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हरिद्वार मर्डर केस, दोस्त की निकाला हत्यारोपी, नशे की ओवरडोज देकर मारा, जानिए क्यों?

हरिद्वार पुलिस ने 27 दिसंबर को लापता हुए युवक की हत्या का पर्दाफाश कर दिया है. दोस्त पर ही हत्या का आरोप है.

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हरिद्वार मर्डर केस (ETV Bharat)
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By ETV Bharat Uttarakhand Team

Published : January 3, 2026 at 10:49 PM IST

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हरिद्वार: उत्तराखंड के हरिद्वार जिले में लापता हुए युवक की हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. इस मामले में पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है. हत्यारोपी कोई और नहीं, बल्कि मृतक का दोस्त ही निकाला. पुलिस के अनुसार आरोपी ने नशे की ओवरडोज देकर दोस्त को मौत घाट उतारा था. ये पूरा मामला हरिद्वार के ज्वालापुर कोतवाली क्षेत्र का है.

पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी का नाम आर्य गिरी पुत्र विनोद गिरी है, जो खड़खड़ी का रहने वाला है. आरोपी आर्य गिरी का रुपयों के लेनदेन को लेकर अपने दोस्त साहिल से कुछ विवाद चल रहा था. आरोप है कि इसी वजह से आर्य गिरी ने नशे की ओवरडोज देकर साहिल की हत्या कर दी, ताकि हत्यारोपी को साहिल का उधार न लौटाना पड़े.

पुलिस ने बताया कि आरोपी के पास एक खाली इंजेक्शन सीसी एविल, दो खाली सिरिंज सुई लगी हुई और दो प्लास्टिक के रैपर बरामद हुए हैं. पुलिस के अनुसार बीती 27 दिसंबर को वैशाली देवी पत्नी दीपक भदौरिया निवासी हरिपुर कला शान्ति मार्ग थाना रायवाला ने पुलिस को तहरीर दी थी.

वैशाली देवी ने बताया कि उनका 25 साल का बेटा सहजल उर्फ साहिल भदौरिया बीती 24 दिसंबर को लालपुल ज्वालापुर में कहीं गुम हो गया. वैशाली देवी की शिकायत पर ज्वालापुर कोतवाली पुलिस ने साहिल की गुमशुदगी दर्ज की.

30 दिसंबर को सूचना प्राप्त हुई कि गुमशुदा सहजल उर्फ साहिल भदौरिया का शव लालपुल ज्वालापुर के पास झाड़ियों में पड़ा है. ज्वालापुर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम कराया. परिजनों ने साहिल की हत्या की आशंका जताई थी. पुलिस ने उसी आधार पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू की. एसएसआई खेमेन्द्र गंगवार को मामले की जांच सौंपी गई.

जांच के दौरान ही पुलिस को कुछ सबूत मिले, जिनके आधार पर पुलिस ने आर्य गिरी को पुराना रानीपुर मोड रेलवे अंडर पास से गिरफ्तार किया. सख्ती से पूछताछ करने पर आरोपी ने बताया गया कि सहजल उर्फ साहिल भदौरिया और वो काफी पुराने दोस्त हैं.

आरोपी ने पूछताछ में बताया कि पहले दोनों ने मिलकर पार्टनरशिप में कपड़े का काम भी किया था. दोनों नशे के आदि हो गये थे और दोनों ने कई बार साथ में इन्जेशन से एविल का व स्मैक का नशा किया था. आरोपी आर्य गिरी ने कपड़े व्यापार के डेढ लाख रुपये अपने दोस्त सहजल उर्फ साहिल भदौरिया से उधार लिए थे. रुपए वापस लौटाने न पड़े इसलिए उसने एविल व स्मैक को मिलाकर हेवी डोज तैयार की.

पुलिस के अनुसार आरोपी ने पहले थोड़ी सी डोज खुद ली और बाकी बची सारी डोज अपने दोस्त सहजल उर्फ साहिल को लगा दी थी. आरोपी को पता था कि इतनी अधिक डोज लगाने से साहिल मर जायेगा और उसे डेढ लाख रुपये भी नही देने पड़ेंगे. डोज लगाने के बाद साहिल झाड़ियों में बेहोश होकर गिर गया, तब उसे लगा कि अब साहिल की मौत हो जायेगी.

पुलिस ने बताया कि इस वारदात के बाद आरोपी काफी डर गया था और वो साहिल की स्कूटी लेकर अपने घर आ गया था. हालांकि बाद में जब साहिल की माता व कुछ अन्य लोग बेटे की जानकारी लेने आरोपी के घर पहुंचे तो वो और घबरा गया. फिर भी सच नहीं बताया और स्कूटी की चाबी उन्हे दे दी थी.

घटना के सम्बन्ध में पुलिस ने भी आरोपी आर्य गिरी से पूछताछ की थी, लेकिन डर के मारे उसने पुलिस को भी कुछ नहीं बताया. हालांकि बाद में सख्ती से पूछताछ करने पर आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया. ज्वालापुर कोतवाली प्रभारी कुंदन सिंह राणा ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी आर्य गिरी की निशानदेही पर पुलिस द्वारा घटनास्थल से मृतक सहजल उर्फ साहिल भदौरिया व उसके दोस्त अभियुक्त आर्य गिरी द्वारा नशे में प्रयुक्त की गयी एक खाली इंजेक्शन सीसी एविल, दो खाली सिरिंज सुई लगी हुई और दो प्लास्टिक के रेपर बरामद किये गए हैं.

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