मध्य प्रदेश में उपेक्षा पर घमासान, विवेक तन्खा बोले जबलपुर में बगावत हो, राकेश सिंह का पलटवार
कैलाश विजयवर्गीय की मुख्यमंत्री मोहन यादव को चिठ्ठी के बाद जबलपुर में भी गर्मी, विवेक तन्खा के सवाल पर राकेश सिंह ने दिए जवाब. विश्वजीत सिंह की रिपोर्ट.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : July 2, 2026 at 7:45 AM IST
|Updated : July 2, 2026 at 8:31 AM IST
जबलपुर: मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने इंदौर की उपेक्षा का सवाल खड़ा करके पूरे प्रदेश की राजनीति में भूचाल ला दिया है. जबलपुर में भी कांग्रेस से राज्यसभा सांसद विवेक तनख्वाह ने जबलपुर की उपेक्षा का सवाल खड़ा किया है और जबलपुर से जुड़े मुद्दे सामने रखे हैं. इसके जवाब में मध्य प्रदेश सरकार के लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह का कहना है कि, ''अभी तक जबलपुर में जो भी हुआ है वह भाजपा ने ही करवाया है, इसलिए कांग्रेसियों को सवाल नहीं पूछना चाहिए.''
'जबलपुर में तो बगावत हो जानी चाहिए'
कैलाश विजयवर्गीय ने इंदौर की उपेक्षा को लेकर उठाया है. मुद्दा अब पूरे प्रदेश की राजनीति को प्रभावित कर रहा है. जबलपुर से कांग्रेस पार्टी से राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा ने कैलाश विजयवर्गीय के इंदौर की अपेक्षा के मामले को जबलपुर से जोड़ते हुए कहा कि, ''उपेक्षा जबलपुर की भी हुई है और जब कैलाश विजयवर्गीय इस मामले में बोल सकते हैं तो जबलपुर में तो बगावत हो जानी चाहिए.
तन्खा का आरोप, बदहाल स्थिति में जबलपुर
विवेक तन्खा ने अपने ट्वीट में कहा, ''यदि कैलाश जी इंदौर की उपेक्षा से आहत हैं, तो जबलपुर और महाकौशल में बग़ावत की स्थिति होनी चाहिए. मेडिकल यूनिवर्सिटी का विभाजन, MPEB का कौन-सा अंश जबलपुर में बचा है? मनेरी औद्योगिक क्षेत्र का नामोनिशान तक नहीं है. डिफेंस फैक्ट्रियां बदहाल हैं, क्रिकेट स्टेडियम का नामोनिशान नहीं है. डिफेंस क्लस्टर कहां है? जबलपुर की 3 लाख महिलाएं, जो स्टिचिंग और वस्त्र कारोबार से जुड़ी हैं, उनके बाज़ार के बारे में कौन सोच रहा है? क्या जबलपुर में पिछले 30-40 वर्षों में कोई नया उद्योग आया है? क्या CM साहब का ध्यान इस ओर भी आकर्षित होगा?
क्या CM साहब का ध्यान इस ओर भी आकर्षित होगा ? pic.twitter.com/A4mULVIACj
— MP Congress (@INCMP) July 1, 2026
राकेस सिंह का पलटवार, सारा विकास भाजपा के राज में हुआ
राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा के ट्वीट के जवाब में मध्य प्रदेश सरकार में लोक निर्माण मंत्री और जबलपुर पश्चिम से विधायक राकेश सिंह ने दिया. राकेश सिंह का कहना है कि, ''कांग्रेस को महाकौशल और जबलपुर की विकास को लेकर कोई सवाल नहीं करना चाहिए. क्योंकि इनके कार्यकाल में कभी जबलपुर का विकास नहीं हुआ,'' राकेश सिंह का कहना है कि, ''केवल मोहन यादव के कार्यकाल में जबलपुर को केवल लोक निर्माण विभाग से ही साढे़ तीन हजार करोड़ की सौगातें मिली हैं.''
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राकेश सिंह का कहना है कि, ''कांग्रेस भारतीय जनता पार्टी के कामकाज पर सवाल ना करें क्योंकि कांग्रेस के भीतर ठीक क्या है पहले कांग्रेस अपनी स्थिति देखें जहां तक मध्य प्रदेश के विकास की बात है तो कांग्रेस को सवाल करने का हक नहीं है.''
विवेक तंखा ने जिन मुद्दों पर सवाल खड़ा किया है उन पर भारतीय जनता पार्टी सरकार को सूचना जरूर चाहिए. क्योंकि जिस तरह भोपाल और इंदौर में मेट्रोपॉलिटन सिटी बनाने की तैयारी की जा रही है उसे मामले में जबलपुर को नहीं जोड़ा गया. इसी तरह मेट्रो प्रोजेक्ट में भी भोपाल और इंदौर में ही प्राथमिकता दी गई. जबलपुर महाकौशल का एक महत्वपूर्ण शहर है लेकिन जबलपुर में जितनी जरूरत थी उतनी सुविधा नहीं बढ़ाई गई.

