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डीडवाना में बना प्रदेश का पहला एकीकृत सैनिक कल्याण परिसर, कैबिनेट मंत्री राज्यवर्धन ने किया लोकार्पण

सैनिक कल्याण परिसर से डीडवाना जिले के 14 हजार पूर्व सैनिकों को लाभ मिलेगा.

SAINIK WELFARE COMPLEX IN DIDWANA
सैनिक कल्याण परिसर को लोकार्पण करते मंत्री राठौड़ (ETV Bharat Kuchamancity)
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By ETV Bharat Rajasthan Team

Published : March 24, 2026 at 5:11 PM IST

3 Min Read
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कुचामनसिटी: सैनिकों और पूर्व सैनिकों के सम्मान तथा उनकी सुविधाओं को एक ही छत के नीचे उपलब्ध कराने की दिशा में एक बड़ी पहल करते हुए सैनिक कल्याण मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने डीडवाना में नवनिर्मित एकीकृत सैनिक कल्याण परिसर का लोकार्पण किया. इस परिसर में शहीद स्मारक, वॉर गैलरी, सैनिक कैंटीन, सामुदायिक भवन, जिला सैनिक कल्याण कार्यालय, विश्राम गृह और चिकित्सालय शामिल हैं. इसे इंडिया गेट की अमर जवान ज्योति की तर्ज पर विकसित किया गया है. यहां बनाए गए स्मारक में 7.62 एमएम राइफल और उस पर सैनिक का हेलमेट स्थापित किया गया है. यह राइफल 1965, 1971 और 1999 के युद्धों में उपयोग में लाई गई थी और इसे विशेष रूप से जबलपुर से लाया गया है. परिसर में बनी वॉर गैलरी सैनिक इतिहास की गौरवशाली गाथा को जीवंत करती है. प्रथम विश्व युद्ध से लेकर कारगिल युद्ध तक के 136 शहीदों की तस्वीरें, उनके यूनिट, गांव और बलिदान दिवस की विस्तृत जानकारी यहां प्रदर्शित की गई है, जो आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देगी.

मंत्री राठौड़ ने कहा कि डीडवाना का यह परिसर प्रदेश का पहला ऐसा मॉडल है, जहां सैनिकों और उनके परिवारों को सभी आवश्यक सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध होंगी. उन्होंने इसे 'वन स्टॉप सॉल्यूशन' बताते हुए कहा कि अब अन्य जिलों में भी इसी तर्ज पर ऐसे परिसर विकसित किए जाएंगे, जिससे अधिक से अधिक पूर्व सैनिकों को लाभ मिल सके. उन्होंने वैश्विक परिदृश्य का जिक्र करते हुए कहा कि आज पूरे विश्व में युद्ध जैसे हालात बने हुए हैं, लेकिन इसके बावजूद भारत आत्मनिर्भर बनकर एक मजबूत वैश्विक शक्ति के रूप में उभर रहा है. उन्होंने कहा कि भारत के पास आधुनिक हथियार, नवीनतम तकनीक, रणनीति, कूटनीति और मजबूत सैन्य क्षमता है तथा देश में ही अत्याधुनिक हथियार, जेट और मिसाइलों का निर्माण हो रहा है.

कार्यक्रम में मौजूद मंत्री राठौड़ व विधायक युनूस खान (ETV Bharat Kuchamancity)

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कार्यक्रम में मौजूद विधायक युनूस खान ने कहा कि यह परिसर केवल एक भवन नहीं, बल्कि सैनिकों के सम्मान और उनके अधिकारों का केंद्र है. उन्होंने कहा कि यहां प्रशासनिक, सामाजिक और सहायता सेवाएं एक ही स्थान पर मिलने से सैनिकों और उनके परिवारों को बार-बार भटकना नहीं पड़ेगा. उन्होंने भरोसा दिलाया कि क्षेत्र के सैनिकों की हर समस्या का समाधान प्राथमिकता से किया जाएगा और इस परिसर को प्रभावी तरीके से संचालित किया जाएगा.

16 हजार पूर्व सैनिकों को मिलेगा लाभ: भाजपा नेता जितेंद्र सिंह ने कहा कि इस परिसर का सीधा लाभ कुचामन, नावां, मकराना, डीडवाना, परबतसर और लाडनूं क्षेत्र के करीब 16,000 पूर्व सैनिकों और 4,000 वीर नारियों को मिलेगा. उन्होंने कहा कि यह परिसर न केवल सुविधाओं का केंद्र बनेगा, बल्कि सैनिकों के आत्मसम्मान और गौरव का प्रतीक भी होगा. इस मौके पर मंत्री राठौड़ ने वीर जवानों और युद्ध वीरांगनाओं का शॉल ओढ़ाकर सम्मान किया.