अबूझमाड़ के कोड़नार कैंप में जवान की गोली लगने से मौत, आत्महत्या की आशंका
अबूझमाड़ में एक माह में कैंप में गोलीकांड की तीसरी घटना से पुलिस महकमे में शोक की लहर है.

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : December 25, 2025 at 2:38 PM IST
नारायणपुर: छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित नारायणपुर जिले से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है. अबूझमाड़ के नवस्थापित कोड़नार कैंप में तैनात जिला बल के एक जवान, पिंगल कुमार जुर्री, की गोली लगने से संदिग्ध अवस्था में मौत हो गई है. प्राथम दृष्टि में मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, हालांकि पुलिस प्रशासन दुर्घटना और अन्य तकनीकी पहलुओं पर भी बारीकी से जांच कर रहा है. महकमे में एक महीने के भीतर गोली चलने की यह तीसरी बड़ी घटना है, जिसने सुरक्षाबलों के बीच मानसिक तनाव और सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़े कर दिए हैं.
कैंप में गोली की आवाज के बाद लहूलुहान हालत में मिला जवान
यह घटना नारायणपुर के कोहकामेटा थाना अंतर्गत ग्राम कोड़नार कैंप की है. जानकारी के अनुसार, जवान पिंगल कुमार जुर्री (निवासी कांकेर) कैंप में तैनात थे. अचानक गोली चलने की आवाज आई, जिसके बाद साथी जवान मौके पर पहुंचे तो पिंगल को लहूलुहान अवस्था में पाया. गोली जवान के सिर के दाहिने हिस्से (कनपटी) में लगी है. उनके पार्थिव शरीर को BSF की एम्बुलेंस से जिला अस्पताल नारायणपुर लाया गया, जहां पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया जारी है.
नारायणपुर पुलिस कर रही जांच
नारायणपुर पुलिस अधीक्षक रॉबिनसन गुड़िया ने घटना की पुष्टि की है. पुलिस फिलहाल आत्महत्या, गलतीवश गोली चलना (Accidental Discharge) या किसी अन्य तकनीकी कारण को ध्यान में रखकर जांच कर रही है. जिला अस्पताल में पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी पहुंच चुके हैं.
कैंप की स्थिति
कोड़नार कैंप अभी हाल ही में 19 दिसंबर को स्थापित किया गया था, ताकि अबूझमाड़ के अंदरूनी इलाकों में सुरक्षा और विकास को मजबूती दी जा सके.साल 2025 में कोड़नार में 24वें जन सुरक्षा एवं सुविधा कैंप की स्थापना के साथ ही इलाके के हालात बदलने लगे हैं.
एक महीने में कैंप में गोलीकांड की तीसरी घटना
बस्तर संभाग में जवानों के बीच बढ़ते तनाव की ओर यह घटना इशारा करती है. इससे पहले भी BSF के एक जवान ने होरादी कैंप में अपनी जान दे दी थी. वहीं नारायणपुर के कड़ेनार में विगत दिनों पहले गलतिवश गोली चलने से DRG के जवान बलदेव हुर्रा की जान चली गई थी. एक महीने के भीतर गोलीबारी से मौत की यह तीसरी घटना सुरक्षाबलों के लिए गंभीर चिंता का विषय बनी हुई है.

