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अपनी कला से छात्र गढ़ रहा देवी की मूर्तियां, बन रहा लोगों के आकर्षण का केंद्र

बोकारो में एक छात्र विद्या की देवी को आकार देकर अपना जीवन यापन कर रहा है.

STUDENT CREATED SCULPTURE IN BOKARO
देवी सरस्वती की मूर्ति को आकार देता छात्र (ईटीवी भारत)
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By ETV Bharat Jharkhand Team

Published : January 6, 2026 at 7:58 PM IST

2 Min Read
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बोकारो: कहते हैं कि हौसलों की उड़ान हो ऊंची तो आसमान भी कम पड़ जाती है. इसी कहावत को चरितार्थ करता है सुदूरवर्ति गांव से निकल शहर में आकर विद्यादायिनी मां सरस्वती की मूर्ति को एक छात्र आकर दे रहा है. आसनमनी चंदनकियारी प्रखंड का एक युवा राकेश कुंभकार बोकारो शहर में सेक्टर-1 राम मंदिर के पास आकर सरस्वती मां की मूर्ति गढ़ रहा है.

मूर्ति गढ़ रहे युवक स्वामी सहजानंद कॉलेज में सेमेस्टर 3 का छात्र है. आर्थिक रूप से कमजोर यह छात्र घर की स्थिति और अपनी पढ़ाई का खर्च निकालने को लेकर प्रयासरत है. इसी कारण अपने पुश्तैनी कारोबार से थोड़ा इतर मूर्ति को आकार देने में लग गया. जिससे थोड़ी बहुत कमाई के साथ कला की पैमाइश भी हो जाती है.

जानकारी देते मूर्तिकार और ग्राहक (ईटीवी भारत)

गांव में पिता मिट्टी का बर्तन तो बेट बना रहे शहर में मूर्ति

मूर्ति बना रहे युवक के पिता गांव में मिट्टी के बर्तन बनाने का काम करते हैं. उसका कहना है कि कला की सही कीमत गांव में नहीं मिलती. इसलिए शहर में आकर वह मूर्ति का निर्माण कर रहा हूं. युवक के सास 2500 से 12 हजार तक की मूर्तियां उपलब्ध है. मूर्ति निर्माण में गंगा और दामोदर नदी के साथ-साथ लोकल मिट्टी का भी उपयोग किया गया है.

student created sculpture in bokaro
देवी की प्रतिमा (student created sculpture in bokaro)

युवक ने कहा कि मूर्ति बनाने में वह कभी भी क्वालिटी से कंपरमाइज नहीं किया है. जिसके कारण उसकी मूर्तियों के दाम ज्यादा है और बिक भी तुरंत जाता है. मूर्ति बनाने का साथ-साथ वह प्रतियोगिता परीक्षाओं का भी तैयारी करता है. वे मूर्ति बनाने के साथ-साथ पेंटिंग और स्केच बनाने में भी रुचि रखता है. युवक ने बताया कि वे चार-पांच साल से मूर्ति बना रहा है.

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