धनबाद में मासूम बच्ची पर आवारा कुत्तों का हमला, घटना के बाद दहशत में लोग
धनबाद में आवारा कुत्तों ने एक मासूम बच्ची पर हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई. नरेंद्र निषाद की रिपोर्ट

Published : August 27, 2026 at 6:23 PM IST
धनबाद: एक मासूम बच्ची पर आवारा कुतों ने हमला कर दिया, जिससे वह घायल हो गई. घटना सरायढेला थाना क्षेत्र की न्यू कॉलोनी स्थित दुर्गा मंदिर के पास की है. दरअसल, 5 साल की बच्ची अपनी बहन के साथ मैदान की ओर जा रही थी. तभी अचानक 10 से 15 आवारा कुत्तों ने उसे घेर लिया और उस पर हमला कर दिया. कुछ ही पलों में बच्ची जोर से चीखने लगी.
बच्ची पर अचानक हुआ कुतों का हमला
इस दौरान मासूम खुद को बचाने के लिए छटपटाती रही लेकिन कुत्तों का झुंड लगातार उस पर हमला करता रहा. आसपास के लोगों ने बच्ची की चीख सुनी तो दौड़कर मौके पर पहुंचे. कड़ी मशक्कत के बाद लोगों ने कुत्तों को खदेड़ा और बच्ची को उनके चंगुल से बचाया, लेकिन तब तक बच्ची बुरी तरह घायल हो चुकी थी.
सामने आया घटना का वीडियो
घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है. फुटेज में जिस तरह कुत्तों का झुंड बच्ची को घेरकर हमला करता नजर आ रहा है, वह किसी को भी झकझोर देने वाला है. हादसे के बाद परिजन आनन-फानन में बच्ची को शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (SNMMCH) लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उसे एंटी-रेबीज वैक्सीन सहित जरूरी दवाइयां दी हैं.
घटना के बाद लोगों के मन में बैठा डर
इस हमले ने बच्ची के मन में भी गहरा डर बैठा दिया है. परिजनों के मुताबिक, बच्ची घटना के बाद से सहमी हुई है. घर से बाहर निकलने में डर लग रहा है. उसकी बहन और परिवार के दूसरे बच्चे भी उस मंजर को भूल नहीं पा रहे हैं.
सदमे में पूरा परिवार
बच्ची के पिता विकास सिन्हा की आंखों में बेटी का दर्द साफ दिखाई दे रहा है. उनका कहना है कि बेटी को इस हालत में देखकर पूरा परिवार सदमे में है. उन्होंने घटना के बाद नगर निगम के टोल-फ्री नंबर पर शिकायत भी दर्ज कराई है, लेकिन शिकायत के बावजूद अब तक जमीन पर कोई ठोस कार्रवाई नजर नहीं आई.
सवालों के घेरे में नगर निगम की कार्यशैली
बच्ची पर हुआ हमला महज एक हादसा नहीं, बल्कि शहर में बढ़ती आवारा कुत्तों की समस्या की गंभीर तस्वीर सामने रखता है. गलियों और मोहल्लों में झुंड के रूप में घूमते कुत्ते अब बच्चों और बुजुर्गों के लिए डर का कारण बन रहे हैं. सवाल यह है कि आखिर नगर निगम कब जागेगा?
नसबंदी अभियान पर उठे सवाल
वहीं लोगों का कहना है कि शिकायतें लगातार सामने आती रही, लेकिन समस्या का स्थाई समाधान नहीं हो रहा है. आवारा कुत्तों की संख्या नियंत्रित करने के लिए नसबंदी अभियान और उन्हें पकड़ने की व्यवस्था कितनी प्रभावी है, इस पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं. बच्ची के शरीर के जख्म शायद समय के साथ भर जाएंगे, लेकिन उस हमले का डर उसके मन से कब निकलेगा, यह कहना मुश्किल है.
जरूरत इस बात की है कि प्रशासन किसी अगली घटना का इंतजार न करें. नगर निगम संवेदनशील इलाकों को चिन्हित कर तत्काल अभियान चलाए और आवारा कुत्तों की समस्या पर ठोस कदम उठाए.
डॉग कैचर टीम भेजने की तैयारी
वहीं, नगर निगम की डॉग कैचर टीम की प्रभारी डॉ. दीपांजलि मरांडी ने बताया कि उन्हें घटना की जानकारी नहीं थी. ईटीवी भारत की ओर से मामले की जानकारी दिए जाने के बाद उन्होंने इलाके में डॉग कैचर टीम भेजने की बात कही है. उन्होंने बताया कि टीम मौके पर भेजकर आवारा कुत्तों को पकड़ने की कार्रवाई की जाएगी.
ये भी पढ़ें- आवारा कुत्ता काटे, तो नहीं हो परेशान, लातेहार सदर अस्पताल में इलाज की है पूरी व्यवस्था
आवारा कुत्ता उठा ले गया नवजात का शव, राहगीरों ने छुड़ाया
डॉग बाइट सेंटर जाने से मिलेगी निजात, अब सदर अस्पताल में भी एंटी रेबीज इंजेक्शन की व्यवस्था

