मिडिल ईस्ट में फंसे झारखंड के लोग हैं सुरक्षित, मदद के लिए इन नंबरों पर करें संपर्क
मिडिल ईस्ट में झारखंड के प्रवासी फंसे हुए हैं. राहत ये है कि वो सभी सुरक्षित है.

Published : March 2, 2026 at 1:54 PM IST
रिपोर्ट- राजेश कुमार सिंह.
रांचीः अमेरिका और इजराइल के ईरान पर हमले के बाद पूरे मिडिल ईस्ट में जंग जैसे हालात बने हुए हैं. ईरान भी लगातार जवाबी कार्रवाई कर रहा है. इजराइल पर हमले के साथ साथ ईरान ने मिडिल ईस्ट में अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया है. खासकर कुवैत, बहरीन, जार्डन, दुबई और ओमान में मिसाइल से हमले हुए हैं. इसकी वजह से मिडिल ईस्ट का एयरस्पेस बंद कर दिया गया है. इसका खामियाजा इन देशों में गये लोग झेल रहे हैं. अब सवाल है कि मिडिल ईस्ट के अलग-अलग शहरों में फंसे झारखंड के लोग किस हाल में हैं.
प्रवासी नियंत्रण कक्ष की क्या है तैयारी
झारखंड से भी बड़ी संख्या में लोग नौकरी, घूमने और मजदूरी के लिए यूएई के दुबई और ओमान जैसे देशों में जाते हैं. उनकी खोज खबर लेने और वापसी कराने के लिए झारखंड का श्रम विभाग क्या कर रहा है. इस सवाल की पड़ताल करने के लिए ईटीवी भारत की टीम ने नेपाल हाऊस स्थित झारखंड सचिवालय में बने प्रवासी श्रमिक नियंत्रण कक्ष से संपर्क किया तो राहत देने वाली बात सामने आई.
मिडिल ईस्ट में फंसे झारखंडी हैं सुरक्षित
प्रवासी श्रमिक नियंत्रण कक्ष की हेड शिखा ने ईटीवी भारत के साथ एक्सक्लूसिव बातचीत की. उन्होंने बताया कि कंट्रोल रुम पूरी तरह से तैयार है. युद्ध छिड़ने के बाद से अभी तक कंट्रोल रुम से किसी ने भी संपर्क नहीं किया है. लेकिन कंट्रोल रुम अपने रिकॉर्ड के हिसाब से ईरान समेत अन्य जगहों में फंसे झारखंड के लोगों से संपर्क कर रहा है. उन्होंने बताया कि ईरान और दुबई में कई लोगों से बात हुई है. फिलहाल, झारखंड के लोग वहां सुरक्षित हैं. उनकी जानकारी संबंधित परिवारों को भी दी जा रही है.

विदेश मंत्रालय का प्रोटोकॉल फॉलो करने की सलाह
शिखा ने बताया कि इस मामले में विदेश मंत्रालय की भूमिका अहम हो जाती है. विदेश मंत्रालय ने संबंधित देशों में फंसे भारतीयों के लिए प्रोटेकॉल जारी कर रखा है. उसी को फॉलो करने की सलाह दी जा रही है. उन्होंने कहा कि मिडिल ईस्ट में झारखंड के लोगों के के साथ कोई भी अप्रिय घटना घटती है तो श्रम विभाग और सीएम ऑफिस के गाइडलाइन के हिसाब से आगे की कार्रवाई की जाएगी.
मदद के लिए इन नंबरों पर करें संपर्क
कंट्रोल रुम ने भी टॉल फ्री नंबर 1800-3456-526 जारी कर रखा है. इसके अलावा लैंडलाइन नंबर 0651-2480058, 0651-2480083, 0651-2481037, 0651-2481055, 0651-2481188 और 0651-2482052 के अलावा व्हाट्सएप नंबर 9470132591, 9431336427, 9431336398, 9431336472 और 9431336432 भी जारी कर रखा है. आपात स्थिति में इन नंबरों पर संपर्क किया जा सकता है.
बता दें कि झारखंड के गिरिडीह, हजारीबाग और कोडरमा जिलों से बड़ी संख्या में प्रवासी मजदूर मिडिल ईस्ट के देशों में काम करने जाते हैं. वहां किसी तरह की दिक्कत होने पर परिजनों और समाजसेवियों से संपर्क करते हैं. जरूरत पड़ने पर प्रवासी श्रमिक नियंत्रण कक्ष से भी संपर्क करते हैं. दरअसल, कोविड काल में नियंत्रण कक्ष की स्थापना की गई थी. इस कंट्रोल रुम की बदौलत बड़ी संख्या में प्रवासी मजदूरों तक मदद पहुंचायी गई थी. फिलहाल मिडिल ईस्ट में उपजे हालात को देखते हुए कंट्रोल रुम पूरी तरह सक्रिय है.
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