शादी के बाद दुल्हन की विदाई से इनकार, दूल्हा समेत बाराती 12 घंटे तक रहे बंधक
गढ़वा के हसनदाग गांव में शादी की रस्में पूरी होने के बाद दुल्हन पक्ष ने दुल्हन को विदा करने से मना कर दिया.

Published : February 26, 2026 at 9:45 PM IST
पलामू: जिले में एक शादी के दौरान विवाद इतना बढ़ गया कि परिवार वालों ने दुल्हन को विदा करने से मना कर दिया. दूल्हे और सभी बारातियों को करीब 12 घंटे तक बंधक बनाकर रखा गया. बाद में गांव वालों की सामाजिक पंचायत हुई, जिसमें शादी के खर्च का बंटवारा किया गया. दूल्हे पक्ष द्वारा दहेज का सारा सामान भी वापस किया गया. इसके बाद ही सभी बाराती वापस लौटे. पूरी घटना गढ़वा के हसनदाग गांव में हुई.
दरअसल, पलामू के रामगढ़ थाना इलाके के सरहुआ के रहने वाले धनंजय चौधरी की बारात 24 फरवरी को गढ़वा के हसनदाग गांव गई थी. धनंजय चौधरी की शादी की सभी रस्में पूरी हो चुकी थीं. लेकिन, शादी के बाद सुबह दुल्हन के परिवार वालों ने दुल्हन को विदा करने से मना कर दिया.
जब दूल्हे पक्ष ने वजह पूछी तो दुल्हन पक्ष ने बताया कि दूल्हा दिव्यांग है. दूल्हे पर दिव्यांग होने का आरोप लगाते हुए दुल्हन पक्ष ने बारातियों को बंधक बना लिया. इसके बाद समाज की एक पंचायत हुई, जिसमें दहेज और शादी के खर्च का बंटवारा किया गया. दहेज और दूसरा सामान लौटाने के बाद बारातियों को मुक्त कर दिया गया.
लड़के के पिता दिनेश चौधरी ने बताया कि शादी अक्टूबर 2025 में तय हुई थी. बारात 24 फरवरी को विदा हुई और सिंदूरदान की रस्म समेत शादी की सभी रस्में पूरी कर ली गईं. लेकिन सुबह लड़के की दिव्यांगता का हवाला देकर दुल्हन को विदा करने से मना कर दिया गया.
यह भी पढ़ें:
दूल्हे ने की ऐसी हरकत दुल्हन मंडप से उठकर चली गई, बाराती बने बंधक
Dhamtari : धमतरी में निकली दूल्हे की अनोखी बारात, बैलगाड़ी में आई दुल्हनिया

