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परीक्षा सिस्टम पर उठे सवाल: जयपुर में लगातार दूसरे दिन परीक्षा में गड़बड़ी, सचिन पायलट ने जिम्मेदारी तय करने की मांग की

जयपुर के iON डिजिटल ज़ोन में तकनीकी खराबी के कारण AIIMS CRE-5 री-एग्जाम बाधित होने पर अभ्यर्थियों ने हंगामा किया.

जयपुर में लगातार दूसरे दिन परीक्षा में गड़बड़ी
जयपुर में लगातार दूसरे दिन परीक्षा में गड़बड़ी (ETV Bharat Jaipur)
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By ETV Bharat Rajasthan Team

Published : August 31, 2026 at 10:38 PM IST

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जयपुर: शहर के iON Digital Zone परीक्षा केंद्र पर सोमवार को आयोजित CRE-5 री-एग्जाम भी तकनीकी समस्याओं के कारण समय पर शुरू नहीं हो सकी. अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया कि सर्वर में खराबी के कारण परीक्षा करीब 30 मिनट की देरी से शुरू हुई. इसके बाद फिर से तकनीकी दिक्कतें आने लगीं और परीक्षा बार-बार बाधित हुई. इससे नाराज अभ्यर्थियों और उनके अभिभावकों ने परीक्षा केंद्र के बाहर विरोध प्रदर्शन किया.

इस मामले पर कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने भी सवाल खड़े किए हैं. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (पहले ट्विटर) पर लिखते हुए कहा कि जयपुर में कल आयोजित हुई NEET PG परीक्षा में परीक्षा केंद्र पर तकनीकी खराबी के कारण परीक्षा प्रक्रिया प्रभावित हुई और अभ्यर्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ा. आज फिर उसी परीक्षा केंद्र पर आयोजित AIIMS की परीक्षा में अभ्यर्थियों को तकनीकी समस्याओं से जूझना पड़ा. अगर छात्रों को इन समस्याओं को लेकर विरोध करना पड़ रहा है, तो यह स्पष्ट है कि परीक्षा व्यवस्था में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ है. इन दोनों परीक्षाओं के आयोजन में रही खामियों की ज़िम्मेदारी तय होनी चाहिए. प्रभावित छात्रों की मांग को गंभीरता से सुना जाना चाहिए और उनकी समस्याओं का उचित निराकरण किया जाना चाहिए. बता दें कि बीते दिन इसी केंद्र (सीतापुरा) पर नीट पीजी परीक्षा आयोजित हुई थी, जिसे बिजली आपूर्ति बाधित होने के कारण रद्द करना पड़ा था.

इसे भी पढ़ें- बिजली गुल होने से जयपुर के NEET PG के दो परीक्षा केंद्रों पर हंगामा, अभ्यर्थियों ने उठाए इंतजाम पर सवाल, अब 5 सितंबर को री-एग्जाम

आधिकारिक जवाब का इंतजार: फिलहाल AIIMS CRE-5 री-एग्जाम के दौरान सामने आई तकनीकी समस्याओं को लेकर संबंधित परीक्षा एजेंसी या केंद्र प्रबंधन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है. अभ्यर्थियों की मांग है कि परीक्षा में आए व्यवधान की निष्पक्ष जांच की जाए. यदि तकनीकी गड़बड़ी के कारण उनका प्रदर्शन प्रभावित हुआ है, तो सभी प्रभावित अभ्यर्थियों को समान अवसर देने के लिए उचित निर्णय लिया जाए.