETV Bharat)

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार धार्मिक, आध्यात्मिक और सांस्कृतिक पर्यटन के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है. बौद्ध पर्यटन सर्किट को मजबूत करने के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर पर्यटन, रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को भी इससे नई गति मिलेगी.- जयवीर सिंह, पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री, यूपी

पर्यटकों की संख्या में बढ़ोतरी: वर्ष 2023 में 47 लाख से अधिक बौद्ध श्रद्धालु और पर्यटक प्रदेश पहुंचे थे, जो 2024 में बढ़कर 61 लाख और 2025 में 81 लाख से अधिक हो गए. सरोजनी नगर स्थित तथागत बुद्ध विहार का करीब 75 लाख रुपये की लागत से विकास कराया जा रहा है, जिसका लगभग 70 फीसद कार्य पूरा हो चुका है. इससे बौद्ध पर्यटन को बढ़ावा मिलने के साथ स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे.

तथागत बुद्ध विहार का पर्यटन विकास कार्य निर्धारित समयसीमा और गुणवत्ता मानकों के अनुरूप तेजी से कराया जा रहा है. परियोजना पूरी होने के बाद यहां आने वाले देश-विदेश के बौद्ध श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बेहतर, सुरक्षित और सुविधाजनक वातावरण मिलेगा.- अमृत अभिजात, अपर मुख्य सचिव, संस्कृति, पर्यटन एवं धर्मार्थ कार्य विभाग

यह विकास कार्य न सिर्फ लखनऊ में बौद्ध पर्यटन को नई पहचान देगा, बल्कि उत्तर प्रदेश के बौद्ध पर्यटन सर्किट को भी और अधिक मजबूत बनाएगा.

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