देश में सबसे सस्ती बिजली मध्य प्रदेश में, 2 रुपए 14 पैसे प्रति यूनिट की है दर, कैसे हुआ मुमकिन
मध्य प्रदेश के मालवा क्षेत्र के तीन जिलों में 1500 मेगावॉट सोलर बिजली पैदा होगी, नीमच में शाजापुर नीमच सोलर पार्क का उद्घाटन.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : June 29, 2026 at 6:49 PM IST
|Updated : June 29, 2026 at 10:52 PM IST
भोपाल: मध्य प्रदेश अब सोलर का नया पॉवर हाउस बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है. मध्य प्रदेश में सोलर से पैदा होने वाली बिजली की दरें लगातार नए रिकॉर्ड बना रही हैं. प्रदेश के नीमच में 500 मेगावॉट के सोलर पॉवर प्लांट से बनने वाली बिजली का 2 रुपए 14 पैसे प्रति यूनिट का टैरिफ तय हुआ है.
नीमच में शाजापुर नीमच सोलर पार्क का उद्घाटन करते हुए केन्द्रीय नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रल्हाद जोशी ने कहा कि "मध्य प्रदेश में सोलर पार्क के रूप में बहुत अच्छा काम हुआ है. पूरे देश ही नहीं, बल्कि जहां तक मुझे जानकारी है कि पूरी दुनिया में 2 रुपए 14 पैसे प्रति यूनिट यह सबसे कम टैरिफ है." कार्यक्रम में केन्द्रीय मंत्री ने मध्य प्रदेश के लिए सौगातों का पिटारा खोला. इसके साथ ही मध्य प्रदेश सरकार को दो टास्क भी सौंपे हैं.
तीन जिलों में पैदा होगी 1500 मेगावॉट बिजली
प्रदेश के मालवा क्षेत्र के तीन जिलों में अब 1500 मेगावॉट सोलर बिजली पैदा होगी. नीमच में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, नवकरणीय ऊर्जा मंत्री राकेश शुक्ला की मौजूदगी में केन्द्रीय मंत्री द्वारा नीमच में 500 मेगावॉट, शाजापुर में 450 मेगावॉट सोलर पार्क शुरू किया गया. इन दोनों परियोजनाओं में बिजली की सबसे कम 2 रुपए 14 पैसे प्रति यूनिट की दर आई है. इन दोनों जिलों के बाद आगर मालवा में भी 550 मेगावॉट का सोलर पार्क तैयार हो रहा है. इसके बाद इन तीनों जिलों में मिलाकर 1500 मेगावॉट बिजली उत्पादन होगा.
केन्द्रीय मंत्री ने सौंपा प्रदेश को दो बड़े काम
केन्द्रीय मंत्री प्रल्हाद जोशी ने कहा कि "प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का सपना है कि 50 फीसदी देश में विंड, सोलर से बिजली का उत्पादन होना चाहिए. सोलर ऊर्जा के बाद पूछा जाता था कि सूर्यास्त के बाद क्या करेंगे. प्रधानमंत्री मोदी ने गुजरात में सोलर ऊर्जा स्टोरेज का विजन पूरा करके दिखाया, जिसे अब मध्य प्रदेश के मुरैना में 440 मेगावॉट सोलर पॉवर और 1760 मेगावॉट ऑवर्स बैटरी स्टोरेज के रूप में आगे बढ़ाया गया है. इससे सुबह पीक ऑवर्स में दो घंटे और रात में 7 से 9 बजे तक सोलर एनर्जी से सप्लाई की जाएगी. इसी तरह 1920 मेगावॉट का गांधीसागर पम्प स्टोरेज भारत का सबसे बड़ा पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट है. इससे रिन्युबल एनर्जी में बढ़ोत्तरी होगी."
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केन्द्रीय मंत्री ने मध्य प्रदेश को दो नए टास्क भी सौंपे
केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि "मध्य प्रदेश में कुल एनर्जी उत्पादन क्षमता 28 गीगावॉट है इसमें 12 गीगावॉट रिन्युवल एनर्जी है, उसको बढ़ाकर 50 फीसदी कर दीजिए. मध्य प्रदेश में पवन ऊर्जा में 3.7 गीगाबाइट प्रोडक्शन हो रहा है, इसको आप 10 गीगाबाइट तक लेकर जाएंगे तो मध्य प्रदेश की एनर्जी की कॉस्ट बहुत कम हो जाएगी. इसका फायदा देश को भी मिलेगा. पवन ऊर्जा रात की ऊर्जा के लिए बहुत मददगार साबित हो सकती है, इसलिए मध्य प्रदेश दो साल में 10 गीगाबाइट तक पहुंचने का लक्ष्य हासिल करे, केन्द्र सरकार आपके साथ खड़ी है."
केन्द्रीय मंत्री ने दी सौगात
केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि "केन्द्र सरकार ने प्रधानमंत्री कुसुम योजना में 5960 करोड़ के विकास के प्रोजेक्ट को स्वीकृति दी है, इसका लाभ मध्यप्र देश को मिलने वाला है. केन्द्र सरकार पीएम कुसुम 2 भी शुरू करने जा रही है. इसके लिए मध्य प्रदेश सरकार तैयारी कर ले, इस योजना में भी प्रदेश को बहुत कुछ मिलने वाला है."

