रायपुर में दिव्यागों के लिए खास गैरेज की शुरुआत, EV ट्राइसाइकिल जैसे उपकरणों की मुफ्त मरम्मत, मैकेनिक भी दिव्यांग
दिव्यांग प्रोजेक्ट के तहत रायपुर में निशुल्क दिव्यांग गैरेज संचालित हो रहा है. आने वाले दिनों में कृत्रिम हाथ पैर रिपेयरिंग की भी योजना है.

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : February 28, 2026 at 8:47 PM IST
रितेश तंबोली की रिपोर्ट
रायपुर: छत्तीसगढ़ के दिव्यांगजनों के लिए राहतभरी अच्छी खबर है. समाज कल्याण विभाग ने राजधानी रायपुर में “दिव्यांग गैरेज” की शुरुआत की है. यहां दिव्यांगजनों को दिए गए उपकरणों जैसे ईवी ट्राईसाइकिल, हस्तचलित ट्राईसाइकिल, व्हीलचेयर और बैसाखी की निशुल्क रिपेयरिंग की जा रही है. इस पहल से अब दिव्यांगजनों को अपने उपकरण ठीक कराने के लिए इधर-उधर भटकना नहीं पड़ेगा.
दिव्यांग कर्मचारी ही कर रहे हैं मरम्मत का काम
इस दिव्यांग गैरेज की खास बात यह है कि यहां काम करने वाले 6 कर्मचारियों में से 3 कर्मचारी खुद दिव्यांग हैं. इनमें 1 ऑपरेटर और 2 मिस्त्री शामिल हैं. ये सभी दिव्यांगजनों के उपकरणों की मरम्मत कर रहे हैं. गैरेज में रोजाना करीब 4 से 5 लोग अपने उपकरण ठीक कराने पहुंच रहे हैं.
यहां दिव्यांगों के लिए खास गैरेज खोला गया है. EV ट्राईसाइकिल में अक्सर बैटरी, एक्सीलेटर और कंट्रोलर खराब होने की शिकायत आती है. व्हीलचेयर में भी नट-बोल्ट की दिक्कत आती है. यहां सभी उपकरणों की निशुल्क मरम्मत की जाती है.- कुलदीप मिंज, दिव्यांग मिस्त्री
पहले होती थी कई परेशानी
दिव्यांग गैरेज के इंचार्ज कार्तिकेय कुमार चांदे ने कहा कि प्रोजेक्ट दिव्यांग के तहत दिसंबर में इस गैरेज की स्थापना की गई है. समाज कल्याण विभाग से जो भी उपकरण दिए गए हैं, उनकी बाजार में आसानी से मरम्मत नहीं हो पाती थी. कई बार सामान मिल जाता था तो मिस्त्री नहीं मिलता था और मिस्त्री मिलता था तो सामान नहीं मिलता था. इस समस्या को देखते हुए यह नई योजना शुरू की गई है.

बाजार में दिव्यांगों के उपकरण खराब होने पर पार्ट्स और मैकेनिक आसानी से नहीं मिलते हैं. ऐसे में इस गैरेज में उनकी परेशानी का समाधान हो रहा है. इस दिव्यांग गैरेज में कुल मिलाकर 6 का स्टाफ है, जिसमें तीन कर्मचारी दिव्यांग हैं.- कार्तिकेय कुमार चांदे, इंचार्ज, दिव्यांग गैरेज
5 साल में एक बार मिलता है नया उपकरण
समाज कल्याण विभाग के ज्वाइंट डायरेक्टर अरविंद गेडाम ने बताया, रायपुर में दिव्यांग गैरेज में ईवी और हस्तचलित ट्राईसाइकिल की रिपेयरिंग शुरू कर दी गई है. बैटरी, चार्जर, वायरिंग और कंट्रोलर जैसे खराब पार्ट्स को भी निशुल्क बदला जा रहा है. सरकार के नियम के अनुसार 5 साल में एक बार ही नया उपकरण दिया जाता है. ऐसे में बीच में खराबी आने पर लोगों को परेशानी होती थी.

नियम के खिलाफ दिव्यांगों को बार-बार ट्राइसाइकिल, बैसाखी या बाकी उपकरण नहीं दे सकते. अब दिव्यांग गैरेज खुलने से उनके उपकरण मुफ्त में ठीक हो रहे हैं. लोग फोन के माध्यम से भी इसकी जानकारी ले रहे हैं.- अरविंद गेडाम, JD, समाज कल्याण विभाग रायपुर
आगे और बड़ी योजना
समाज कल्याण विभाग के अधिकारियों ने बताया कि अगर ये गैरेज अच्छा रिस्पॉन्स करता है तो इसे आगे और विस्तार दिया जाएगा. आगे चलकर कृत्रिम हाथ-पैर बनाने और उनकी मरम्मत की सुविधा भी शुरू की जाएगी.


