नूंह में गंगवानी पंचायत का फैसला...डीजे बजाओगे तो इमाम नहीं पढ़ाएंगे निकाह!
नूंह की गंगवानी पंचायत ने शादी में डीजे बजाने पर रोक लगा दी है.

Published : February 17, 2026 at 1:01 PM IST
|Updated : February 17, 2026 at 1:38 PM IST
नूंह: गंगवानी में आयोजित पंचायत ने गांव में सामाजिक बुराइयों पर रोक लगाने और अनुशासित वातावरण बनाने के लिए कई ऐतिहासिक फैसले लिए. पंचायत के फैसलों को लागू कराने के लिए विशेष कमेटी का गठन भी किया गया है. इस बारे में मास्टर चौधरी मोहम्मद हुसैन ने कहा, "ये फैसले गांव के सामाजिक और सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा के लिए जरूरी हैं."
डीजे बजाने वालों की शादी पर रोक: सबसे चर्चित फैसला यह है कि अब गांव में डीजे बजाने वाले व्यक्ति का निकाह इमाम नहीं पढ़ाएंगे. नियम तोड़ने पर 51 हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा. पूर्व सरपंच मोहम्मद कासिम ने टिप्पणी की, "गांव की परंपराओं और मर्यादा की रक्षा अब हमारी प्राथमिकता है."
रात 10 बजे बाद दुकानें बंद: पंचायत ने सभी दुकानों को रात 10 बजे बंद रखने का आदेश दिया. नियम तोड़ने वालों पर 21 हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा. ग्रामीण हनीफ ने कहा, "रात के समय दुकानें बंद होने से गांव में सुरक्षा और शांति बढ़ेगी."
नशा, जुआ और अपराध पर सख्ती: नशे की हालत में पाए जाने वाले व्यक्ति से 11 हजार रुपये का जुर्माना वसूल कर पुलिस के हवाले किया जाएगा. जुआ खेलने या खिलवाने वाले बाहरी व्यक्ति पर 51 हजार रुपये का जुर्माना तय किया गया है. साइबर अपराध और गो तस्करी में संलिप्त आरोपी को सीधे पुलिस को सौंपा जाएगा. डॉ उस्मान ने कहा, "इन नियमों से अपराध पर अंकुश लगेगा और बच्चों और युवाओं पर सकारात्मक असर पड़ेगा."
शादी-विवाह और सामाजिक परंपराओं में सुधार: पंचायत ने शादी में मेहर की राशि साढ़े तीन तोला चांदी तय की है. बारात में मेहमानों की संख्या 30-50 तक सीमित करने, गाड़ी की सनरूफ खोलकर चलाने और मृत्यु पर सार्वजनिक भोज न करने जैसे नियम भी लागू होंगे. शरीफ पहलवान ने कहा, "ये फैसले सामाजिक अनुशासन बढ़ाएंगे और गांव के वातावरण को सुरक्षित बनाएंगे."

