ETV Bharat / state

राजस्थान में SIR के बाद मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन, 5.15 करोड़ वोटर्स शामिल, 31 लाख नाम कटे

राजस्थान में 199 विधानसभा क्षेत्रों की मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन आज हुआ, जिसमें 5.15 करोड़ से अधिक मतदाता शामिल हैं.

Rajasthan Voter List 2026
इलेक्शन कमीशन ऑफ इंडिया, दिल्ली (ETV Bharat File Photo)
author img

By ETV Bharat Rajasthan Team

Published : February 21, 2026 at 5:46 PM IST

6 Min Read
Choose ETV Bharat

जयपुर: राजस्थान में 199 विधानसभा क्षेत्रों की मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR)-2026 का कार्य सफलतापूर्वक पूरा हो गया है. इसमें अंता विधानसभा सीट शामिल नहीं है. आज 21 फरवरी 2026 को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन किया गया, जिसमें कुल 5,15,19,929 मतदाता शामिल हैं. एसआईआर के अंतिम चरण में प्रदेश में 31 लाख 36 हजार 286 वोटरों के नाम कट गए हैं.

16 दिसंबर 2025 को जारी ड्राफ्ट लिस्ट के बाद 10.48 लाख वोटर बढ़े हैं. ड्राफ्ट लिस्ट में 41.84 लाख वोटर्स के नाम कट गए थे. निर्वाचन विभाग से जारी आंकड़ों के मुताबिक, ड्राफ्ट लिस्ट के बाद 12.91 लाख नए वोटर जोड़े गए हैं, जबकि ड्राफ्ट प्रकाशन के बाद 2,42,760 मतदाताओं के नाम हटाए गए. अन्ता विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन 12 मार्च 2026 को किया जाएगा.

इसे भी पढ़ें- SIR Jodhpur: 2 लाख मतदाताओं के नाम कटे, गहलोत की सीट सरदारपुरा से सर्वाधिक हटाए

एसआईआर-2026: प्रमुख आंकड़े (27 अक्टूबर 2025 – 21 फरवरी 2026)

  • 27 अक्टूबर 2025 को कुल मतदाता: 5,46,56,215
  • ड्राफ्ट सूची में शामिल न हुए (ASD) मतदाता: 41,84,891
  • 16 दिसंबर 2025 को ड्राफ्ट सूची में कुल मतदाता: 5,04,71,324
  • ड्राफ्ट प्रकाशन के बाद जोड़े गए नए मतदाता: 12,91,365
  • ड्राफ्ट प्रकाशन के बाद हटाए गए मतदाता: 2,42,760
  • अंतिम प्रकाशन (199 विधानसभा) में कुल मतदाता: 5,15,19,929

अंतिम प्रकाशित सूची में मतदाताओं का विवरण

  • पुरुष मतदाता: 2,69,57,881
  • महिला मतदाता: 2,45,61,486
  • ट्रांसजेंडर मतदाता: 562

इसे भी पढ़ें- डोटासरा बोले- SIR में भाजपा को मुंह की खानी पड़ी, कांग्रेस ने उसके मंसूबे फेल किए

जिलों में उल्लेखनीय वृद्धि: निर्वाचन आयोग के अनुसार, प्रारूप सूची की तुलना में 10,48,605 (2.08%) मतदाताओं की शुद्ध वृद्धि दर्ज की गई है. राज्य में जयपुर जिले में 3.45 प्रतिशत, फलौदी में 3.22 प्रतिशत, भरतपुर में 2.78 प्रतिशत, सिरोही में 2.72 प्रतिशत और बूंदी में 2.71 प्रतिशत कुल मतदाताओं में वृद्धि हुई है. अंतिम प्रकाशन में लिंगानुपात में 2 अंकों की वृद्धि हुई है, जो प्रारूप प्रकाशन के समय 909 से अंतिम प्रकाशन के समय 911 हो गया है. राज्य में जयपुर जिले में 7 अंक, कोटा में 6 अंक, अजमेर, सिरोही, डूंगरपुर, बूंदी, झालावाड़ और बारां में 4 अंक की वृद्धि हुई है.

प्रारूप मतदाता सूची के प्रकाशन के बाद अंतिम प्रकाशन में युवा मतदाताओं (18 से 19 वर्ष आयुवर्ग) की संख्या में 4,35,061 की वृद्धि हुई है, जो 0.82 प्रतिशत है। राज्य में जयपुर जिले में 1.30 प्रतिशत, बाड़मेर में 1.26 प्रतिशत, भरतपुर में 1.22 प्रतिशत, फलौदी में 1.18 प्रतिशत तथा बूंदी में 1.09 प्रतिशत युवा मतदाताओं की संख्या में वृद्धि हुई है.

इसे भी पढ़ें- SIR पर सदन में हंगामा, सत्ता–विपक्ष आमने-सामने, विधानसभा अध्यक्ष बोले, 'विशेषज्ञों की राय लेंगे'

राजनीतिक दलों की सक्रिय भागीदारी: मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवीन महाजन ने बताया कि इस वृहद अभियान को प्रदेश के सभी 41 जिलों के जिला निर्वाचन अधिकारियों (डीईओ), 199 निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों (ईआरओ), 1651 सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों (एईआरओ) और 61,136 बूथ स्तर अधिकारियों (बीएलओ) के समन्वित प्रयासों से सफल बनाया गया. इसके अलावा लाखों स्वयंसेवकों तथा सभी प्रमुख राजनीतिक दलों की सक्रिय भागीदारी भी रही. राजनीतिक दलों के जिला अध्यक्षों और उनके द्वारा नियुक्त 1,08,252 बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) ने भी मतदाता सत्यापन एवं सुधार प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.

मीडिया और राजनीतिक दलों का महत्वपूर्ण योगदान: मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने पूरी प्रक्रिया के दौरान जागरूकता फैलाने और रचनात्मक सुझाव देने के लिए प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया का आभार व्यक्त किया. विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया को पारदर्शी और सहभागी बनाने के लिए राजनीतिक दलों के साथ नियमित बैठकें आयोजित की गईं. मुख्य निर्वाचन अधिकारी, जिला निर्वाचन अधिकारी, निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी और बीएलओ ने पात्र मतदाताओं की पहचान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से ASD मतदाताओं की बूथ-स्तरीय सूचियाँ राजनीतिक दलों के साथ साझा कीं. ड्राफ्ट मतदाता सूची भी सभी राजनीतिक दलों को उपलब्ध कराई गई, साथ ही, ड्राफ्ट सूची में शामिल न किए गए नामों की सूची मुख्य निर्वाचन अधिकारी, राजस्थान तथा संबंधित जिला निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट पर आमजन के अवलोकन के लिए प्रदर्शित की गई, जिससे प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता सुनिश्चित हो सके.

इसे भी पढ़ें- कांग्रेस ने फिर सरकार को घेरा, कहा- SIR के नाम पर लोकतंत्र की हत्या का नंगा नाच किया जा रहा

संवैधानिक प्रावधानों के अनुरूप कार्रवाई: नवीन महाजन ने बताया कि यह विशेष गहन पुनरीक्षण संविधान के अनुच्छेद 326 के प्रावधानों तथा निर्वाचन आयोग के आदर्श वाक्य “कोई भी पात्र मतदाता छूटने न पाए और कोई भी अपात्र व्यक्ति मतदाता सूची में शामिल न हो” के अनुरूप संपन्न किया गया. मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था की मजबूती के लिए शुद्ध एवं अद्यतन मतदाता सूची अत्यंत आवश्यक है, और इसी उद्देश्य से यह व्यापक अभियान सफलतापूर्वक पूरा किया गया.

युवा मतदाताओं में वृद्धि

  • 18–19 वर्ष आयुवर्ग में कुल 4,35,061 (0.82%) की वृद्धि हुई है.
  • जयपुर – 1.30%
  • बाड़मेर – 1.26%
  • भरतपुर – 1.22%
  • फलौदी – 1.18%
  • बूंदी – 1.09%

मतदाता सूची देखने व संशोधन की सुविधा: मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि कोई भी मतदाता जिला निर्वाचन अधिकारी, मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट https://election.rajasthan.gov.in और https://voters.eci.gov.in पर ऑनलाइन EPIC कार्ड के माध्यम से अपना नाम देख सकता है. नाम जोड़ने (फॉर्म-6), हटाने या संशोधन (फॉर्म-8) की प्रक्रिया सतत जारी है. आवेदन ECINet App, Voters Portal या संबंधित बीएलओ के माध्यम से किया जा सकता है. उन्होंने कहा कि अपील का प्रावधान है. निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी के निर्णय के विरुद्ध प्रथम अपील: जिला मजिस्ट्रेट को, अंतिम प्रकाशन से 15 दिवस में, द्वितीय अपील: मुख्य निर्वाचन अधिकारी, राजस्थान को, जिला मजिस्ट्रेट के निर्णय के 30 दिवस के भीतर कर सकता है.

इसे भी पढ़ें- कांग्रेस सेवादल के महा​सचिव पटेल बोले- बीजेपी की 'वोट काटने की नीति' है SIR

इसे भी पढ़ें- SIR में वोटर नाम कटवाने में कांग्रेस भाजपा से कई गुना पीछे, आयोग ने जारी किए फाइनल आंकड़े