विधानसभा में मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कांग्रेस को घेरा, कहा- हमने 'ट्रस्ट' निभाया, उन्होंने तोड़ा
राजस्थान विधानसभा में अनुदान मांगों पर जवाब देते हुए युवा, खेल एवं उद्योग मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने विपक्ष को जमकर निशाने पर लिया.

Published : February 20, 2026 at 9:03 AM IST
जयपुर: राजस्थान विधानसभा में अनुदान मांगों पर चर्चा के दौरान खेल, युवा और उद्योग मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने विपक्ष पर जमकर प्रहार किया. उन्होंने बेहद तल्ख अंदाज में कहा कि लोकतंत्र में सरकार जनता की 'ट्रस्टी' होती है, लेकिन पिछली कांग्रेस सरकार ने इस भरोसे को तोड़कर जनता के साथ विश्वासघात किया. राठौड़ ने कहा कि कांग्रेस ने केवल सत्ता का सुख भोगा, जबकि वर्तमान भाजपा सरकार "नियत, नीति और निष्पादन" के मंत्र पर आगे बढ़ रही है.
लॉजिस्टिक्स का ग्लोबल हब बनता राजस्थान : राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने प्रदेश की आर्थिक प्रगति का खाका पेश करते हुए कहा कि राजस्थान अब देश का महत्वपूर्ण लॉजिस्टिक्स केंद्र बन चुका है. उन्होंने अमृतसर-जामनगर 6-लेन एक्सप्रेसवे और दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे का जिक्र करते हुए बताया कि इन परियोजनाओं से प्रदेश में ढाई लाख करोड़ रुपये का बुनियादी ढांचा तैयार हो रहा है. 'राइजिंग राजस्थान' के माध्यम से सरकार ने न केवल निवेश आकर्षित किया, बल्कि प्रदेश के युवाओं को वैश्विक मंच पर पहचान भी दिलाई है.
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उन्होंने कहा कि लक्ष्य तय करना और उसे हासिल करना राजस्थान की परंपरा रही है. हम केवल शब्द नहीं, कर्तव्य पारायण होते हैं, जनता से घात नहीं करते. उद्योग और निवेश के मुद्दे पर मंत्री राठौड़ ने कहा कि ‘राइजिंग राजस्थान’ के जरिए प्रदेश की ब्रांडिंग की गई और युवाओं को वैश्विक पहचान दिलाई गई. सरकार ने “वन जिला, वन प्रोडक्ट” नीति लागू कर जिलों में बनने वाले उत्पादों को पहचान दिलाई. उन्होंने दावा किया कि भाजपा सरकार ने राजस्थान प्रमोशन इन्वेस्टर स्कीम के वादे पूरे किए, जबकि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार उन्हें लागू नहीं कर सकी.
उन्होंने कहा कि सरकार केवल बड़े उद्योगपतियों के लिए नहीं, बल्कि छोटे कारीगरों पत्थर शिल्पी, मीनाकारी और फर्नीचर उद्योग से जुड़े लोगों को भी ध्यान में रखकर नीतियां बना रही है. भीलवाड़ा की एक महिला उद्यमी का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि महिलाएं परिवार के साथ अर्थव्यवस्था को भी मजबूती दे रही हैं. नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली की टिप्पणी पर पलटवार करते हुए राठौड़ ने कहा कि सरकार जनता की ट्रस्टी होती है, मालिक नहीं. कांग्रेस ने ट्रस्ट तोड़कर विश्वासघात किया, जबकि भाजपा सुशासन और विकास के प्रति प्रतिबद्ध है. राठौड़ ने कहा कि पॉलिटिक्स जनता के साथ खेली गई , जनता को वादा किया वो कोई पूरा नही किया, व्यापारियों को भरोसा दिलाकर उन्हें धोखा दिया है.
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धरातल पर उतरा निवेश, कागजों वाली सरकार गई : पूर्ववर्ती सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए राठौड़ ने कहा कि कांग्रेस के समय केवल घोषणाएं हुईं, जो कभी जमीन पर नहीं उतरीं. खेल एवं उद्योग मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार की RIBS 2022 नीति पर सवाल उठाते हुए कहा कि उस समय कई बड़ी घोषणाएं की गईं, उद्योगपति आए, लेकिन बाद में परियोजनाएं धरातल पर नहीं उतरी. उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस राज में झूठी घोषणाएं की गईं, जबकि मौजूदा सरकार ने फंड की व्यवस्था कर वास्तविक निवेश सुनिश्चित किया. अलवर, सवाई माधोपुर, धौलपुर, जयपुर, सीकर और बांसवाड़ा सहित कई जिलों में उद्योग स्थापित हो रहे हैं. पिछले दो वर्षों में 10 हजार एकड़ का लैंड बैंक तैयार किया गया है. उन्होंने भीलवाड़ा की महिला उद्यमी अभिलाषा का उदाहरण देते हुए बताया कि उनका फेल्सपार उत्पादन 4.80 लाख मीट्रिक टन तक पहुंच चुका है, जो स्टार्टअप और उद्योग प्रोत्साहन नीतियों का परिणाम है.
उन्होंने दावा किया कि वर्तमान सरकार ने 35 लाख करोड़ रुपये के एमओयू (MoU) किए हैं, जिनमें से 8 लाख करोड़ रुपये का निवेश धरातल पर शुरू हो चुका है. सरकार ने "वन जिला, वन प्रोडक्ट" नीति के जरिए छोटे कारीगरों और हस्तशिल्पियों को मजबूती दी है. साथ ही, उद्योगों के लिए 10 हजार एकड़ का लैंड बैंक तैयार कर सीधे पारदर्शी तरीके से भूखंड आवंटित किए जा रहे हैं. उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी सरकार का लक्ष्य केवल बड़ी कंपनियां लाना ही नहीं, बल्कि छोटे उद्यमियों और महिलाओं को भी आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है.
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खेलों में 'खेला' नहीं, खिलाड़ियों का सम्मान : खेल मंत्री के रूप में राठौड़ ने पूर्व खेल मंत्री अशोक चांदना पर तंज कसते हुए कहा कि पिछली सरकार में खेलों के नाम पर केवल इवेंट और प्रचार हुआ. करोड़ों रुपये टी-शर्ट और विज्ञापनों पर खर्च किए गए, जबकि महाराणा प्रताप और गुरु वशिष्ठ जैसे प्रतिष्ठित पुरस्कार भी नहीं दिए गए. राठौड़ ने गर्व से कहा कि भाजपा सरकार ने दो वर्षों में खिलाड़ियों के प्रोत्साहन पर 40 करोड़ रुपये खर्च किए हैं. आज राजस्थान 'खेलो इंडिया' में तीसरे स्थान पर है और हमारे खिलाड़ी ओलंपिक व एशियन गेम्स में तिरंगा फहरा रहे हैं.
राठौड़ ने कहा कि कांग्रेस कार्यकाल में हुए खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स में राजस्थान का प्रदर्शन कमजोर रहा, जबकि अब राज्य के खिलाड़ियों ने 34 पदक जीते. उन्होंने बॉक्सर चारु का जिक्र करते हुए कहा कि रिंग में पसीना और खून बहाकर खिलाड़ी देश का नाम रोशन करते हैं. खेलो इंडिया यूथ गेम्स में राजस्थान तीसरे स्थान पर रहा, 11 खिलाड़ियों ने एशियन गेम्स में पदक जीते और पेरिस ओलंपिक व पैरा ओलंपिक में भी प्रदेश के खिलाड़ी पहुंचे. अपूर्वी चंदेला और सुंदर गुर्जर के पदकों का भी जिक्र किया. मंत्री ने कहा कि राजनीति अपनी जगह है, लेकिन जहां राजस्थान का हित और खिलाड़ियों का सम्मान जुड़ा हो, वहां सबको मिलकर पीठ थपथपानी चाहिए.

