ETV Bharat / state

सरगुजा जिले में एक और नवाचार, अंबिकापुर में खुला ‘आशा बिहान बाजार’, स्वयं सहायता समूह के उत्पादों को मिला मार्केट

छत्तीसकला ब्रांड से पूरे प्रदेश की महिलाओं के उत्पाद को संगठित किया गया है. गांव के प्रोडक्ट की ब्रांडिंग और पैकेजिंग अब हाईफाई हुई है.

Asha Bihan Bazaar Ambikapur
अंबिकापुर में खुला ‘आशा बिहान बाजार’, स्वयं सहायता समूह के उत्पादों को मिला मार्केट (ETV BHARAT CHHATTISGARH)
author img

By ETV Bharat Chhattisgarh Team

Published : February 27, 2026 at 8:48 PM IST

3 Min Read
Choose ETV Bharat

सरगुजा: जिला हमेशा अपने नवाचार के लिए जाना जाता है. इस बार भी अंबिकापुर में महिला स्वयं सहायता समूहों को सशक्त बनाने की दिशा में जिला प्रशासन ने एक बड़ा कदम उठाया है. अब समूह की महिलाओं के उत्पादों को ब्रांडिंग और आकर्षक पैकेजिंग भी मिल रही है. इसके साथ ही शहर में नया आउटलेट खोला गया है. जो इन उत्पादों को बेचने के लिए एक मार्केट की तरह काम आ रहा है.

भट्ठी रोड पर खुला ‘आशा बिहान बाजार’

अंबिकापुर के भट्ठी रोड में ‘आशा बिहान बाजार’ नाम से आउटलेट शुरू किया गया है. यहां महिलाओं द्वारा तैयार शुद्ध और देसी उत्पाद मिल रहे हैं. इन उत्पादों की ब्रांडिंग ‘छत्तीसकला’ के तहत की जा रही है, ताकि प्रदेश के अलग-अलग जिलों में बने सामान को एक प्लेटफॉर्म पर बेचा जा सके.

छत्तीसकला ब्रांड से महिलाओं को मिल रहा रोजगार (ETV BHARAT)

किचन में इस्तेमाल आने वाले शुद्ध प्रोडक्ट

यहां मोरिंगा पावडर, कच्ची घानी सरसों तेल, जीरा फूल चावल और तीखुर आटा जैसे शुद्ध उत्पाद मिलते हैं. पैकेजिंग टीसीपीसी सेंटर में होती है और सामान अलग-अलग गांव की दीदियां बनाती हैं. गांव किशुन नगर की रहने वाली आशा देवी इस आउटलेट की संचालिका हैं.

Asha Bihan Bazaar Ambikapur
भट्ठी रोड पर खुला ‘आशा बिहान बाजार’ (ETV BHARAT CHHATTISGARH)

पहले हमारे पास सामान बेचने के लिए स्थायी जगह नहीं थी. लखपति दीदी योजना के तहत 5 लाख रुपये का लोन मिला, जिससे हमने ‘आशा बिहान बाजार’ शुरू किया.- आशा देवी, संचालिका

Asha Bihan Bazaar Ambikapur
छत्तीसकला ब्रांड से पूरे प्रदेश की महिलाओं के उत्पाद को संगठित किया गया (ETV BHARAT CHHATTISGARH)

ब्रांडिंग से मिलेगा सही बाजार

जिला पंचायत सीईओ विनय अग्रवाल ने बताया कि बिहान की दीदियां कई उत्पाद बनाती हैं, लेकिन सही प्लेटफॉर्म और ब्रांडिंग नहीं मिलने से बाजार में पहचान नहीं बन पा रही थी.

अब शहर के बीच में आउटलेट खुलने से सरगुजा नेचुरल और छत्तीसकला ब्रांड के तहत बस्तर सहित अन्य जिलों के उत्पाद भी यहां मिलेंगे.- विनय अग्रवाल, CEO जिला पंचायत

Asha Bihan Bazaar Ambikapur
गांव के प्रोडक्ट की ब्रांडिंग और पैकेजिंग अब हाईफाई हुई (ETV BHARAT CHHATTISGARH)

क्यों महंगे हैं ‘छत्तीसकला’ के उत्पाद?

इन उत्पादों की कीमत बाजार से थोड़ी ज्यादा है क्योंकि ये पूरी तरह देसी और शुद्ध तरीके से तैयार किए जाते हैं. लागत अधिक होने के कारण कीमत भी अधिक है, लेकिन गुणवत्ता की गारंटी दी जा रही है.

जानिए खास उत्पाद और उनके दाम

  • बाजरा आटा- 80 रु./किलो
  • जौ आटा- 80 रु./किलो
  • ज्वार आटा- 80 रु./किलो
  • राहर दाल (भुनी)- 190 रु./किलो
  • कुरथी दाल (भुनी)- 120 रु./किलो
  • मल्टीग्रेन आटा- 90 रु./किलो
  • बरिहा कुम्हड़ा बरी- 70 रु./100 ग्राम
  • मूली बरी- 50 रु./100 ग्राम
  • तिलौरी- 65 रु./100 ग्राम
  • चावल आटा- 60 रु./किलो
  • गेहूं आटा- 230 रु./5 किलो
  • बस्तर का तीखुर- 250 रु./250 ग्राम
  • मोरिंगा पावडर- 199 रु./250 ग्राम
  • सरसों तेल- 230 रु./लीटर
  • जीरा फूल चावल- 160 रु./किलो
  • चना सत्तू- 35 रु./250 ग्राम

1 लाख से ज्यादा महिलाएं जुड़ीं स्वरोजगार से

जिले में करीब 1 लाख 13 हजार महिलाएं स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी हैं, जिनमें से लगभग 25 हजार महिलाएं ‘लखपति दीदी’ श्रेणी में पहुंच चुकी हैं. सरगुजा जिले में नेशनल रूरल लाइवलीहुड मिशन के तहत महिलाएं विभिन्न क्षेत्रों में काम कर रही हैं.

  • उद्योग सखी- 221
  • कृषि सखी- 552
  • पशु सखी- 548
  • जेंडर मित्र- 14
  • बैंक सखी- 135
  • विद्युत सखी- 11
  • परिवहन सखी- 64

आशा बिहान बाजार के अलावा स्वयं सहायता समूह के कई प्रोडक्ट अब शहर की दुकानों और ई कॉमर्स साइट्स पर भी उपलब्ध हैं.

अंबिकापुर में पीलिया हुआ कंट्रोल, वाटर रिपोर्ट आई क्लीन , प्रशासन का दावा मौतों की वजह कुछ और
स्ट्रॉबेरी की खेती ने बनाया मालामाल, 1 लाख से शुरू हुआ मुनाफा 7 लाख तक पहुंचा

जो कभी संविधान विरोधी थे उन्होंने देखी सदन की कार्यवाही, छत्तीसगढ़ विधानसभा पहुंचे रुपेश समेत 125 पूर्व नक्सली