मसूरी में पर्यटकों की जान से हो रहा था खिलवाड़, पालिका ने रेंजर झूला किया सील
मसूरी में नगर पालिका ने सुरक्षा मानकों का पालन ना करने लगाए गए रेंजर झूले को सील कर दिया है.

By ETV Bharat Uttarakhand Team
Published : May 4, 2026 at 8:19 AM IST
मसूरी: पर्यटन सीजन के बीच मसूरी के झूलाघर स्थित चर्चित रेंजर झूले को नगर पालिका प्रशासन ने सुरक्षा मानकों का पालन ना करने के आरोप में सील कर दिया है. कार्रवाई के बाद झूला संचालक और नगर पालिका प्रशासन आमने-सामने आ गए हैं. दोनों पक्ष एक-दूसरे पर नियमों की अनदेखी और लापरवाही के आरोप लगा रहे हैं.नगर पालिका प्रशासन की ओर से झूलाघर पहुंचकर रेंजर झूले को अग्रिम आदेशों तक सील कर दिया गया.
पालिका के अधिशासी अधिकारी गौरव भसीन ने बताया कि झूला संचालक द्वारा सुरक्षा से जुड़े आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए गए थे. उन्होंने कहा कि नगर पालिका की शर्तों के अनुसार हर वर्ष भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान रुड़की से झूले का तकनीकी परीक्षण कराकर नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट लेना अनिवार्य है, लेकिन इस बार ऐसा नहीं किया गया. उन्होंने यबताया कि झूला संचालक द्वारा नगर पालिका को देय वार्षिक शुल्क भी जमा नहीं कराया गया. इस संबंध में कई बार नोटिस जारी किए गए, लेकिन कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला. पालिका प्रशासन का कहना है कि पर्यटकों की सुरक्षा को देखते हुए कार्रवाई करना जरूरी था. वहीं रेंजर झूला संचालक गौरव रावत ने नगर पालिका के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि हर वर्ष की तरह इस बार भी आईआईटी रुड़की को निरीक्षण के लिए पत्र नगर पालिका द्वारा भेजा जाना था.
उन्होंने दावा किया कि आईआईटी रुड़की ने उन्हें स्पष्ट रूप से बताया है कि तकनीकी परीक्षण और पत्राचार नगर पालिका परिषद मसूरी के माध्यम से ही किया जाएगा. गौरव रावत ने कहा कि उन्होंने इस संबंध में पालिका प्रशासन को प्रार्थना पत्र देकर आईआईटी रुड़की के विशेषज्ञों को निरीक्षण के लिए बुलाने की मांग की थी, लेकिन इसके बावजूद अचानक झूले को सील कर दिया गया. उन्होंने आरोप लगाया कि पालिका प्रशासन उन्हें बेवजह परेशान कर रहा है. झूला संचालक ने कहा कि रेंजर झूला पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र रहा है और बिना तकनीकी निरीक्षण करवाए सीधे कार्रवाई करना उचित नहीं है. उन्होंने चेतावनी दी कि मामले में वह कानूनी सलाह लेकर आगे की कार्रवाई करेंगे. इस पूरे घटनाक्रम के बाद पर्यटन सीजन में झूले के बंद होने से स्थानीय पर्यटन कारोबार पर भी असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है. वहीं प्रशासन का कहना है कि सुरक्षा मानकों से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा.
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