छत्तीसगढ़ में पेशनरों के लिए ऐलान, महंगाई राहत में बंपर इजाफा, 1 जनवरी 2026 से मिलेगा लाभ
छत्तीसगढ़ में साय सरकार ने पेंशनरों को राहत दी है. डीए को लेकर फैसला हुआ है. प्रवीण कुमार सिंह की रिपोर्ट

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : August 25, 2026 at 10:28 PM IST
रायपुर: नगरीय निकायों के पेंशनरों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है. राज्य सरकार ने पेंशनरों और परिवार पेंशनधारियों की महंगाई राहत में बढ़ोतरी कर दी है. अब 7वें वेतनमान के पेंशनरों को 58 प्रतिशत, जबकि 6वें वेतनमान के पेंशनरों को 257 प्रतिशत की दर से महंगाई राहत मिलेगी. खास बात यह है कि इस बढ़ी हुई राहत का लाभ 1 जनवरी 2026 से दिया जाएगा.
महंगाई राहत बढ़ने से पेंशनरों को मिलेगी ज्यादा राहत
नगरीय निकायों के पेंशनरों के लिए राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है. महंगाई राहत में बढ़ोतरी को मंजूरी मिलने के बाद अब पेंशनरों को पहले की तुलना में ज्यादा राहत मिलेगी.
7वें वेतनमान में 58 प्रतिशत महंगाई राहत का फैसला
7वें वेतनमान के पेंशनरों और परिवार पेंशनधारियों को अब 58 प्रतिशत महंगाई राहत मिलेगी. वहीं 6वें वेतनमान के पेंशनरों और परिवार पेंशनधारियों के लिए महंगाई राहत बढ़ाकर 257 प्रतिशत कर दी गई है.
1 जनवरी 2026 से मिलेगा बढ़ी हुई राहत का लाभ
इस फैसले का लाभ 1 जनवरी 2026 से मिलेगा. यानी पेंशनरों को बढ़ी हुई महंगाई राहत का लाभ इसी तारीख से प्रभावी होगा. इससे पेंशनरों को अतिरिक्त आर्थिक लाभ मिलने की उम्मीद है.
सितंबर से दिसंबर 2025 के लिए फैसला
इसके साथ ही राज्य सरकार ने 1 सितंबर 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक की अवधि के लिए भी महंगाई राहत में संशोधन किया है. इस अवधि में 7वें वेतनमान के पेंशनरों को 55 प्रतिशत, जबकि 6वें वेतनमान के पेंशनरों को 252 प्रतिशत की दर से महंगाई राहत मिलेगी.
डिप्टी सीएम अरुण साव ने किया अनुमोदन
उप मुख्यमंत्री एवं नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव के अनुमोदन के बाद राज्य शासन की ओर से नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के संचालक को इस संबंध में पत्र जारी किया गया है. इसी के साथ बढ़ी हुई महंगाई राहत को लागू करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई है.
हजारों पेंशनरों को मिलेगा आर्थिक फायदा
कुल मिलाकर, नगरीय निकायों के पेंशनरों और परिवार पेंशनधारियों के लिए यह फैसला बड़ी राहत लेकर आया है. बढ़ी हुई महंगाई राहत से हजारों पेंशनरों को आर्थिक रूप से फायदा मिलने की उम्मीद है. बढ़ती महंगाई के बीच सरकार के इस फैसले को पेंशनरों के लिए बड़ी सौगात माना जा रहा है.

