लखनऊ के हजरतगंज को फिर से चमकाने की तैयारी, LDA 16 साल बाद कर रहा रेनोवेशन
2010 में 200वीं वर्षगांठ पर करीब 200 करोड़ रुपये खर्च करके इसे संवारा गया था.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : June 2, 2026 at 9:00 PM IST
लखनऊ: राजधानी की हेरिटेज साइट और लखनऊ का दिल कहा जाने वाला हजरतगंज एक बार फिर नई सज-धज में नजर आएगा. लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) ने इसकी पुरानी चमक लौटाने के लिए नई पहल शुरू कर दी है. 2010 में 200वीं वर्षगांठ पर करीब 200 करोड़ रुपये खर्च करके इसे संवारा गया था, लेकिन समय के साथ बदहाली नजर आने लगी. अब एलडीए फिर से दुकानों का रंग-रोगन, बेंच, सर्विस लेन सुधार और अन्य व्यवस्थाएं करने जा रहा है.
2010 में एलडीए और अन्य विभागों ने मिलकर हजरतगंज का बड़े स्तर पर कायाकल्प किया था. उस समय प्रसिद्ध हेरिटेज आर्किटेक्ट आशीष श्रीवास्तव के प्लान के आधार पर काम हुआ था. दुकानों को एक समान क्रीम और पिंक रंग में रंगा गया, साइन बोर्ड एक जैसे बनाए गए, स्टोन पेवमेंट, विक्टोरियन स्टाइल बैलस्ट्रेड, लैंप पोस्ट, वेस्ट बिन, बेंच, छोटा ओपन एयर एम्फीथिएटर और फव्वारे बनाए गए. छतों से होर्डिंग हटाए गए, अतिक्रमण हटाया गया और सेंचुरी पुरानी फायर स्टेशन को तोड़कर मल्टी-लेवल पार्किंग बनाई गई. सड़कें चौड़ी की गईं और अंडरग्राउंड केबलिंग का काम पूरा किया गया.
लेकिन, पिछले कुछ वर्षों में ट्रैफिक बढ़ने, रखरखाव की कमी और दुकानदारों की अनियमितताओं के कारण इलाका फिर पुरानी समस्या में फंस गया. होर्डिंग, पार्किंग की समस्या और साफ-सफाई की शिकायतें आम हो गईं. एलडीए ने अब इसे फिर संवारने का फैसला लिया है. एलडीए ने हाल ही में हजरतगंज और नाजा मार्केट के प्लेस मेकिंग प्रोजेक्ट को बढ़ावा दिया है. इसमें पैदल चलने वालों के लिए बेहतर पाथवे, यूनिफॉर्म शॉपफ्रंट, हेरिटेज स्टाइल लाइटिंग और पब्लिक स्पेस को बेहतर बनाना शामिल है. रीमॉडलिंग और ब्यूटीफिकेशन के लिए करीब आठ करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत हुआ है. काम में बेंच लगाना, सर्विस लेन सुधारना, फुटपाथ ठीक करना, ड्रेनेज व्यवस्था दुरुस्त करना और हेरिटेज लुक बनाए रखना शामिल होगा.

लखनऊ विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने बताया कि आठ करोड़ रुपए का यह प्रोजेक्ट है, जिसमें हमको जितने भी भवन हजरतगंज में हैं, इनका एक ही रंग में करना है जो की हल्का ब्राउन या पीला होगा. सभी साइन बोर्ड कल बैकग्राउंड में सफेद रंग से होंगे. इसके अलावा यहां के लैंपशेड ग्रिल और ड्रेनेज के कर को बदला जा रहा है. सभी इलेक्ट्रिक पैनल को एसथेटिक कवर से ढका जा रहा है.

उन्होंने बताया कि हमने बोर्ड मीटिंग से यह प्रस्ताव पास कर लिया है कि यहां के भावनाओं को एक रंग में ही रंग जाएगा इसको बिल्डिंग बायलॉज में शामिल कर लिया गया है, जो व्यापारी ऐसा नहीं करेगा उसके खिलाफ कार्रवाई होगी. व्यापारियों के एसोसिएशंस के साथ हमारे कई स्तर की मीटिंग हो चुकी है और सभी ने सहमति दे दी है.
एलडीए उपाध्यक्ष ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि काम तेजी से और गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाए. दुकानदारों से भी सहयोग मांगा गया है ताकि यूनिफॉर्म फसाड और साइनेज बनाए जा सकें. यह प्रोजेक्ट न सिर्फ स्थानीय व्यापार को बढ़ावा देगा बल्कि पर्यटन को भी नई दिशा देगा. हजरतगंज लखनऊ की पहचान है. यहां पुरानी इमारतें, किताबों की दुकानें, रेस्तरां और सांस्कृतिक माहौल आज भी आकर्षण का केंद्र हैं.नागरिकों का कहना है कि पार्किंग और ट्रैफिक प्रबंधन पर खास ध्यान दिया जाए. एलडीए का लक्ष्य है कि हजरतगंज पुरानी विरासत को बनाए रखते हुए आधुनिक सुविधाओं से लैस बने। काम शुरू हो चुका है और आने वाले महीनों में नया लुक दिखने लगेगा.

