बायोफ्लॉक तकनीक के जरिए मछली उत्पादन से गदगद हुई मंत्री, MMDR संशोधन बिल को लेकर केंद्र सरकार को लिया आड़े हाथ
कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने हजारीबाग में मत्स्य विभाग द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं का निरीक्षण किया.

Published : September 1, 2026 at 6:49 PM IST
हजारीबाग: कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने अपने एक दिवसीय दौरे के दौरान मत्स्य विभाग से संबधित पदाधिकारी के साथ बैठक की. मंत्री ने हजारीबाग में विभाग की ओर से चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं का निरीक्षण किया. इसके साथ ही कृषि मंत्री ने MMDR संशोधन बिल, 2026 को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना भी साधा.
मंत्री नेहा शिल्पी तिर्की ने हजारीबाग में मत्स्य पालन से जुड़ी विभिन्न योजनाओं का निरीक्षण किया. जिले के मुनका बगीचा स्थित बायोफ्लॉक तकनीक के जरिए हो रहे मछली उत्पादन के बारे में विस्तृत जानकारी ली और बताया कि कैसे मछली उत्पादन से युवा आत्मनिर्भर बन रहे हैं और स्थानीय लोगों को फ्रेश मछली उपलब्ध करा रहे हैं.
वैज्ञानिक तरीके से मछली पालन
बायोफ्लॉक तकनीक कम जगह और बिना तालाब खोदे टैंक में वैज्ञानिक तरीके से मछली पालन करने की एक आधुनिक विधि है. इस पर पशुपालन मंत्री ने बताया कि सरकार, किसान और मछली उत्पादकों को हर संभव मदद करने के लिए तैयार है.
बेहतर व्यवसाय के रूप में उभरा है मत्स्य पालन
बायोफ्लॉक तकनीक से मछली पालन के बारे में जानकारी देते हुए संदीप आचार्य बताते हैं कि पशुपालन मंत्री ने मछली उत्पादन को लेकर विस्तृत रूप से चर्चा की. जिसमें उन्होंने बताया विभाग हमेशा किसान और मत्स्य पालकों के लिए खड़ा है, कई योजनाएं चलाई जा रही है, जिसका लाभ किसान ले सकते हैं. यह एक बेहतर व्यवसाय के रूप में उभरा है. बेहद कम जमीन में किसान मछली का उत्पादन कर सकते हैं. वह भी बिना तालाब खोदे हुए. उन्होंने बताया कि यह उच्च लाभ देने वाला यह व्यवसाय है.
स्थानीय सांसद और विधायकों पर किया जुबानी हमला
इधर, मंत्री नेहा तिर्की ने केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधते हुए कहा कि सांसद और विधायक दोनों बीजेपी से हैं. यहां की जनता ने दोनों विधायकों को वोट देकर जिताया है. उन्हें राज्य की जनता की आवाज को उठाना चाहिए.
MMDR संशोधन बिल से प्रभावित होगी कई योजनाएं: कृषि मंत्री
मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा MMDR संशोधन बिल, 2026 का झारखंड में व्यापक असर देखने को मिलेगा. 22 हजार करोड़ रुपए का राजस्व का नुकसान झारखंड को होगा है. कई विकास योजना प्रभावित होगी. केंद्र सरकार के भय के कारण कई बीजेपी शासित राज्य आवाज नहीं उठा रहे हैं. नेहा शिल्पी तिर्की ने मत्स्य पालकों को प्रोत्साहित किया, तो दूसरी ओर केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा है.
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