बिहार के किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी, अब 31 मार्च तक होगी धान अधिप्राप्ति
मंत्री लेसी सिंह की पहल ने रंग लायी है. बिहार में धान अधिप्राप्ति की अंतिम तिथि 31 मार्च तक बढ़ी है. पहले 28 फरवरी था.


Published : February 23, 2026 at 9:04 PM IST
पटना : बिहार के किसानों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है. भारत सरकार ने राज्य में धान अधिप्राप्ति की अंतिम तिथि 31 मार्च तक बढ़ा दिया है. मंत्री लेसी सिंह के अनुरोध को स्वीकार करते हुए भारत सरकार ने बिहार में धान अधिप्राप्ति की अंतिम तिथि 28 फरवरी से बढ़ाकर 31 मार्च तक करने की स्वीकृति प्रदान की है.
''राज्य सरकार किसानों के हितों की रक्षा के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है. धान अधिप्राप्ति की अवधि बढ़ाए जाने से अधिक से अधिक किसानों को अपना धान न्यूनतम समर्थन मूल्य पर बेचने का अवसर मिलेगा. राज्य सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि प्रत्येक पात्र किसान को इसका लाभ मिले.''- लेसी सिंह, मंत्री, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग, बिहार
केन्द्रीय मंत्री से मिलकर रखी थी मांग : दरअसल, मंत्री लेसी सिंह ने 16 फरवरी को भारत सरकार के मंत्री प्रह्लाद जोशी (खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग) से दिल्ली में मुलाकात कर 'खरीफ विपणन मौसम 2025-26' के तहत बिहार में धान अधिप्राप्ति की अंतिम तिथि बढ़ाने का अनुरोध किया था. इस मौके पर खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के सचिव अभय कुमार सिंह भी उपस्थित थे.
आज नई दिल्ली में उपभोक्ता मामले,खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय के माननीय केन्द्रीय मंत्री श्री @JoshiPralhad जी एवं विभागीय अधिकारियों के साथ खरीफ विपणन मौसम 2025–26 में धान अधिप्राप्ति से जुड़ी किसानों की समस्याओं,खरीद प्रक्रिया में आ रही व्यावहारिक कठिनाइयों तथा राज्य के… pic.twitter.com/VQVTwvovyx
— Leshi Singh (@LeshiSingh) February 16, 2026
केन्द्र सरकार को दिया धन्यवाद : मंत्री लेसी सिंह ने इस निर्णय के लिए भारत सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया. साथ ही अधिकारियों को अधिप्राप्ति प्रक्रिया को सुचारु एवं पारदर्शी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिया.
कितनी हुई है खरीदारी : 'खरीफ विपणन मौसम 2025-26' अन्तर्गत प्रदत लक्ष्य 36.85 लाख मेट्रिक टन के विरुद्ध अब तक 6879 समितियों के माध्यम से 4.28 लाख किसानों से 29.22 लाख मेट्रिक टन धान की अधिप्राप्ति की गई है, जो कि कुल लक्ष्य का 79.30 प्रतिशत है. किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य के रूप में 6400 करोड़ रुपये का भुगतान उनके खाते में किया जा चुका है.
धान अधिप्राप्ति का लक्ष्य बढ़ाने का भरोसा : खाद्य उपभोक्ता संरक्षण मंत्री लेसी सिंह जब दिल्ली में मंत्री से मुलाकात कर पटना लौटी थी, तब उन्होंने कहा था कि लक्ष्य बढ़ाने का भी अनुरोध उन्होंने किया है. केंद्र सरकार ने इस बार पिछले साल के 45 लाख मैट्रिक टन से घटाकर लक्ष्य 36 लाख मेट्रिक टन कर दिया है. फिलहाल लक्ष्य नहीं बढ़ाया गया है. मंत्री लेसी सिंह को भरोसा है कि केंद्र सरकार धान अधिप्राप्ति का लक्ष्य भी बढ़ाएगी.
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