क्लास की छत से टपक रहा पानी, कैसे करें पढ़ाई? स्कूल छोड़ कलेक्टर से मिलने निकल पड़े छात्र
शहडोल जिला मुख्यालय के एक्सीलेंस स्कूल का मामला. 11वीं के छात्र शहडोल जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचे. अखिलेश शुक्ला की रिपोर्ट.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : August 21, 2026 at 4:23 PM IST
शहडोल: शहडोल में पिछले कुछ दिनों से लगातार झमाझम बरसात का दौर देखने को मिल रहा है. गुरुवार रात से ही बारिश का सिलसिला जारी है. चारों ओर पानी ही पानी है. इसी दौरान मौसम खुलते ही तो शहडोल जिला मुख्यालय के ही स्कूली बच्चे कलेक्टर से मिलने जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंच गए. बच्चों का कहना था कि कलेक्टर से मिलकर ही अपनी समस्या बताएंगे, सुना है वह ऑन द स्पॉट एक्शन ले लेते हैं. शायद हमारी समस्या का भी समाधान हो जाए.
कलेक्टर से मिलने पहुंचे छात्र
शहडोल जिला मुख्यालय के एक्सीलेंस स्कूल के 11वीं के कुछ छात्र शहडोल जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंच गए, और कलेक्टर से मिलने की जिद करने लग गए. उनका कहना था कि वे अपनी शिकायत कलेक्टर साहब को ही बताएंगे, सुना है वह तुरंत निराकरण कर देते हैं.
हालांकि शुक्रवार को जनविश्वास अभियान के तहत कलेक्टर समेत सभी अधिकारी कर्मचारी फील्ड में थे, जिससे उनकी मुलाकात नहीं हो सकी. कलेक्टर से मिलने की चाहत में बच्चे वहीं बैठने को तैयार थे, लेकिन जब बताया गया कि कलेक्टर फील्ड में हैं तो फिर उन्होंने अपनी मांगों को ज्ञापन दिया.
छात्रों ने कहा- क्लास में पानी, कहां करें पढ़ाई
एक्सीलेंस स्कूल से जिला कलेक्ट्रेट में पहुंची छात्रा तमन्ना निशा सारी ने कहा, "हमलोग रघुराज क्रमांक 2 से आए हैं. हमें नई बिल्डिंग में बैठने नहीं दिया जा रहा है जबकि नई बिल्डिंग तैयार है. हमें ऐसी बिल्डिंग में बिठाया जा रहा है जहां सीलिंग से पानी आता है. इन दिनों बारिश की वजह से क्लास रूम में पानी भरा हुआ है, बेंच पर भी पानी रहता है, ऊपर से पानी टपकता रहता है."
दूसरी छात्रा निहारिका बंसल बताती हैं, "मैं कक्षा 11 की छात्रा हूं. क्लास तो लगती है लेकिन पानी में कैसे पढ़ेंगे, क्लास रूम में गंदगी भी रहती है. पानी भरा रहता है जिसकी वजह से हमलोग पढ़ाई नहीं कर पाते हैं."
बच्चे ज्यादा हैं क्लास छोटी है ऐसे में कैसे पढ़ाई कैसे होगी
उसी स्कूल की दूसरी छात्रा सरस्वती यादव बताती हैं "क्लास में जब बैठने की व्यवस्था ही नहीं होगी, हम पढ़ाई कैसे करेंगे. अभी इन दिनों क्लास को एडजस्ट करके शिफ्ट किया जा रहा है. कभी हाल में बिठाया जाता है कभी क्लासरूम में. नई बिल्डिंग बनकर नई तैयार हो गई है, लेकिन टीचर बोलते हैं कि ठेकेदार अभी बिल्डिंग दे नहीं रहा है. इसीलिए हम लोग कलेक्टर साहब से गुजारिश करने आए हैं कि हमें नई बिल्डिंग दिलाया जाए, जिससे हमारी पढ़ाई हो सके."

