ETV Bharat / state

बक्सर सांसद सुधाकर सिंह ने बिल गेट्स की भूमिका पर उठाए सवाल, बिहार सरकार को लिखा पत्र

बक्सर सांसद सुधाकर सिंह ने बिहार सरकार को पत्र लिखकर बिल गेट्स फाउंडेशन की राज्य में भूमिका को लेकर सवाल खड़े किए हैं. पढ़ें खबर-

Bill Gates and Sudhakar Singh
बिल गेट्स और सुधाकर सिंह (ETV Bharat)
author img

By ETV Bharat Bihar Team

Published : February 19, 2026 at 2:31 PM IST

3 Min Read
Choose ETV Bharat

पटना : बिहार में विधानसभा का बजट सत्र और दिल्ली में संसद का सत्र भी चल रहा है. राष्ट्रीय जनता दल संसद सुधाकर सिंह ने एपस्टीन फाइल में बिल गेट्स का नाम आने पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को पत्र लिखा है. राष्ट्रीय जनता दल के सांसद ने गंभीर सवाल भी उठाए हैं.

बिल गेट्स को लेकर जताई चिंता : बिहार की सियासत में वैश्विक मुद्दे गूंजने लगे हैं. वैश्विक हस्ती को लेकर हलचल तेज हो गई है. बक्सर से सांसद सुधाकर सिंह ने माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक बिल गेट्स को लेकर बिहार सरकार को पत्र लिखकर सवाल खड़े किए हैं. सुधाकर सिंह ने सरकार से पूछा है कि बिल गेट्स से बिहार सरकार के कैसे संबंध हैं?

Letter from MP Sudhakar Singh
आरजेडी सांसद सुधाकर सिंह का पत्र (ETV Bharat)

''बिहार राज्य के सांसद के तौर पर मुझे यह जानकर काफ़ी आश्चर्य हुआ है कि बिल गेट्स की संस्था गेट्स फाउंडेशन बिहार सरकार के साथ कई नीतिगत पहलुओं पर अधिकृत तथा कुछ मामलों में गैर-अधिकृत तौर पर काम कर रही है. यह बात भी सामने आई है कि गेट्स फाउंडेशन द्वारा नियुक्त किए गए लोग बिहार सरकार के कई वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों और विभागों के सहायक के तौर पर कार्यरत हैं. इन्हें गेट्स फाउंडेशन द्वारा लाखों रुपये प्रति माह वेतन दिया जा रहा है और इन्हें बिहार सरकार के कई विभागों से जुड़े अहम नीतिगत फैसलों और योजनाओं की जानकारी आसानी से उपलब्ध हो रही है.''- सुधाकर सिंह, सांसद, आरजेडी

बिहार में सक्रिय बिल गेट्स की संस्था : सांसद ने अपने पत्र में राज्य सरकार से पूछा है कि बिल गेट्स या उनकी संस्था के साथ यदि किसी प्रकार की साझेदारी, समझौता (MoU) या परियोजना चल रही है तो उसकी शर्तें सार्वजनिक की जाएं. उन्होंने पारदर्शिता और जनहित का हवाला देते हुए सरकार से स्पष्ट जवाब मांगा है. आपको बता दें कि बिल गेट्स की संस्था बिहार में कई प्रोजेक्ट पर काम कर रही है.

''जेफरी एपस्टीन से संबंधित लोगों के विरुद्ध पूरी दुनिया में आपत्ति दर्ज कराई जा रही है. उन्हें सार्वजनिक हित से जुड़े संस्थानों और कार्यक्रमों से दूर रखा जा रहा है. हैरानी की बात है कि अमेरिका जैसे देश में जहां नैतिकता पर काफ़ी बल दिया जाता है, वहाँ पर बिल गेट्स अभी भी गेट्स फाउंडेशन के चेयरमैन हैं और उनके निर्देशन में यह संस्थान चलाया जा रहा है.''- सुधाकर सिंह, सांसद, आरजेडी

सांसद ने नीतिगत मुद्दे पर उठाए सवाल : सांसद सुधाकर सिंह ने अपने पत्र में कुछ सवाल खड़े किए हैं. उन्होंने पूछा है कि राज्य में बिल गेट्स से जुड़ी किसी संस्था की भूमिका क्या है?स्वास्थ्य, कृषि या शिक्षा क्षेत्र में चल रही परियोजनाओं का वित्तीय ढांचा क्या है? क्या इन योजनाओं से जुड़ा कोई डेटा संग्रह या नीति निर्धारण प्रभावित हो रहा है? इन परियोजनाओं की निगरानी और जवाबदेही किसके पास है?

सरकार की ओर से नहीं आया कोई जवाब : आपको बता दें कि सुधाकर सिंह पहले भी कृषि और नीतिगत मुद्दों पर सरकार की कार्यशैली को लेकर मुखर रहे हैं. ऐसे में उनके राजनीतिक पत्र में बिहार में हलचल पैदा कर दी है. फिलहाल सरकार की ओर से ना तो किसी अधिकारी ने ना ही किस मंत्री ने कोई जवाब दिया है.

ये भी पढ़ें-