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वंदे मातरम् विवाद: रिज मैदान पर भाजपा का प्रदर्शन, जयराम बोले- कांग्रेस तय नहीं कर सकती राष्ट्रगीत कैसे गाया जाए

नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि राष्ट्रगीत के सम्मान को लेकर किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जा सकता.

SHIMLA BJP PROTEST
रिज मैदान पर भाजपा का प्रदर्शन (ETV BHARAT)
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By ETV Bharat Himachal Pradesh Team

Published : August 23, 2026 at 3:32 PM IST

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शिमला: हिमाचल प्रदेश विधानसभा में वंदे मातरम् के गायन को लेकर शुरू हुआ विवाद अब विधानसभा से बाहर भी पहुंच गया है. रविवार को नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के नेतृत्व में भाजपा विधायक दल ने शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान पर महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने जवाबी धरना दिया. इस दौरान भाजपा विधायकों और कार्यकर्ताओं ने सामूहिक रूप से वंदे मातरम् का गायन किया. करीब डेढ़ घंटे चले प्रदर्शन में देशभक्ति के गीतों और नारों से रिज मैदान गूंजता रहा.

भाजपा विधायक दल ने प्रदर्शन की शुरुआत महात्मा गांधी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित करने के साथ की. इसके बाद सभी विधायकों और कार्यकर्ताओं ने सामूहिक रूप से वंदे मातरम् गाया. भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि विधानसभा में राष्ट्रगान के बाद राष्ट्रगीत के गायन को लेकर सरकार ने उचित व्यवस्था नहीं की. इसी मुद्दे पर भाजपा ने सदन के भीतर भी विरोध जताया था.

रिज मैदान पर भाजपा का प्रदर्शन (ETV BHARAT)

'राष्ट्रगीत के सम्मान से समझौता नहीं'

नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि वंदे मातरम् भारत के स्वतंत्रता संग्राम की प्रेरणा रहा है. उन्होंने कहा कि देश के अनेक स्वतंत्रता सेनानियों ने इसी भावना से प्रेरणा लेकर आजादी की लड़ाई लड़ी. ऐसे राष्ट्रगीत के सम्मान को लेकर किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जा सकता. उन्होंने कहा कि भाजपा विधायक दल की मांग केवल इतनी थी कि विधानसभा में संपूर्ण वंदे मातरम् का सम्मानपूर्वक गायन किया जाए. उन्होंने आरोप लगाया कि सदन की कार्यवाही से पहले तैयार कार्यक्रम में वंदे मातरम् का उल्लेख था, लेकिन बाद में इसे हटा दिया गया. भाजपा ने सदन में यह विषय उठाया, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच गतिरोध की स्थिति बनी.

कांग्रेस पर साधा निशाना

जयराम ने कांग्रेस के पुराने रुख का उल्लेख करते हुए कहा कि वर्ष 1937 में कांग्रेस ने वंदे मातरम् के कुछ अंशों को अपनाने का निर्णय लिया था. उन्होंने कहा कि आज देश में राष्ट्रगीत के सम्मान का विषय किसी राजनीतिक दल के फैसले से नहीं, बल्कि राष्ट्रीय भावना और संवैधानिक व्यवस्था के अनुसार देखा जाना चाहिए. कांग्रेस वर्किंग कमेटी का कोई फैसला देश और लोकतांत्रिक संस्थाओं से ऊपर नहीं हो सकता. उन्होंने कहा कि भाजपा विधायकों पर राष्ट्रगान के अपमान के लगाए जा रहे आरोपों को भी खारिज किया. उन्होंने कहा कि विधानसभा में राष्ट्रगान के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के सभी सदस्य सम्मान के साथ खड़े हुए थे. इसके बाद विपक्ष ने वंदे मातरम् के गायन की मांग उठाई थी.

प्रदर्शन के दौरान भाजपा विधायक दल
प्रदर्शन के दौरान भाजपा विधायक दल (ETV BHARAT)

कार्यवाही का वीडियो सार्वजनिक करने की मांग

नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि भाजपा पिछले तीन दिनों से विधानसभा की उस कार्यवाही का वीडियो मांग रही है. विधानसभा अध्यक्ष से भी इस संबंध में मुलाकात की गई है और विपक्षी विधायकों ने विधानसभा सचिव को लिखित रूप से वीडियो उपलब्ध करवाने की मांग की है. यदि कांग्रेस के आरोप सही हैं तो विधानसभा की पूरी कार्यवाही का वीडियो सार्वजनिक किया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि भाजपा इस मामले में कानूनी विकल्पों पर भी विचार कर रही है. जरूरत पड़ने पर पार्टी हाईकोर्ट का रुख करने से भी पीछे नहीं हटेगी. उन्होंने कहा कि रिज मैदान पर सामूहिक वंदे मातरम् का गायन इसी मुद्दे पर भाजपा का स्पष्ट संदेश देने के लिए किया गया है.

जयराम ने कहा कि भाजपा विधानसभा में बेरोजगारी, रोजगार की गारंटी, प्रदेश की आर्थिक स्थिति और अन्य जनहित के मुद्दों पर चर्चा चाहती है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव के दौरान पांच वर्षों में पांच लाख रोजगार और हर साल एक लाख नौकरियां देने की गारंटी दी थी. विपक्ष सरकार से इन वादों की स्थिति पर जवाब मांगना चाहता है.

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