ETV Bharat / state

'सोन नदी का पानी औरंगाबाद, सासाराम, रोहतास के लोगों को पीने के लिए मिलेगा', विधानसभा में बोले मंत्री

विजय चौधरी ने कहा कि गंगा जल की तरह सोन नदी के पानी का इस्तेमाल पेयजल के रूप में किया जाएगा. पढ़ें पूरी खबर

VIJAY KUMAR CHAUDHARY
विजय चौधरी (ETV Bharat)
author img

By ETV Bharat Bihar Team

Published : February 12, 2026 at 8:43 PM IST

5 Min Read
Choose ETV Bharat

पटना : बिहार विधानसभा में विभागीय बजट की चर्चा के बाद जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि देश की स्वतंत्रता के बाद और 2005 से पहले जितनी सिंचाई क्षमता विकसित हुई थी, नीतीश सरकार ने उतनी सिंचाई क्षमता केवल 20 साल में ही विकसित कर लिया. मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि औरंगाबाद, डेहरी और सासाराम के लोगों को सोन नदी का पानी पीने को मिलेगा. वहीं कैमूर, मोहनिया और भभुआ के लोगों को दुर्गावती जलाशय का पानी पीने को मिलेगा.

पेयजल के रूप में सोन नदी का पानी : मंत्री विजय कुमार चौधरी ने विधानसभा में जवाब देते हुये कहा कि गंगा नदी का पानी लिफ्ट कर राजगीर, बोधगया, सहित अन्य हिस्सों में पेयजल के रूप में पहुंच चुका है. अब औरंगाबाद, डेहरी और सासाराम के लोगों को सोन नदी का पानी पीने को मिलेगा.

विजय कुमार चौधरी (ETV Bharat)

''कैमूर, मोहनिया और भभुआ के लोगों को दुर्गावती जलाशय का पानी पीने को मिलेगा. राज्य में सिंचाई के लक्ष्य 53.53 लाख हेक्टेयर में से 38.13 लाख हेक्टेयर में सिंचाई होने लगी है.''- विजय कुमार चौधरी, मंत्री, जल संसाधन विभाग

'मजबूरी के कारण तल्ख भाषा में विभाग की आलोचना' : अनुदान की राशि में कटौती का प्रस्ताव विपक्ष की तरफ से राहुल सिंह ने रखा था. उनका नाम लिये बिना मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि युवा साथी पहले इसी सदन में हमारे साथ थे. उस समय तो वे विभाग की भूरी-भूरी प्रशंसा किया करते थे. अब वे विपक्ष में हैं तो उनकी कुछ मजबूरी हो सकती है जिस वजह से उन्होंने तल्ख भाषा में विभाग की आलोचना की.

'समस्या के निदान का आश्वासन देता हूं' : विजय चौधरी ने एआईएमआईएम के मो. तौसीफ आलम का नाम लेकर कहा कि उन्होंने अपना पक्ष रखते हुये अंत में कह ही दिया कि वे मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आभारी हैं, वे मेरी शादी में गये थे. मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि अधिकांश सदस्यों ने अनुदान मांग की सराहना की, लेकिन जिन सदस्यों ने समस्या बतायी है, उनका निदान समय पर करने का आश्वासन देता हूं.

इंद्रपुरी जलाशय का जिक्र : मंत्री विजय कुमार चौधरी ने भाकपा माले के संदीप सौरभ द्वारा कदवन जलाशय का जिक्र किये जाने पर कहा कि इसका विस्तार दो-तीन राज्यों में हो रहा था, इससे परेशानी हो रही थी. ऐसे में इसकी जगह इंद्रपुरी जलाशय बनाया गया और योजना मंजूर हो गयी. इसके साथ ही वाणसागर परियोजना को लेकर 1973 से ही बिहार, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के बीच समझौता लंबित था.

Bihar Assembly
बिहार विधानसभा (ETV Bharat)

इससे बिहार को सोन नदी से 7.75 मिलियन एकड़ फीट पानी मिलना था. इस जलाशय का हिस्सा झारखंड में भी पड़ता है. ऐसे में जब एनओसी मांगी गयी तो झारखंड से कहा गया कि संयुक्त बिहार को 7.75 मिलियन एकड़ फीट पानी मिलना था. ऐसे में इसका बंटवारा अब बिहार और झारखंड में करने के बाद ही एनओसी देंगे.

''यह मामला वर्ष 2000 से लंबित था. 10 जुलाई 2025 को गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में बैठक में समझौता हुआ. इसमें झारखंड को दो मिलियन एकड़ फीट और बिहार को 5.75 मिलियन एकड़ फीट पानी मिलना तय हुआ. तिलैया-ढाढर परियोजना में भी झारखंड की हिस्सेदारी है. ऐसे में जब झारखंड ने एनओसी नहीं दिया तो हमलोगों ने तिलैया को छोड़ ढाढर सिंचाई परियोजना बनाने का निर्णय लिया.''- विजय कुमार चौधरी, मंत्री, जल संसाधन विभाग

कोसी-मेची लिंक परियोजना से अररिया, किशनगंज, कटिहार और पूर्णिया में करीब दो लाख हेक्टेयर में सिंचाई सुविधा मिलेगी. कोसी में बाढ़ का पानी भी मेची नदी से होकर महानंदा बेसिन में पहुंचा दिया जायेगा. इससे बाढ़ से भी राहत मिलेगी. मंत्री विजय कुमार चौधरी ने सीमांचल के सभी विधायकों से कहा कि इस परियोजना को लेकर जमीन अधिग्रहण जल्द से जल्द करवा दीजिये.

''बिहार में बाढ़ का मुख्य कारण नेपाल, झारखंड सहित उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के दक्षिण पश्चिम में बारिश होना है. हमलोग नेपाल में डैम बनाना चाहते हैं, लेकिन वहां की सरकार अनुमति नहीं देती. वहीं राजनीतिक अस्थिरता के कारण नेपाल के क्षेत्र में पहुंचकर बाढ़ सुरक्षात्मक कार्य करवाने में भी परेशानी होती है.''- विजय कुमार चौधरी, मंत्री, जल संसाधन विभाग

7127.35 करोड़ का बजट पास : वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 7127 करोड़ 35 लाख एक हजार रुपये की अनुदान राशि की मांग प्रस्तुत करने के बाद सदन में चर्चा हुई और अनुदान राशि ध्वनिमत से पारित हो गयी. इससे पहले सदन ने ध्वनिमत से विपक्ष के कटौती प्रस्ताव को अस्वीकृत कर दिया.

ये भी पढ़ें :-

नीतीश कुमार ने मंत्री विजय चौधरी का हाथ पकड़ कर खींचा..हैरान रह गए नेता, देखें VIDEO