डाक्टर नर्स नदारद थे, स्वीपर ने कराया प्रसव, नवजात की मौत, छत्तीसगढ़ में भगवान भरोसे अस्पताल
सरगुजा के अस्पताल में लापरवाही से नवजात की मौत हो गई. इस केस में अब स्वास्थ्य विभाग गोल मोल जवाब दे रहा है.

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : February 20, 2026 at 9:38 PM IST
सरगुजा: जिले के लखनपुर विकासखंड के ग्राम कुन्नी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र डॉक्टर और स्टाफ की कमी से जूझ रहा है. अस्पताल में समय पर डॉक्टर और नर्स उपलब्ध नहीं थे और स्वीपर ने गर्भवती महिला का प्रसव कराने का प्रयास किया. प्रसव के दौरान बच्चा फंस गया, सूचना पर डॉक्टर अस्पताल पहुंचे और प्रसव कराया गया लेकिन तब तक बच्चे की मौत हो चुकी थी
पीड़ित परिवार का स्वास्थ्य विभाग पर आरोप
नवजात की मौत के बाद परिजनों ने आरोप लगाया है कि "समय पर डॉक्टर और नर्स अस्पताल में मौजूद होते तो यह स्थिति निर्मित नहीं होती और शायद आज बच्चा जीवित होता. घटना के बाद से परिवार जनों में शोक का माहौल है और उन्होंने शासन से न्याय की मांग की है.
जानिए किस हद तक बरती गई लापरवाही ?
मिली जानकारी के मुताबिक गर्भवती महिला गौरी यादव अपने मायका ग्राम जमदरा आई हुई थी, प्रसव पीड़ा होने पर 16 फरवरी मंगलवार की रात करीब 11 बजे परिजनों के द्वारा प्रसव के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुन्नी ले जाया गया. जहां डॉक्टर और स्टाफ नर्स नहीं होने पर स्वीपर श्याम पति के द्वारा जांच कर अस्पताल में भर्ती कर इलाज शुरू किया गया. बुधवार की सुबह लगभग 7 बजे स्वीपर श्याम पति के द्वारा प्रसव कराया जा रहा था. प्रसव कराने के दौरान बच्चा फंस गया, इसी दौरान डॉक्टर अस्पताल पहुंचे और प्रसव कराया गया, लेकिन तब तक बच्चे की मौत हो चुकी थी.
समय पर डॉक्टर और नर्स अस्पताल में मौजूद नहीं थे. जिस वजह से स्वीपर ने प्रसव कराया और नवजात की मौत हो गई- गौरी यादव, प्रसूता और पीड़िता
स्वास्थ्य विभाग दे रहा गोल मोल जवाब
इस मामले में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी पी एस मार्को ने बताया कि " यह कुन्नी का मामला है. यहां एक केस डिलीवरी के लिए रात में सीएचसी कुन्नी में भर्ती हुई थी, परिजनों का आरोप है कि अच्छे से चेक नहीं हुआ और जो डिलीवरी करवाया गया वो स्टाफ नर्स के द्वारा नहीं कराया गया. इस वजह से बच्चे की मौत हो गई.
मैं वहां के ड्यूटी डॉक्टर से पूछा तो वह बताया कि ब्रिज प्रेजेंटेशन था. उनको हम रात में ही रेफर कर दिए थे. मगर वो बोले कि हम सुबह जाएंगे अभी नहीं जा पाएंगे और सुबह 7 बजे बच्चे की डिलीवरी हो गई. ब्रिज प्रेजेंटेशन होने की वजह से बच्चा मृत पैदा हुआ. इसमें बीएमओ को लखनपुर से भेजा गया है. वे जांच रिपोर्ट दे रहे हैं.- पीएस मार्को,मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, सरगुजा
पी एस मार्को ने आगे बताया कि इसमें एक सिस्टर की ड्यूटी लगाई गई थी. वो सिस्टर वहां ड्यूटी में नहीं गई क्योंकि अभी वर्तमान में एक ही स्टाफ नर्स कार्यरत हैं और बाकी सिस्टर मेडिकल ग्राउंड पे छुट्टी में चले गए हैं. इस वजह से इस टाइप की स्थिति उत्पन्न हुई है. अभी स्टाफ नर्स वहां पर तीन ही हैं. अब इसमें अगर किसी की लापरवाही होगी तो उसके ऊपर कलेक्टर महोदय के अनुमोदन से ट्रांसफर कर देंगे.

