2018 फॉरेस्ट गार्ड भर्ती परीक्षाफल रोकने का मामला, हाईकोर्ट ने UKSSSC के सचिव को किया तलब
फॉरेस्ट गार्ड की भर्ती 2018 में हुई थी, यूकेएसएसएससी ने नकल करने के आरोप में कुछ अभ्यर्थियों का रिजल्ट रोक दिया था

By ETV Bharat Uttarakhand Team
Published : April 29, 2026 at 9:08 AM IST
नैनीताल: उत्तराखंड हाईकोर्ट ने 2018 में हुई दो हजार से अधिक फॉरेस्ट गार्ड की भर्ती प्रक्रिया में एकलपीठ द्वारा 9 याचिकाकर्ताओं का भी परीक्षाफल घोषित करने के आदेश को चुनौती देती यूकेएसएसएससी (Uttarakhand Subordinate Service Selection Commission) की अपील की सुनवाई की. मुख्य न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने आयोग के सचिव को 6 मई को कोर्ट में तलब किया है.
2018 फॉरेस्ट गार्ड भर्ती परीक्षाफल रोकने का मामला: इन याचिकाकर्ताओं पर परीक्षा के समय नकल करने की शिकायत के आधार पर आयोग ने उनका परीक्षाफल रोक दिया था. जिसके खिलाफ उन्होंने एकलपीठ में याचिका दायर की थी. एकलपीठ ने इन याचियों के पक्ष में फैसला दिया था और उनका परीक्षाफल घोषित करने को कहा था.
परीक्षाफल घोषित करने की मांग: एकलपीठ में उनके द्वारा कहा गया था कि आयोग द्वारा उनका परीक्षाफल गलत रूप में रोका गया. उनके खिलाफ नकल करने से सम्बन्ध्ति कोई आरोप नहीं हैं. इसलिए उनका परीक्षाफल घोषित किया जाए.
यूकेएसएसएससी ने दस्तावेज जमा करने के लिए समय मांगा: इस आदेश खिलाफ आयोग ने खंडपीठ में 2022 में अपील दायर की. मंगलवार को हुई सुनवाई पर आयोग की तरफ से कहा गया कि अभ्यर्थियों के खिलाफ साक्ष्य और अन्य कागजात दाखिल करने के लिए उन्हें समय चाहिए. रिकॉर्ड अब तक कोर्ट में पेश नहीं किए गए. इसका विरोध करते हुए याचिकाकर्ताओं की ओर से कहा गया कि आयोग 2022 से अभी तक दस्तावेज पेश करने के लिए कई बार समय मांग चुका है. तब से अब तक दस्तावेज पेश नहीं किए गए.
हाईकोर्ट ने यूकेएसएसएससी के सचिव को 6 मई को कोर्ट में हाजिर होने को कहा: मंगलवार को मुख्य न्यायाधीश मनोज कुमार गुप्ता और न्यायमूर्ति सुभाष उपाध्याय की खंडपीठ ने मामले की सुनवाई के बाद सचिव यूकेएसएसएससी को 6 मई को तलब किया है.
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