मध्य प्रदेश के एकमात्र आवासीय खेलकूद संस्थान सीहोर में स्टूडेंट्स की सेहत से खिलवाड़
सीहोर के आवासीय खेलकूद संस्थान में दूषित पानी और गुणवत्ताहीन भोजन खाकर खिलाड़ी बीमार पड़ रहे. परिसर में चारों ओर गंदगी.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : January 8, 2026 at 2:02 PM IST
सीहोर : मध्य प्रदेश की खेल प्रतिभाओं को तराशने के लिए सीहोर में प्रदेश का एकमात्र आवासीय खेलकूद संस्थान शुरू किया गया. ये संस्थान अपने मकसद में पूरी तरह नाकाम हो रहा है. यहां से खेल प्रतिभाएं निकलना तो दूर, खिलाड़ी बीमार पड़ रहे हैं. यहां रहने वाले बच्चों को न तो मैनू के अनुसार खाना मिलता है और न साफ पानी. नतीजनत बच्चे लगातार बीमार हो रहे हैं.
छतों पर रखी टंकियों का पानी पीते हैं खिलाड़ी
खेल संस्थान में वाटर कूलर सालों से शोपीस बना हुआ है. मजबूरी में छात्र छतों पर रखी टंकियों का पानी पी रहे हैं. इन टंकियों की सालों से सफाई नहीं हुई है. इसी दूषित पानी का उपयोग मैस में खाना बनाने के लिए भी किया जा रहा है. मैस के भीतर चारों ओर गंदगी है, जो संक्रामक बीमारियों को खुला निमंत्रण दे रहा है.
दूषित पानी से छात्र को हुआ पीलिया
यहां मैस में कच्ची रोटियां दी जाती हैं. खिलाडिय़ों को मिलने वाली डाइट के नाम पर यहां केवल खानापूर्ति हो रही है. छात्र हेमंत परमार ने बताया "मैस में रोटियां अक्सर कच्ची दी जाती हैं. मीनू के अनुसार पोषण युक्त भोजन नहीं मिलता. नियमों के मुताबिक ठंड की शुरुआत से ही डाइट में अंडे शामिल होने थे, लेकिन अब देना शुरू किया गया है."
दूषित पानी से 9वीं का छात्र योगेंद्र यादव बीमार हो गया. छात्र योगेंद्र यादव का कहना है "उसे दूषित पानी पीने से पीलिया हो गया. उसे इलाज के लिए अपने घर जाना पड़ा, जहां वह 15 दिन तक अस्पताल में भर्ती रहा."
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वीआईटी कांड से नहीं लिया सबक
कुछ दिन पहले सीहोर के वीआईटी कांड से कोई सबक नहीं लिया गया. वीआईटी कॉलेज में गुणवत्ताहीन भोजन के कारण अनेक छात्रों को पीलिया हुआ था और एक छात्रा की मौत के बाद 4 हजार छात्रों ने कैंपस में भारी तोडफ़ोड़ व आगजनी की थी. मामला विधानसभा से लेकर राज्यसभा तक गूंजा था, जिससे जिले की छवि खराब हुई थी. वहीं, आवासीय खेलकूद संस्थान के प्राचार्य आलोक शर्मा का कहना है "जल्द ही व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर सुधार के निर्देश दिए जाएंगे."

