तपती धूप और गर्म सड़क पर दंडवत प्रदर्शन, PTI अभ्यर्थियों का आंदोलन हुआ तेज
शारीरिक शिक्षकों ने अपनी मांगों को लेकर बुधवार को अनोखा विरोध प्रदर्शन किया.

Published : May 27, 2026 at 3:42 PM IST
बीकानेर: भीषण गर्मी और तेज धूप के बीच पीटीआई भर्ती 2022 के पात्र चयनित शारीरिक शिक्षकों का आंदोलन बुधवार को और उग्र नजर आया. राजस्थान एकीकृत शारीरिक शिक्षक संघ, राजस्थान के बैनर तले माध्यमिक शिक्षा निदेशालय बीकानेर के समक्ष 18 मई से चल रहे अनिश्चितकालीन धरने के 10वें दिन अभ्यर्थियों ने तपती सड़क पर अर्धनग्न होकर दंडवत प्रदर्शन किया. चिलचिलाती धूप और गर्म सड़क पर किए गए इस अनोखे विरोध प्रदर्शन ने हर किसी का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया.
संघ के प्रदेशाध्यक्ष डॉ. रामप्रकाश सांगवा ने बताया कि प्रदेशभर के पात्र चयनित शारीरिक शिक्षक स्थाईकरण एवं वेतन नियमितीकरण की मांग को लेकर लंबे समय से संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अब तक सरकार की ओर से कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है. उन्होंने कहा कि अभ्यर्थियों को आर्थिक और मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, जिसके चलते उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा है.
गर्म सड़क पर लेटकर विरोध प्रदर्शन : धरने के 10वें दिन आंदोलनकारियों ने अपनी मांगों को सरकार और शिक्षा विभाग तक पहुंचाने के लिए अनोखा प्रदर्शन किया. प्रदेशाध्यक्ष डॉ. रामप्रकाश सांगवा के नेतृत्व में अभ्यर्थियों ने धरना स्थल से माध्यमिक शिक्षा निदेशक कार्यालय तक अर्धनग्न होकर दंडवत प्रदर्शन किया. तेज गर्मी और तपती सड़क पर लेट-लेटकर आगे बढ़ते अभ्यर्थियों को देखकर मौके पर मौजूद लोग भी चर्चा करते नजर आए.
प्रदर्शन के दौरान अभ्यर्थियों ने सरकार और शिक्षा विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होंगी, तब तक आंदोलन जारी रहेगा. कई अभ्यर्थियों ने कहा कि वे अपने भविष्य और परिवार के लिए संघर्ष कर रहे हैं तथा अब पीछे हटने वाले नहीं है.
निदेशक कार्यालय पहुंच कर सौंपा ज्ञापन : प्रदर्शन के बाद संघ के प्रतिनिधिमंडल ने माध्यमिक शिक्षा निदेशक सीताराम जाट से मुलाकात कर पात्र चयनित पीटीआई अभ्यर्थियों के स्थाईकरण एवं वेतन नियमितीकरण आदेश शीघ्र जारी करने की मांग रखी. प्रतिनिधिमंडल में राजूराम कूकणा, रुक्मणी, गौरीशंकर सारण, कंवराज सिंह भाटी, नेपाल सिंह सहित अन्य साथी मौजूद रहे.
जल्द कार्रवाई का आश्वासन : मुलाकात के दौरान निदेशक सीताराम जाट ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त करते हुए कहा कि शासन-प्रशासन स्तर पर जल्द वार्ता कर पात्र चयनित अभ्यर्थियों के स्थाईकरण एवं वेतन नियमितीकरण की प्रक्रिया को शीघ्र पूरा कराने का प्रयास किया जाएगा.
मांगें नहीं मानी तो आंदोलन होगा उग्र : धरनार्थियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा. संघ पदाधिकारियों ने स्पष्ट कहा कि जब तक स्थाईकरण एवं वेतन नियमितीकरण के आदेश जारी नहीं होते, तब तक उनका अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा.

