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रायपुर पुलिस का साइबर फ्रॉड पर एक्शन, राजस्थान से 2 ठग गिरफ्तार, ऐप भेजकर मोबाइल हैक करते थे

रायपुर पुलिस ने ऐसे आरोपियों को पकड़ा है जो RTO ई-चालान के नाम पर लिंक भेजते थे. क्लिक करते ही बैंक-अकाउंट खाली हो जाता था.

RTO e challan fraud Action
राजस्थान से 2 ठग गिरफ्तार, ऐप भेजकर मोबाइल हैक करते थे (ETV BHARAT CHHATTISGARH)
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By ETV Bharat Chhattisgarh Team

Published : February 12, 2026 at 5:41 PM IST

3 Min Read
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रायपुर: साइबर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए साइबर ठगी के मामले में दो आरोपियों को राजस्थान से गिरफ्तार किया है. आरोपी एंड्रॉयड मोबाइल उपयोग करने वाले लोगों को निशाना बनाते थे. वे फर्जी लिंक और ऐप भेजकर मोबाइल हैक करते थे और फिर बैंक खातों से पैसे निकाल लेते थे. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान पृथ्वी बिश्नोई और नरसिंह सिंह के रूप में हुई है. दोनों के खिलाफ विधानसभा थाने में भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4), 3(5) और आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है.

ऐसे हुआ खुलासा

रायपुर आईजी अमरेश मिश्रा ने बताया कि विधानसभा थाना क्षेत्र के रहने वाले धर्मेंद्र सिंह ने शिकायत दर्ज कराई थी. उन्हें आरटीओ ई-चालान के नाम से एक एसएमएस मिला था. एसएमएस में दिए गए लिंक पर क्लिक करते ही उनके बैंक खाते से करीब 4 लाख 50 हजार रुपये कट गए. शिकायत मिलने के बाद साइबर पुलिस ने जांच शुरू की और राजस्थान से दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया.

RTO e challan fraud Action
रायपुर पुलिस ने ऐसे आरोपियों को पकड़ा है जो RTO ई-चालान के नाम पर लिंक भेजते थे (ETV BHARAT CHHATTISGARH)

‘विनमेट’ ऐप से फैलाते थे ठगी का जाल

जांच में सामने आया कि आरोपी ‘Winmate’ नाम के ऐप का इस्तेमाल कर लोगों को झांसा देते थे. यूट्यूब और सोशल मीडिया पर “टास्क कंप्लीट कर कमाई”, “इंस्टेंट बोनस”, “गेम खेलकर पैसा कमाएं” जैसे लालच देते थे. ऐप इंस्टॉल करते ही यूजर्स को फर्जी बोनस राशि दिखाई जाती थी. इसके बाद एसएमएस टास्क के नाम पर मोबाइल नंबर से बड़ी संख्या में फर्जी चालान और संदिग्ध लिंक भेजे जाते थे. जैसे ही कोई व्यक्ति लिंक पर क्लिक करता, उसका मोबाइल हैक हो जाता था. फिर बैंक अकाउंट या ई-वॉलेट से पैसे निकाल लिए जाते थे.

ठगी की रकम से खरीदते थे सामान

पुलिस जांच में यह भी खुलासा हुआ कि आरोपी ठगी की रकम को छिपाने के लिए स्विग्गी और इंस्टामार्ट जैसे क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म से सामान खरीदते थे. सामान की डिलीवरी अलग-अलग राज्यों में करवाई जाती थी, ताकि पैसों का ट्रैक न मिल सके. पुलिस ने आरोपियों के पास से मोबाइल फोन, सिम कार्ड और बैंक खातों से जुड़े दस्तावेज जब्त किए हैं. इससे पहले भी पुलिस ने इसी तरह के मामलों में महाराष्ट्र, ओडिशा और उत्तर प्रदेश से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था.

साइबर ठगी से कैसे बचें? जानिए आसान उपाय

  • कोई भी ऐप केवल Play Store या App Store से ही डाउनलोड करें.
  • गारंटीड मुनाफा, रोज पक्का रिटर्न या आसान कमाई जैसे लालच से बचें.
  • ऐसे ऐप इंस्टॉल न करें जो SMS, कॉन्टैक्ट, कॉल लॉग या बैंक से जुड़ी अनावश्यक अनुमति मांगते हों.
  • किसी भी अज्ञात लिंक, APK फाइल या कॉल पर भरोसा न करें.
  • ठगी होने पर तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें.
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