'PM Modi के चेहरे पर ऊर्जा तो थी, लेकिन लोकसभा चुनाव जैसी..', रोड शो पर जनता रिएक्शन
पटना में पीएम मोदी के रोड शो से पूरे बिहार में चुनावी जोश फैल गया है. लोग बोले सभी सीटों पर इसका असर होगा.

Published : November 3, 2025 at 3:15 PM IST
पटना: रविवार को पटना की सड़कों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वागत में जनसैलाब उमड़ पड़ा. प्रधानमंत्री का यह ऐतिहासिक रोड शो दिनकर गोलंबर से शुरू होकर बाकरगंज होते हुए गांधी मैदान तक उद्योग भवन के पास समाप्त हुआ. करीब तीन किलोमीटर लंबे इस रोड शो में भारी भीड़ ने प्रधानमंत्री का स्वागत किया. रास्ते भर महिलाओं, युवाओं और बच्चों में प्रधानमंत्री को एक झलक देखने का उत्साह देखने लायक था. पूरा पटना “मोदी-मोदी” के नारों से गूंज रहा था.
एनडीए उम्मीदवारों के समर्थन में निकला रथ: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ खुले रथ पर भाजपा प्रत्याशी और एनडीए के नेता मौजूद थे. उनके साथ कुम्हरार, पटना साहिब और दानापुर विधानसभा सीटों के भाजपा प्रत्याशी भी शामिल रहे. इसके अलावा जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री ललन सिंह तथा भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल भी प्रधानमंत्री के साथ रथ पर नजर आए. रोड शो का मुख्य उद्देश्य पटना और आसपास की सीटों के एनडीए उम्मीदवारों के समर्थन में जनता से समर्थन मांगना था.
महिलाओं और बच्चों की रही भीड़: रोड शो के दौरान पटना की गलियों में जनसागर उमड़ पड़ा. सड़क के दोनों ओर भीड़ में महिलाएं और बच्चे प्रधानमंत्री को देखने के लिए बेताब दिखे. लोगों ने फूलों की वर्षा कर प्रधानमंत्री का स्वागत किया. कई जगहों पर लोगों ने मोदी के पोस्टर और तिरंगा लेकर स्वागत किया. प्रधानमंत्री ने भी रास्ते भर लोगों का अभिवादन किया और हाथ हिलाकर समर्थन के लिए धन्यवाद दिया.
पहले चरण के मतदान पर होगा असर: नाला रोड पर जब प्रधानमंत्री का काफिला पहुंचा, तो वहां मौजूद लोगों में उत्साह चरम पर था. राजेश कुमार सिन्हा ने कहा कि “6 नवंबर को पहले चरण का मतदान होना है और इस रोड शो का असर पूरे बिहार के सभी सीटों पर दिखेगा.”
“कुम्हरार सीट पर कुछ नाराजगी थी, लेकिन प्रधानमंत्री के आने से इसमें कमी आई है और कार्यकर्ता एनडीए के लिए अब एकजुट हैं. पीएम के रोड शो से पटना और आसपास के एनडीए उम्मीदवारों को जीत का भरोसा बढ़ा है.”-राजेश कुमार सिन्हा, स्थानीय

पटना से उठी लहर पूरे बिहार में जाएगी: युवक अन्ना कुमार ने कहा कि “प्रधानमंत्री का रोड शो मतदान से कुछ दिन पहले हो रहा है. पटना में बिहार के सभी जिलों के लोग रहते हैं, ऐसे में इसका असर पूरे बिहार के विधानसभा क्षेत्रों पर होगा.”
“रोड शो काफी रिहायशी इलाकों से होकर गुजरा है, जिससे एनडीए के कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा और जोश का संचार हुआ है. जो कार्यकर्ता इस चुनाव में थोड़े सुस्त थे, वह भी पूरी ऊर्जा के साथ अब अपने उम्मीदवार को जीतने के लिए मैदान में उतर आएंगे."-अन्ना कुमार, स्थानीय

महिलाओं ने कहा, मोदी जी जो कहते हैं वह करते हैं: रोड शो में शामिल सरिता देवी ने कहा कि प्रधानमंत्री को नजदीक से देखना एक भावनात्मक पल था. वे जो कहते हैं, वह करते हैं. महिलाओं के लिए प्रधानमंत्री ने बहुत कुछ किया है, इसलिए महिलाएं उनके साथ हैं.
"प्रधानमंत्री की लोकप्रियता आज भी बरकरार है और महिलाओं में उनके प्रति गहरा विश्वास है. मैं प्रधानमंत्री मोदी की बहुत बड़ी प्रशंसक हूं और अपने नेता को इतने करीब से देखने का अनुभव वाकई बेहद शानदार रहा."-सरिता देवी, स्थानीय
जोश तो है, पर मुद्दों की कमी: वहीं बुजुर्ग श्रीधर उपाध्याय ने कहा कि “प्रधानमंत्री के चेहरे पर ऊर्जा तो थी, लेकिन लोकसभा चुनाव जैसी जोश की लहर नहीं दिखी.” उन्होंने कहा कि “रोड शो शानदार रहा, लेकिन चुनाव में असली मुद्दे गायब हैं. जनता महंगाई और रोजगार पर भी जवाब चाहती है.”
"प्रधानमंत्री के चेहरे पर ऊर्जा तो थी, लेकिन लोकसभा चुनाव जैसी इस बार जोश की लहर नहीं दिखेने को मिली. महंगाई और रोजगार के मुद्दे पर जनता को जवाब नहीं मिल रहा है."-श्रीधर उपाध्याय, स्थानीय

रोड शो से पटना ही नहीं, पूरे बिहार में असर: व्यवसायी दिलीप कुमार मिश्रा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यह रोड शो पहले चरण के सभी 121 विधानसभा सीटों पर असर डालेगा. उन्होंने कहा कि “पटना बिहार की राजधानी है और यहां पूरे राज्य के लोग रहते हैं, इसलिए इस कार्यक्रम का असर सीमित नहीं रहेगा.
"कुछ कार्यकर्ता स्थानीय प्रत्याशी से नाराज थे, लेकिन प्रधानमंत्री के रोड शो ने उन सबको एक मंच पर ला दिया है. प्रत्याशी से नाराजगी उनके व्यवहार और बोलचाल को लेकर थी लेकिन पीएम के आने से यह सब दूर हो गई है. पटना हमेशा से भाजपा का मजबूत गढ़ रहा है और इस रोड शो ने इसे और सशक्त किया है."-दिलीप कुमार मिश्रा, व्यवसायी

मोदी लहर की वापसी की उम्मीद: वरिष्ठ पत्रकार प्रवीण बागी का मानना है कि पीएम मोदी के इस रोड शो को 3 किलोमीटर का रोड शो के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए बल्कि से 243 विधानसभा सीटों का रोड शो के तौर पर देखा जाना चाहिए. चाहे बिहार के सरकारी सेवा से जुड़े लोग हो या व्यवसायी वर्ग हो या किसी और तबके के लोग पटना से जुड़े हुए हैं. ऐसे में यह रोड शो पहले चरण के मतदान से पहले एनडीए के लिए बड़ा मनोबल साबित होगा और इसका असर ग्रामीण और शहरी दोनों सीटों पर देखने को मिलेगा.
"यह रोड शो पहले चरण के मतदान से पहले एनडीए के लिए बड़ा मनोबल साबित होगा और इसका असर ग्रामीण और शहरी दोनों सीटों पर देखने को मिलेगा. पीएम मोदी ने चुनाव में एक बार फिर से मोदी लहर पैदा करने की कोशिश की है और एनडीए ने जीत के लिए मोदी फैक्टर पर एक बार फिर से भरोसा जताया है."-प्रवीण बागी, वरिष्ठ पत्रकार
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