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श्योपुर में हॉस्टल अधीक्षक की लापरवाही!, रात में नहीं रुकते, छात्रों को होती है परेशानी

श्योपुर में बालक छात्रावास के हॉस्टल अधीक्षक पर गंभीर आरोप, 12 बजे पहुंचते हैं हॉस्टल और स्कूल खत्म होते ही वापस चले जाते हैं घर.

SUPERINTENDENT NOT STAY IN HOSTEL
रात में नहीं रूकते हॉस्टल अधीक्षक (ETV Bharat)
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By ETV Bharat Madhya Pradesh Team

Published : March 3, 2026 at 9:34 PM IST

3 Min Read
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रिपोर्ट: धीरज बलोथिया

श्योपुर: आदिम जाति कल्याण विभाग की ओर से संचालित श्योपुर के सेसईपुरा में बालक छात्रावास में हॉस्टल अधीक्षक की लापरवाही सामने आई है. छात्रों ने बताया कि वे प्रतिदिन करीब 12 बजे दिन में छात्रावास पहुंचते हैं. इसके बाद करीब 5 बजे वापस अपने घर चले जाते हैं. जिससे रात को छात्र बिना अधीक्षक के रहने को मजबूर हैं, जिससे उन्हें कई तरह की परेशानी भी होती है.

हॉस्टल में रजिस्टर्ड हैं 50 बच्चे

शासन की गाइडलाइन के अनुसार अनुसूचित जाति जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आदिम जाति जनजाति कल्याण विभाग और सर्व शिक्षा अभियान के माध्यम से गरीब परिवारों के बच्चों के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही है. इन्हीं योजनाओं के तहत सेसईपुरा में एक छात्रावास चलाया जा रहा है. जहां करीब 50 बच्चे रजिस्टर्ड हैं.

12 बजे पहुंचते हैं हॉस्टल और स्कूल खत्म होते ही वापस चले जाते हैं हॉस्टल अधीक्षक (ETV Bharat)

स्कूल खत्म होते ही घर चले जाते हैं हॉस्टल अधीक्षक

सेसईपुरा बालक छात्रावास में पदस्थ हॉस्टल अधीक्षक विजय सोलंकी ने ऑन कैमरा ये स्वीकार किया किया वे 12 बजे स्कूल पहुंचे हैं. लेकिन जब उनसे कारण पूछा गया, तो वे कहने लगे कि बच्चों का पेपर चल रहा है, जिसके कारण देरी हुई. जबकि छात्रों का आरोप है कि वे प्रतिदिन 12-1 बजे ही स्कूल आते हैं.

छात्रावास में रहने वाले छात्रों ने बताया कि अधीक्षक विजय सोलंकी कराहल में रहते हैं. वे रोज 12-1 बजे आते हैं और 5 बजे वापस चले जाते हैं. रात के समय वे हॉस्टल में नहीं रुकते हैं.

बीईओ ने सहायक आयुक्त से शिकायत करने का दिया आश्वासन

इस संबंध में जब कराहल विकासखंड के बीईओ प्रदीप श्रीवास्तव से बातचीत की गई, तो उन्होंने कहा "मुझे जानकारी है. अधीक्षक सुबह जल्दी स्कूल जाते हैं और शाम 6 बजे वापस आते है. इस संबंध में सहायक आयुक्त आरके गुप्ता को इस संबंध में जानकारी दे दी जाएगी." वहीं, इस संबंध में आदिम जाति कल्याण विभाग के सहायक आयुक्त आरके गुप्ता और कलेक्टर अर्पित वर्मा से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने कॉल का जवाब नहीं दिया.

हॉस्टल में नहीं रुकने वाले अधीक्षक पर कार्रवाई: मंत्री विजय शाह

बीते 2 माह पहले मंत्री विजय शाह ने कहा था कि छात्रावास में जो अधीक्षक नहीं रुकेगा उसे पद से हटाया जाएगा. छात्र-छात्राओं की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है. अधीक्षक को छात्रावास में रात भर रुकना होगा. नियमों का पालन नहीं करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जायगी. इसके बावजूद सेसईपुरा में बालक छात्रावास के अधीक्षक की लापरवाही सामने आई है. अब देखना होगा कि इस पर क्या एक्शन होता है.